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Big News: देश में पहली बार छह माह में 83 लाख मोतियाबिंद के ऑपरेशन, एनआईए ने सात ठिकानों पर मारा छापा

Fri, 09 Jun 2023 06:51 AM IST
वीरेंद्र शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: वीरेंद्र शर्मा Updated Fri, 09 Jun 2023 06:51 AM IST
सार

कोरोना महामारी के चलते साल 2020 और 2021 में करीब 1.25 करोड़ ऑपरेशन टालने पड़े जिसके चलते पुराने और नए रोगियों की संख्या काफी बढ़ने लगी। 

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For the first time in the country a record 83 lakh cataract operations have been performed in six months
मोतियाबिंद ऑपरेशन (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

देश में पहली बार छह महीने में रिकाॅर्ड 83 लाख मोतियाबिंद के ऑपरेशन हुए हैं। यह संख्या इसलिए भी ज्यादा है, क्योंकि अभी तक देश में सालाना 60 से 65 लाख मोतियाबिंद ऑपरेशन हुए हैं।
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हालांकि, कोरोना महामारी के चलते साल 2020 और 2021 में करीब 1.25 करोड़ ऑपरेशन टालने पड़े जिसके चलते पुराने और नए रोगियों की संख्या काफी बढ़ने लगी। बृहस्पतिवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि इस साल 17 से 31 जनवरी के बीच राज्यों के साथ मिलकर मिशन मोड कैटरैक्ट सर्जरी अभियान चला गया। इस दौरान 75 लाख ऑपरेशन का लक्ष्य रखा गया, लेकिन अब तक यह संख्या 83 लाख तक पहुंच गई है।
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अब एप के बिना भी मिलेगा डिजि यात्रा सेवा का लाभ
मोबाइल में डिजि-यात्रा एप के बिना भी यात्री इस सुविधा का लाभ इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डा पर ले सकेंगे। इसके लिए टर्मिनल-3 पर नई पहल की गई है। दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट लि. (डायल) के सीईओ विदेह कुमार जयपुरियार ने बताया कि नई प्रक्रिया में यात्री बोर्डिंग पास व चेहरा स्कैन करेंगे और पहचान का दस्तावेज पंजीकरण डेस्क के पास तैनात सुरक्षा अधिकारी को देंगे। इस तरह पंजीकरण होगा, जिसके बाद यात्री टर्मिनल के भीतर बढ़ सकेंगे।
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बचेगा समय 
एयरपोर्ट में प्रवेश से बोर्डिंग गेट तक पहुंचने में 15 से 25 मिनट बचेगा। टर्मिनल-3 और टर्मिनल-2 के सभी द्वार पर यह सुविधा मिल रही है।

उपेन्द्र सिंह रावत युगांडा में भारत के नए उच्चायुक्त नियुक्त
भारतीय विदेश सेवा के अधिकारी उपेन्द्र सिंह रावत को युगांडा में भारत का अगला उच्चायुक्त नियुक्त किया गया है। विदेश मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी। रावत भारतीय विदेश सेवा के वर्ष 1998 बैच के अधिकारी हैं और वर्तमान में पानामा में भारत के राजदूत हैं। मंत्रालय ने कहा कि उपेन्द्र जल्द ही अपना पदभार संभाल सकते हैं। 

एनआईए ने झारखंड, बिहार में सात ठिकानों पर मारा छापा
राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने करीब पांच साल पहले माओवादियों द्वारा नृशंस हत्या के मामले में झारखंड और बिहार के सात स्थानों पर एक साथ छापा मारा। माओवादियों ने 2 नवंबर, 2018 की रात को मुखबिरी के आरोप में जन अदालत लगाकर नरेश सिंह भोक्ता की हत्या कर दी थी। एनआईए के एक प्रवक्ता ने बृहस्पतिवार को कहा कि जांच एजेंसी द्वारा पिछले साल दर्ज किए गए हत्या के मामले में बिहार के गया और औरंगाबाद जिलों और झारखंड के पलामू जिले में आरोपियों और संदिग्धों के परिसरों पर छापे मारे गए। इनमें माओवादियों के पांच गिरफ्तार कमांडरों और दो माओवादी समर्थकों के आवासीय परिसर शामिल हैं।

आर्यन खान को क्लीन चिट देना एसआईटी का मकसद : वानखेड़े
स्वापक नियंत्रण ब्यूरो (एनसीबी) के मुंबई जोन के पूर्व निदेशक समीर वानखेड़े ने बृहस्पतिवार को बॉम्बे हाईकोर्ट में कहा कि अभिनेता शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान को ‘क्लीन चिट’ देना और सबूतों को दबाना एनसीबी की एसईटी का अंतिम मकसद था। कोर्ट ने सीबीआई की ओर से दर्ज रिश्वत और उगाही के मामले में वानखेडे की गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक की अवधि बृहस्पतिवार को 23 जून तक के लिए बढ़ा दी। 

सावरकर को पाठ्यक्रम में शामिल करने का स्वागत
दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के राजनीतिक विज्ञान पाठ्यक्रम में विनायक दामोदर सावरकर के पाठ को शामिल करने का नेशनल डेमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट ने स्वागत किया है।


उन्होंने इकबाल के दर्शन को हटाने के अकादमिक परिषद के फैसले को सही बताया है। फ्रंट ने बयान जारी करते हुए कहा कि अकादमिक परिषद की बैठक में 123 प्रमुख पूर्व राजनयिक, न्यायाधीश सहित 1700 के करीब शिक्षाविदों, प्रोफेसर और शिक्षकों ने हस्ताक्षर कर सावरकर को पाठ्यक्रम में शामिल होने पर सहमति जताई है। इनमें प्रमुख रूप से पूर्व विदेश सचिव शशांक सहित उच्च न्यायालय के पूर्व जज एसएन  ढींगरा, एमसी गर्ग, आरएस राठौर, पूर्व राजनयिक निरंजन देसाई, योगेश गुप्ता समेत जेपी सपरा समेत कई अन्य सभ्रांत लोग शामिल रहे। उन्होंने कहा कि इतिहास में सत्य और तथ्य होने चाहिए, लेकिन पूर्व की सरकारों ने मनमानी व्याख्या और तथ्यों को पक्षपात पूर्ण तरीके से प्रस्तुत किया। 
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