दार्जिलिंग हिंसा: GJM मार्च के दौरान बोले गुरुंग, पुलिस ने रोका तो खड़ी करेंगे बड़ी मुश्किल
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दार्जिलिंग में लगातार सातवें दिन हिंसा और बवाल जारी है। इस बवाल में सुरक्षाबलों के साथ हिंसा में 3 प्रदर्शनकारियों के मारे जाने के बाद दार्जिलिंग में प्रदर्शनों का दौर तेज हो गया है। हालांकि दार्जिलिंग में कर्फ्यू जारी है, पर गोरखालैंड जनमुक्ति मोर्चा(जीजेएम) के अध्यक्ष बिमल गुरुंग लोगों को भड़काते और कर्फ्यू तोड़ने की अपील करते दिखे। इस दौरान उन्होंने कहा कि अगर पुलिस ने मार्च को रोकने की कोशिश की तो वो बड़ी मुश्किल खड़ी करेगें।
गोरखालैंड जनमुक्ति मोर्चा(जीजेएम) के अध्यक्ष बिमल गुरुंग ने रविवार की सुबह से ही लोगों से दार्जिलिंग के मशहूर चौक बाजार पहुंचने की अपील की थी, ताकि वो प्रदर्शन में शामिल हो सके। जबकि इस पूरे इलाके में कर्फ्यू लगाया गया है। गुरुंग की अपील पर सुबह 11.20 बजे से शांति मार्च शुरु हो गया। मार्च के लिए काफी संख्या में लोग चौक बाजार पहुंचे।
मार्च के दौरान गुरुंग ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के उन आरोपों को पूरी तरह से खारिज कर दिया, जिसमें ममता बनर्जी ने कहा था कि गुरुंग के संबंध नॉर्थ-ईस्ट में सक्रिय आतंकवादी संगठनों से हैं। गुरुंग ने ममता पर हमला बोलते हुए कहा कि वो गोरखालैंड के आंदोलन की राह भटकाने के लिए ऐसा बयान दे रही हैं।
Mamata Banerjee said we have a links with North East based terrorists group; it is wrong, she is trying to divert our movement: GJM Chief
— ANI (@ANI_news) 18 June 2017
गुरुंग ने प्रशासन को धमकाते हुए कहा है कि अगर पुलिस ने उन्हे रोकने की कोशिश की, तो वो बड़ी मुसीबत खड़ी कर सकते हैं। उनका इशारा हिंसा की तरफ भी हो सकता है।
We will continue our movement, if police tries to stop us, it will create trouble: Bimal Gurung, GJM Chief #DarjeelingUnrest pic.twitter.com/a5xPf1vTb7
— ANI (@ANI_news) 18 June 2017
गोरखालैंड जनमुक्ति मोर्चा(जीजेएम) ने ये दार्जिलिंग बंद होने के सातवें दिन ये विरोध प्रदर्शन शनिवार को अपने 3 कार्यकर्ताओं के मारे जाने के विरोध में बुलाया है। जीजेएम के 3 काडर शनिवार को पुलिस के साथ झड़प में मारे गए थे, जिसमें वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी गंभीर रूप से घायल हो गए थे।
केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि दार्जिलिंग के लोग हिंसा का सहारा न लें। उन्होंने कहा कि हिंसा से किसी का भी फायदा नहीं होगा।
I appeal to the people living in Darjeeling and nearby areas to remain calm and peaceful. Nobody should resort to violence: HM Rajnath Singh
— ANI (@ANI_news) 18 June 2017
इस बीच केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि उन्होंने ममता बनर्जी से दार्जिलिंग हिंसा पर बातचीत की है।
Spoke to West Bengal CM Mamata Banerjee this morning. She has apprised me of the situation prevailing in Darjeeling: HM Rajnath Singh
— ANI (@ANI_news) 18 June 2017
गौरतलब है कि गोरखालैंड की मांग को लेकर दार्जिलिंग में विरोध प्रदर्शन चल रहे हैं। विरोध प्रदर्शनों का ये नया दौर कुछ समय से बंगाली भाषा को लादे जाने के विरोध में हो रहा है। दरअसल, ममता बनर्जी की अगुवाई में पश्चिम बंगाल सरकार ने बंगाली को पश्चिम बंगाल के सभी स्कूलों के लिए अनिवार्य बना दिया था। जिसके बाद बंगाली लादे जाने के विरोध में गोरखालैंड के अर्ध-स्वायत्तशाषी इलाकों में हिंसा फैल गई। मौजूदा समय में दार्जिलिंग में सुरक्षा बलों के साथ ही आर्मी की भी तैनाती की गई है।