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शरद यादव और अली अनवर को लगा झटका, राज्यसभा की सदस्यता खत्म
टीम डिजिटल अमर उजाला
Updated Tue, 05 Dec 2017 06:05 AM IST
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जदयू के बागी नेता शरद यादव और अली अनवर की राज्यसभा सदस्यता रद्द कर दी गई है। राज्यसभा सचिवालय ने सोमवार रात यह जानकारी दी। नीतीश कुमार के गुट ने उपराष्ट्रपति से इन दोनों नेताओं की सदस्यता खत्म करने की अपील की थी।
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सदस्यता रद्द होने पर अली अनवर ने कहा कि उन्हें इसकी जानकारी उस वक्त मिली जब वे राजकोट में एक मीटिंग में शामिल थे। उन्होंने कहा कि वे शरद यादव से बात करेंगे और फैसला साथ ही लिया जाएगा।
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I received the information while I was addressing a meeting here in Rajkot.I will speak to Sharad Yadav ji and we will take a decision together. We will appeal at all those places where there is possibility for us to get justice: Ali Anwar pic.twitter.com/FHdCGidtEF
विज्ञापन विज्ञापन— ANI (@ANI) December 4, 2017
उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू के इस फैसले से शरद यादव को तगड़ा झटका लगा है। शरद और अली अनवर ने बिहार में भाजपा के साथ मिलकर सरकार बनाने के नीतीश के फैसले का विरोध किया था और पार्टी से बगावत कर दी थी। इसके बाद जदयू ने अगस्त में शरद को राज्यसभा में पार्टी नेता के पद से हटा दिया था।
नीतीश गुट ने राज्यसभा सचिवालय से शरद और अली अनवर की सदस्यता खत्म करने की अपील की थी। इस पर फैसला सुरक्षित था जो अब आया है। इससे पहले चुनाव आयोग से भी शरद को झटका लगा था। आयोग ने पार्टी के चुनाव चिन्ह तीर पर नीतीश गुट के दावे को सही ठहराया था।
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राज्यसभा सचिवालय के इस फैसले से 15 दिसंबर से शुरू हो रहे संसद सत्र में हंगामा होने के आसार बढ़ गए हैं। विपक्ष इसे मुद्दा बनाकर सरकार को घेरने की कोशिश करेगा। जदयू ने इस फैसले का स्वागत किया है। पार्टी ने कहा कि इससे संविधान की 10वीं अनुसूची और राजनीतिक शुचिता की रक्षा हुई है। वहीं अली अनवर ने कहा कि इस फैसले का उन पर कोई असर नहीं पड़ेगा।