जयललिता मामले में हाइकोर्ट ने खारिज की याचिका, लगाया एक लाख का जुर्माना
तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे जयललिता की मौत के बाद उनकी संपति को राज्य सरकार द्वारा अपने कब्जे में लेने की मांग करने वाली याचिका को खारिज करते हुए हैदराबाद हाइकोर्ट ने याचिकाकर्ता पर एक लाख रुपये का जुर्माना लगा दिया है।
एनडीटीवी की खबर के अनुसार एक एनजीओ की ओर से यह याचिका दायर की गई थी। जिसे खारिज करते हुए कोर्ट ने काफी सख्त टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा यह पब्लिक इंटरेस्ट पिटिशन (PIL) नहीं पब्लिसिटी इंटरेस्ट पिटिशन है।
कोर्ट ने राज्य सरकार को निर्देश देते हुए कहा कि एनजीओ पर लगाए गए जुर्माने को चार हफ्ते के अंदर वसूल किया जाए। बता दें कि गरीब इंटरनेशनल सोसायटी की ओर से कुछ दिन पहले यह याचिका दायर की गई थी जिस पर आज सुबह सुनवाई हुई।
बता दें कि देश की ताकतवर नेताओं में से एक 68 वर्षीय जयललिता की बीते 5 दिसंबर को चेन्नई के अपोलो अस्पताल में लंबी बीमारी के बाद मौत हो गई थी।
इससे पहले चेन्नई की एक कोर्ट भी जयललिता के इलाज के दौरान के मेडिकल सर्टिफिकेट को सावर्जनिक करने संबंधी याचिका को खारिज कर चुकी है।