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चर्च में जबरन अपराध कबूलने की प्रथा के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई तीन सप्ताह के लिए स्थगित
Sat, 09 Jan 2021 04:01 AM IST
Kuldeep Singh
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: Kuldeep Singh
Updated Sat, 09 Jan 2021 04:01 AM IST
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सर्वोच्च न्यायालय
- फोटो : पीटीआई
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सुप्रीम कोर्ट ने चर्च में जबरन अपराध कबूलने की प्रथा के खिलाफ दाखिल याचिका पर सुनवाई तीन हफ्ते के लिए टाल दी। कोर्ट पांच महिलाओं की उस याचिका पर सुनवाई कर रहा था जिसमें इस अनिवार्य प्रथा को संविधान के अनुच्छेद 25 के तहत मिले धार्मिक स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार का उल्लंघन बताया गया है।
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सीजेआई एसए बोबडे, जस्टिस एसए बोपन्ना और जस्टिस वी सुब्रमण्यन की पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी द्वारा और समय मांगने पर सुनवाई स्थगित कर दी।
रोहतगी ने कहा, इस मामले में कुछ महत्वपूर्ण सांविधानिक मुद्दे शामिल हैं, जैसे कि कबूलनामा आवश्यक धार्मिक प्रथा है। पीठ ने याचिकाकर्ता को अर्जी में जरूरी संशोधन के बाद इसे तीन हफ्ते के भीतर दाखिल करने को कहा है। कोर्ट ने दिसंबर में ऐसे ही एक अलग याचिका पर केंद्र और केरल सरकार से जवाब मांगा था।
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