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UCC: उत्तराखंड में जुलाई में ही लागू हो सकता है समान नागरिक संहिता, आशंकाओं को दूर करने में जुटा भाजपा आलाकमान

Fri, 30 Jun 2023 11:24 AM IST
जलज मिश्रा हिमांशु मिश्र, अमर उजाला
हिमांशु मिश्र, अमर उजाला Published by: जलज मिश्रा Updated Fri, 30 Jun 2023 11:24 AM IST
सार

सरकार और भाजपा की कोशिश है कि समान नागरिक संहिता मामले में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) की तरह आंदोलन न हो। तब विरोध और आशंकाओं का जवाब देने में हुई देरी के कारण देशभर में आंदोलन हुए थे। विरोध आंदोलनों से बचने के लिए पार्टी व सरकार किसी भी आशंका का त्वरित जवाब देगी।

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Government planning to implement Uniform civil code in uttarakhand by Mid july
Uniform Civil Code - फोटो : Istock

विस्तार

उत्तराखंड जुलाई के मध्य में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने वाला गोवा के बाद देश का दूसरा राज्य बन सकता है। राज्य सरकार इसके लिए जुलाई में ही विधानसभा में जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई समिति के अंतिम मसौदे को मंजूरी दिला सकती है। वहीं, यूसीसी से जुड़ी भ्रांतियों और विरोध का जवाब देने के लिए भाजपा ने व्यापक व्यूह रचना की है। इसके तहत पार्टी के कार्यकर्ता देशव्यापी अभियान चला कर इससे जुड़ी आशंकाएं दूर करेंगे।

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भाजपा सूत्रों ने बताया, पुष्कर सिंह धामी सरकार जुलाई के दूसरे सप्ताह में विधानसभा का सत्र बुला सकती है। चूंकि, पार्टी देशभर में यूसीसी को लागू करने की तैयारी में है, इसलिए जस्टिस देसाई समिति के मसौदे को ही देशव्यापी मॉडल ड्राफ्ट के रूप में स्वीकार किया जाएगा। यूसीसी को केंद्रीय स्तर पर लागू करने में देर न हो, इसलिए उत्तराखंड में इस प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा किए जाने की कोशिश की जा रही है। दरअसल, बुधवार देर रात प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गृह मंत्री अमित, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और संगठन महासचिव बीएल संतोष के साथ मैराथन बैठक की थी। पार्टी सूत्रों के अनुसार, इसी बैठक में यूसीसी को देशभर में लागू करने और इससे जुड़ी आलोचनाओं का जवाब देने की रणनीति बनाई गई।

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अभी कयास की जरूरत नहीं
केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल का कहना है कि समान नागरिक संहिता पर अभी मुझे कुछ नहीं कहना। कयास लगाने की जरूरत नहीं है, क्योंकि विधि आयोग ने सुझाव मांगे हैं और इसके लिए एक महीने का वक्त दिया है। आयोग ने जो समय दिया है, वह 13 जुलाई तक है। लोगों को उस दिन तक इंतजार करना चाहिए। 

छह जुलाई से मुख्यमंत्रियों के साथ बैठक
भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष नड्डा और गृह मंत्री शाह आगामी लोकसभा चुनाव की पुख्ता तैयारी के लिए छह, सात और आठ जुलाई को अपने मुख्यमंत्रियों, प्रदेश अध्यक्षों, सांसदों व विधायकों के साथ बैठक करेंगे। बैठकों में यूसीसी पर भी चर्चा होगी। कार्मिक, जन शिकायत और विधि व न्याय से संबंधित संसदीय समिति ने यूसीसी पर 3 जुलाई को बैठक बुलाई है। इसमें पक्षकारों के विचार सुने जाएंगे। सुशील मोदी समिति के अध्यक्ष हैं।

सीएए की तरह आंदोलन न हो इसके लिए देशव्यापी तैयारी
सरकार और भाजपा की कोशिश है कि समान नागरिक संहिता मामले में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) की तरह आंदोलन न हो। तब विरोध और आशंकाओं का जवाब देने में हुई देरी के कारण देशभर में आंदोलन हुए थे। विरोध और आंदोलनों से बचने के लिए पार्टी व सरकार किसी भी आशंका का त्वरित जवाब देगी। राज्यों में विरोध और असहमति के मामलों से तत्काल निपटा जाएगा।

सिखों और आदिवासी वर्ग की चिंता दूर करेगी सरकार
समान नागरिक संहिता का कुछ मुस्लिम संगठनों के साथ आदिवासी संगठनों व अकाली दल ने भी विरोध किया है। सरकार के सूत्र कहते हैं कि यूसीसी पर सिखों और मूल आदिवासियों को बरगलाने की कोशिश हो रही है। इससे सिखों और मूल आदिवासियों के परंपराओं में किसी तरह का हस्तक्षेप नहीं होगा।

 

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