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पुलवामा के शोक में सीआरपीएफ इस बार नहीं मनाएगी होली
Tue, 19 Mar 2019 08:08 PM IST
तिवारी अभिषेक
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: तिवारी अभिषेक
Updated Tue, 19 Mar 2019 08:08 PM IST
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फाइल फोटो
पुलवामा आतंकी हमले के शोक के चलते केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) इस बार होली नहीं मनाएगी। तीन लाख से अधिक की संख्या वाले इस अर्धसैनिक बल ने पुलवामा के आतंकी हमले में शहीद हुए अपने साथियों को सम्मान देने के लिए यह कदम उठाया है। सीआरपीएफ मुख्यालय ने इस बाबत सभी बटालियनों को बाकायदा एक पत्र भेजकर सूचित किया है कि कहीं पर भी किसी तरह का होली समारोह आयोजित नहीं किया जाए।
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मंगलवार को सीआरपीएफ मुख्यालय की ओर से भेजे गए पत्र में लिखा है कि हमारे 40 बहादुर जवान, जो कि पुलवामा के आतंकी हमले में शहीद हो गए थे, के परिजनों के प्रति सम्मान व्यक्त करने के लिए यह फैसला लिया गया है। इससे पहले केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह भी कह चुके हैं कि वे इस बार होली नहीं मनाएंगे।
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बता दें कि पुलवामा हमले में शहीद हुए सीआरपीएफ जवानों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि प्रदान कर दी गई है। सीआरपीएफ के मुताबिक, इस राशि में केंद्र सरकार द्वारा बढ़ाई गई एक्स-ग्रेशिया राशि भी शामिल है। पहले एक्स-ग्रेशिया राशि 15 लाख रुपये थी, लेकिन केंद्र सरकार ने पहली जनवरी 2016 से यह राशि बढ़ाकर 35 लाख रुपये कर दी थी।
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सीआरपीएफ के 40 शहीदों के परिजनों को 1,01,50,000 से ज्यादा की राशि दी गई है। इसमें रिस्क फंड व सीडब्लूएफ फंड, जिसके तहत 21,50,000 रुपये दिए जाते हैं, भी शामिल है। 'भारत के वीर' फंड से हर शहीद के परिवार को 15,00,000 रुपये प्रदान किए गए हैं। एसबीआई पीएमएसपी कवर के तहत 30-30 लाख रुपये की राशि दी गई है। इसके अलावा संबंधित राज्यों की सरकारों द्वारा घोषित राशि भी शहीदों के परिजनों को मिलेगी।
परिजनों को लिब्रलाइज्ड पेंशन अवार्ड और डीए आजीवन मिलता रहेगा। यह राशि अंतिम मूल वेतन के बराबर होती है। कुछ राज्यों की सरकारों ने शहीदों के आश्रितों को सरकारी नौकरी भी ऑफर की है। साथ ही सीआरपीएफ भी उन्हें जॉब मुहैया करा रही है।