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खदान घोटाले में कर्नाटक के पूर्व CM की जमानत याचिका खारिज, जेल ही रहेगा ठिकाना
amarujala.com- Presented by: श्रवण शुक्ला
Updated Tue, 13 Jun 2017 07:25 PM IST
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कुमारस्वामी की बेल याचिका खारिज
- फोटो : amar ujala
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और जनता दल(सेकुलर) के राज्य प्रमुख एच डी कुमारस्वामी को खदान मामले में जेल को ही अपना ठिकाना बनाना पड़ेगा। उन्हें अदालत ने जमानत देने से मना कर दिया है। उनपर जनथाकल खदान मामले में घोटाले का आरोप है। इससे पहले मई माह में इस मामले में उन्हें जेल से 7 दिनों की अंतरिम बेल मिल गई थी, पर इस बार ऐसा नहीं हुआ।
एचडी कुमारस्वामी पर मुख्यमंत्री रहते हुए पद के दुरुपयोग का आरोप है। इस मामले में लोकायुक्त की विशेष जांच टीम शीर्ष आईएएस अधिकारियों में गिने जाने वाले गंगा राम बदेरिया को मई में गिरफ्तार कर चुकी है। कोर्ट ने कुमारस्वामी को मई में बेल देते समय 5 लाख का बांड और 2 गारंटरों की जानकारी देने पर ही रिहाई का आदेश दिया था, जिसमें उन्हें केस से जुड़े अधिकारियों से दूर रहने के साथ ही बिना अनुमति के देश छोड़ने से भी मना किया गया था।
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एच डी कुमारस्वामी पर आरोप हैं कि उन्होंने साल 2007 में मुख्यमंत्री रहते हुए शक्तियों का दुरुपयोग किया था। वो भ्रष्टाचार में शामिल रहे थे और अवैध तरीके से जनथाकल खनन कंपनी को खदान से लौह अयस्क निकाले की अनुमति दी थी।
कुमारस्वामी के साथ उनकी पत्नी अनीता भी मामले में आरोपी हैं। वो उस समय जनता दल(सेकुलर) की विधायक थी। इन दोनों पर आरोप है कि इन्होंने जनथाकल खनन कंपनी को लोहे की खदान के 1 लाख टन लौह अयस्क निकालने की अनुमति दी थी। इस मामले में कर्नाटक लोकायुक्त ने साल 2008 में 23 करोड़ के घोटाले का मामला दर्ज किया था।
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एचडी कुमारस्वामी पर मुख्यमंत्री रहते हुए पद के दुरुपयोग का आरोप है। इस मामले में लोकायुक्त की विशेष जांच टीम शीर्ष आईएएस अधिकारियों में गिने जाने वाले गंगा राम बदेरिया को मई में गिरफ्तार कर चुकी है। कोर्ट ने कुमारस्वामी को मई में बेल देते समय 5 लाख का बांड और 2 गारंटरों की जानकारी देने पर ही रिहाई का आदेश दिया था, जिसमें उन्हें केस से जुड़े अधिकारियों से दूर रहने के साथ ही बिना अनुमति के देश छोड़ने से भी मना किया गया था।
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Bengaluru: SIT Court rejects further extension of anticipatory bail to former CM of Karnataka H. D. Kumaraswamy (File pic) pic.twitter.com/tO6l2NfSxq
— ANI (@ANI_news) 13 June 2017
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एच डी कुमारस्वामी पर आरोप हैं कि उन्होंने साल 2007 में मुख्यमंत्री रहते हुए शक्तियों का दुरुपयोग किया था। वो भ्रष्टाचार में शामिल रहे थे और अवैध तरीके से जनथाकल खनन कंपनी को खदान से लौह अयस्क निकाले की अनुमति दी थी।
कुमारस्वामी के साथ उनकी पत्नी अनीता भी मामले में आरोपी हैं। वो उस समय जनता दल(सेकुलर) की विधायक थी। इन दोनों पर आरोप है कि इन्होंने जनथाकल खनन कंपनी को लोहे की खदान के 1 लाख टन लौह अयस्क निकालने की अनुमति दी थी। इस मामले में कर्नाटक लोकायुक्त ने साल 2008 में 23 करोड़ के घोटाले का मामला दर्ज किया था।