{"_id":"60edf7c78ebc3e726e7e0353","slug":"g-kishan-reddy-chairs-the-meeting-of-brics-tourism-ministers","type":"story","status":"publish","title_hn":"ब्रिक्स समूह: जी किशन रेड्डी ने पर्यटन मंत्रियों की बैठक की अध्यक्षता की, ‘मिनिस्टर कम्यूनिक’ चर्चा का अहम पहलू","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
ब्रिक्स समूह: जी किशन रेड्डी ने पर्यटन मंत्रियों की बैठक की अध्यक्षता की, ‘मिनिस्टर कम्यूनिक’ चर्चा का अहम पहलू
Wed, 14 Jul 2021 01:59 AM IST
Jeet Kumar
पीटीआई, दिल्ली
पीटीआई, दिल्ली
Published by: Jeet Kumar
Updated Wed, 14 Jul 2021 01:59 AM IST
सार
रेड्डी ने कहा कि ब्रिक्स सदस्य देशों के लिए यह महत्वपूर्ण है कि वे एक-दूसरे के पर्यटन उत्पादों और पेशकशों की अच्छी समझ रखें ताकि ब्रिक्स सदस्य देशों के बीच पर्यटकों की संख्या को और बढ़ाया जा सके।
विज्ञापन
G Kishan Reddy
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केंद्रीय मंत्री जी किशन रेड्डी ने ब्रिक्स समूह की भारत की अध्यक्षता के तहत मंगलवार को ब्रिक्स देशों के पर्यटन मंत्रियों की बैठक की अध्यक्षता की और कहा कि सदस्य देशों के लिए एक-दूसरे के पर्यटन उत्पादों को समझना अहम है।
विज्ञापन
एक सरकारी बयान में बताया गया है कि बैठक में ब्रिक्स के सभी देशों - ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका के मंत्रियों ने हिस्सा लिया। उसमें बताया गया है कि भारत ने सदस्य देशों के बीच पर्यटन सहयोग को बढ़ावा देने के प्रभावी साधन के रूप में ब्रिक्स पर्यटन मंत्रियों की बैठक का आयोजन किया।
विज्ञापन
बैठक में अंतर-ब्रिक्स पर्यटन सहयोग की समीक्षा की गई। बैठक का एक अहम पहलू ‘मिनिस्टर कम्यूनिक’ को अपनाना था जो ब्रिक्स देशों के बीच सहयोग और पर्यटन को बढ़ावा देने पर परिणामी दस्तावेज है।
विज्ञापन
‘मिनिस्टर कम्यूनिक’ में यह स्वीकार किया गया है कि कोविड-19 महामारी ने जन स्वास्थ्य को गंभीर रूप से खतरे में डाल दिया है और सतत विकास के लक्ष्यों के कार्यान्वयन के लिए भारी चुनौतियां पेश की हैं।
रेड्डी ने कहा कि ब्रिक्स सदस्य देशों के लिए यह महत्वपूर्ण है कि वे एक-दूसरे के पर्यटन उत्पादों और पेशकशों की अच्छी समझ रखें ताकि ब्रिक्स सदस्य देशों के बीच पर्यटकों की संख्या को और बढ़ाया जा सके।
उन्होंने कहा कि ब्रिक्स देशों में साझा पर्यटन उत्पाद विरासत, संस्कृति, पर्यटन, प्रकृति, वन्य जीवन, पर्यावरण पर्यटन हैं जो अधिक सहयोग और सूचनाओं के आदान-प्रदान का मौका प्रस्तुत करते हैं।