फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Fadnavis says BJP leadership to decide on Khadse's reinduction after Ganesh festival

Maharashtra: 'गणेश उत्सव के बाद पार्टी का केंद्रीय नेतृत्व खडसे की वापसी पर करेगा फैसला', डिप्टी सीएम फडणवीस

Sat, 14 Sep 2024 02:08 PM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई Published by: काव्या मिश्रा Updated Sat, 14 Sep 2024 02:08 PM IST
सार

उपमुख्यमंत्री फडणवीस ने यह भी कहा कि कच्चे और रिफाइंड सूरजमुखी और सोयाबीन तेलों पर सीमा शुल्क बढ़ाने के केंद्र के फैसले से किसानों को काफी फायदा होगा।

विज्ञापन
Fadnavis says BJP leadership to decide on Khadse's reinduction after Ganesh festival
देवेंद्र फडणवीस - फोटो : एएनआई

विस्तार

एकनाथ खडसे ने 2020 में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का साथ छोड़ दिया था। बाद में, शरद पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी (एसपी) में शामिल हो गए थे। अब उनके वापस पुरानी पार्टी में शामिल होने पर अटकलें लगाई जा रही हैं। इस पर महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को कहा कि गणेश उत्सव के बाद पार्टी का केंद्रीय नेतृत्व खडसे को भाजपा में वापस शामिल करने पर फैसला करेगा। 

विज्ञापन


पार्टी नेतृत्व के साथ होगी बातचीत
फडणवीस ने यह भी कहा कि कच्चे और रिफाइंड सूरजमुखी और सोयाबीन तेलों पर सीमा शुल्क बढ़ाने के केंद्र के फैसले से किसानों को काफी फायदा होगा। खडसे की भाजपा में संभावित वापसी पर फडणवीस ने कहा, 'भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व जो भी फैसला लेगा उसे स्वीकार किया जाएगा। हम पार्टी नेतृत्व के साथ बातचीत करेंगे और चल रहे गणेश उत्सव के बाद निर्णय लिया जाएगा।'
विज्ञापन


उत्सव में ये नेता हुए शामिल 
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल और भूपेंद्र यादव महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस के आवास 'सागर' में गणेश उत्सव में शामिल हुए।
विज्ञापन
विज्ञापन

 

यह है पूरा मामला
शरद पवार वाली एनसीपी (एसपी) के नेता एकनाथ खडसे को लेकर लगातार अटकलें लगाई जा रही हैं कि वह वापस भाजपा में लौट सकते हैं। इसके पीछे का कारण यह भी है कि इस साल अप्रैल में लोकसभा चुनाव से पहले, खडसे ने भाजपा में फिर से शामिल होने की योजना की घोषणा की थी और यहां तक कि अपनी बहू रक्षा खडसे के लिए प्रचार भी किया था, जो भाजपा नेता हैं और रावेर लोकसभा क्षेत्र से तीसरी बार फिर से नामांकित हुई थीं और चुनाव जीती थीं। रक्षा को बाद में केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया था।

खडसे की बेटी रोहिणी एनसीपी में हैं और पार्टी की महिला विंग की प्रमुख हैं। माना जाता है कि वे जलगांव में मुक्ताईनगर विधानसभा सीट से टिकट की आकांक्षी हैं, जिसका खडसे ने भाजपा के लिए छह बार प्रतिनिधित्व किया है।

हालांकि, अब इस सप्ताह की शुरुआत में खडसे ने दावा किया था कि पुरानी पार्टी में उनकी वापसी अब बंद विकल्प है। वर्तमान में महाराष्ट्र विधान परिषद (एमएलसी) के सदस्य खडसे ने कहा था, 'मैं कब तक इंतजार करूंगा? पांच महीने तक, राज्य के भाजपा नेताओं ने मुझे अपमानित किया. पार्टी के केंद्रीय नेताओं की उत्सुकता के बावजूद मुझे पार्टी में शामिल नहीं किया गया। मैं कितना अपमान सहूंगा?'

उन्होंने यह भी कहा था कि वे अब आगामी राज्य चुनाव में एनसीपी (शरद चंद्र पवार) के लिए प्रचार करेंगे क्योंकि उन्होंने पार्टी की सदस्यता नहीं छोड़ी है और क्योंकि वे और अपमान नहीं सह सकते हैं। 

प्याज के मुद्दे पर संकट पैदा हुआ था: डिप्टी सीएम
नागपुर में पत्रकारों से बातचीत में फडणवीस ने कच्चे और रिफाइंड सूरजमुखी और सोयाबीन तेलों पर मूल सीमा शुल्क में बढ़ोतरी का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि किसानों को उनकी उपज का अच्छा मूल्य मिले, इसके लिए मोदी सरकार ने बहुत महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं। इन कदमों से किसानों को काफी फायदा होगा।




उन्होंने कहा, 'इससे पहले प्याज के मुद्दे पर संकट पैदा हुआ था, लेकिन प्याज पर निर्यात शुल्क को कम करने का सरकार का फैसला इस फसल के उत्पादकों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होगा। इन सभी फैसलों से सोयाबीन, प्याज और बासमती चावल किसानों को लाभ होगा और इससे अप्रत्यक्ष रूप से कपास उत्पादकों को भी लाभ होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed