{"_id":"5c6b3f6bbdec224df422e541","slug":"high-court-refuses-to-set-aside-transit-remand-against-manipur-student-activist","type":"story","status":"publish","title_hn":"ट्रांजिट रिमांड के खिलाफ मणिपुरी छात्र की याचिका खारिज, गिरफ्तारी व रिमांड को दी थी चुनौती","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
ट्रांजिट रिमांड के खिलाफ मणिपुरी छात्र की याचिका खारिज, गिरफ्तारी व रिमांड को दी थी चुनौती
Tue, 19 Feb 2019 04:57 AM IST
तिवारी अभिषेक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: तिवारी अभिषेक
Updated Tue, 19 Feb 2019 04:57 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हाईकोर्ट ने मणिपुरी छात्र की उस याचिका को खारिज कर दिया है जिसमें उसने अपनी गिरफ्तारी व ट्रांजिट रिमांड दिये जाने को चुनौती दी थी। नागरिकता संशोधन विधेयक के खिलाफ फेसबुक पर पोस्ट लिखने के लिये उस पर देशद्रोह का मुकदमा मणिपुर पुलिस ने दर्ज किया था। इस छात्र की गिरफ्तारी शनिवार को दिल्ली से मणिपुर पुलिस ने गिरफ्तार कर 19 फरवरी तक ट्रांजिट रिमांड लिया था।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति सुनील गौड़ ने निचली अदालत के आदेश के खिलाफ वीवोन थोकचोम की याचिका सोमवार को खारिज कर दी। थोकचोम ने अपने भाई के जरिये याचिका दायर कर निचली अदालत के फैसले को चुनौती दी थी। इस याचिका में कहा गया था कि यह रिमांड बिना सोचे समझे दिया गया था।
विज्ञापन
दूसरी ओर मणिपुर पुलिस के वकील ने कहा कि पीठ के समक्ष याची के वकील ने गलत तथ्य पेश किये हैं। याची को देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार किया गया है और उसे 19 फरवरी को मणिपुर की कोर्ट के समक्ष पेश किया जायेगा। याचिका पर सुनवाई करते हुये दिन में न्यायमूर्ति मुक्ता गुप्ता ने तकनीकी कारणों से अन्य पीठ के समक्ष सुनवाई के लिये भेज दिया था।
विज्ञापन
याची ने दिल्ली पुलिस व मणिपुर पुलिस को याचिका में पक्षकार बनाते हुये अपनी गिरफ्तारी व रिमांड को अवैध बताया था। याची का कहना था कि उसके खिलाफ कोई मामला नहीं बनता। अगर इस मामले में वह दोषी साबित होता है तो उसे उम्रकैद तक की सजा हो सकती है।