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बुलंदशहर गैंगरेप: कोर्ट में तथ्यों की जानकारी नहीं दे सकी सरकार, मांगी एक दिन की मोहलत

Thu, 11 Aug 2016 01:16 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, इलाहाबाद
ब्यूरो/ अमर उजाला, इलाहाबाद Updated Thu, 11 Aug 2016 01:16 AM IST
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Court seek police report in Bulandshahar gangrape case
इलाहाबाद उच्च न्यायालय - फोटो : PTI

बुलंदशहर रेप कांड पर प्रदेश सरकार बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट के समक्ष कोई तथ्यात्मक रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं कर पाई। सरकार की ओर से एक दिन की और मोहलत मांगी गई है। कोर्ट ने इसे मंजूर करते हुए कहा है कि पुलिस की जांच रिपोर्ट एसपी बुलंदशहर सीलबंद लिफाफे में प्रस्तुत करें।

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इसमें पकड़े गए अपराधियों की जानकारी के साथ उनकी सामाजिक और आपराधिक पृष्ठभूमि एवं राजनीतिक दलों से संबंध की जानकारी भी दी जाए। मुख्य न्यायमूर्ति दिलीप बी भोसले और न्यायमूर्ति यशवंत वर्मा की पीठ द्वारा स्वत: संज्ञान ली गई जनहित याचिका पर महाधिवक्ता विजय बहादुर सिंह ने सरकार का पक्ष रखा। उन्होंने दावा किया कि पुलिस ने इस केस को लगभग सुलझा लिया है।
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एक अभियुक्त की मेरठ से गिरफ्तारी हुई है, उससे काफी जानकारियां मिली हैं। अदालत ने इन जानकारियों को सार्वजनिक करने से रोकते हुए कहा है कि ये सभी बातें सीलबंद लिफाफे में बृहस्पतिवार को उनके समक्ष प्रस्तुत की जाए।
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महाधिवक्ता ने कहा कि पुलिस की सफलता से अब सीबीआई जांच की बहुत आवश्यकता नहीं रह गई है हालांकि सीबीआई जांच कराने में सरकार को कोई परेशानी नहीं है। खंडपीठ ने कहा कि वह सरकार द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट अन्य जानकारियां उपलब्ध होने के बाद इस मामले में उपयुक्त आदेश पारित करेंगे।

हाईवे पर और भी कई घटनाएं हुईं

Court seek police report in Bulandshahar gangrape case
gangrape - फोटो : demo

लखनऊ खंडपीठ में दाखिल याचिका भी इसी क्रम में मुख्य न्यायाधीश के समक्ष प्रस्तुत की गई। याचिका में बताया गया कि बुलंदशहर में हाईवे पर मां-बेटी से दुराचार की घटना इस प्रकार की पहली घटना नहीं है। इससे पूर्व 12 दिन पूर्व इसी स्थान पर एक शिक्षिका को चलती ऑटो से उतार कर दुराचार किया गया था।

13 जून 2016 को इसी स्थान पर डकैती की वारदात हुई थी। शिक्षिका से दुराचार की घटना की जानकारी स्थानीय लोगों द्वारा पुलिस को दी गई। मगर कुछ नहीं किया गया।

कोर्ट ने पिछले एक साल के दौरान हाईवे पर हुई आपराधिक घटनाओं का ब्यौरा प्रस्तुत करने को कहा है। इन घटनाओं की जानकारी के बाद पुलिस ने क्या कदम उठाए, किन लोगों की गिरफ्तारियां की गई यह भी बताने को कहा है। मामले की सुनवाई बृहस्पतिवार को भी होगी।

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