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Coronavirus: तब्लीगी जमात को लेकर राज्यों का दृष्टिकोण अलग-अलग, ये कहना है मुख्यमंत्रियों का

Tue, 07 Apr 2020 04:28 PM IST
Harendra Chaudhary जितेंद्र भारद्वाज, अमर उजाला, नई दिल्ली
जितेंद्र भारद्वाज, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Harendra Chaudhary Updated Tue, 07 Apr 2020 04:28 PM IST
सार

  • जगन मोहन रेड्डीः संकट के इस दौर में जाति-धर्म को किनारे रखा जाए
  • उद्धव ठाकरेः कोरोना की तरह ही हमारे यहां कम्युनल वायरस भी मौजूद है
  • अशोक गहलोत: ऐसे आयोजन की जानकारी मिलते ही उसे रोक देना चाहिए था
  • शिवराज सिंह चौहान: तब्लीगी जमात में शामिल लोगों ने कोरोना की लड़ाई को मुश्किल बना दिया
  • पिनाराई विजयन: हम एक विशेष समुदाय को अलग-थलग करने के कदम की निंदा करते हैं
  • योगी आदित्यनाथ: जमात का मामला सामने न आता तो हम संक्रमण को रोकने में सफल हो गए होते
  • ममता बनर्जी: कुछ दलों के आईटी सेल द्वारा अभी भी अफवाहें फैलाई जा रही हैं, यह राजनीति करने का वक्त नहीं है 

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CoronaVirus: Chief ministers of states has different approaches opinions and thinking for tablighi jamaat people
तब्लीगी जमात - फोटो : PTI

विस्तार

निजामुद्दीन मरकज से निकले जमातियों के कारण कोरोना की लड़ाई जो पहले कुछ आसान दिख रही थी, उसकी मुश्किलें बढ़ चली हैं। केंद्र सरकार का मत है कि तब्लीगी जमात के लोग अगर समय पर खुद से क्वारंटीन में चले जाते, तो आज देश में कोरोना के मामलों की संख्या कम होती।
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करीब 35 फीसदी मामले तो अकेले तब्लीगी जमात के चलते बढ़ गए हैं। विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों की इस मसले पर राय स्वाभाविक रूप से बंटी है। तब्लीगी जमात को लेकर एक तरफ तंज है, तो दूसरी ओर बचाव भी है। कई सीएम कोरोना की लड़ाई में मध्यमार्ग पर ही चलना ठीक समझ रहे हैं।
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केंद्र सरकार का कहना है कि दिल्ली से निकले तब्लीगी जमात के लोगों की वजह से कोरोना का संक्रमण 17 राज्यों में तेजी से पांव पसार रहा है।

कई मुख्यमंत्री तो तब्लीगी जमात के लोगों के खिलाफ कार्रवाई तक कर रहे हैं। दूसरी ओर कुछ ऐसे सीएम हैं, जिन्होंने बचाव के अंदाज में जमात को तूल देने के बजाए कोरोना की लड़ाई पर ही पूरा ध्यान लगा रखा है।

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अशोक गहलोत 

राजस्थान में कोरोना के 288 केस आए हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तब्लीगी जमात को लेकर मांग की है कि दिल्ली में तब्लीगी जमात के आयोजन की जांच सुप्रीम कोर्ट के किसी वर्तमान या पूर्व जज से कराई जानी चाहिए । उन्होंने कहा है कि यह बहुत ही गंभीर मसला है और हमें यह पता चलना ही चाहिए कि इसके लिए कौन-कौन लोग जिम्मेदार हैं और वो दंडित किए जाने चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि जमात के लोग अपने जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी से संपर्क करें। तुरंत अपनी जांच कराएं। यही उनके खुद के जीवन, पूरी मानवता, समाज और देश हित में है। उन्होंने कहा कि ऐसे दिल्ली में ऐसे आयोजन की जानकारी मिलते ही उसे रोक देना चाहिए था। इसके लिए भले ही किसी को विरोध का सामना ही क्यों न करना पड़े। लॉकडाउन के उद्देश्य को असफल करने वाले जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए।

उद्धव ठाकरे

महाराष्ट्र में कोरोना के 748 से ज्यादा संक्रमित मिले हैं। मुख्यमंत्री उद्धव ने कहा, हम नहीं चाहते थे कि जैसा दिल्ली में हुआ, वैसा कुछ महाराष्ट्र में भी हो। हमने यहां पर तब्लीगी जमात के कार्यक्रम की पहले अनुमति दी थी, लेकिन हालात के मद्देनजर बाद में वह मंजूरी रद्द कर दी गई। दिल्ली के रकज से आए लोगों की पहचान कर ली गई है। कोरोना की तरह ही हमारे यहां कम्युनल वायरस भी मौजूद है। झूठे मैसेज फैलाने वालों और मौज-मस्ती के लिए तब्लीगी जैसे आयोजनों के वीडियो अपलोड करने वाले कोरोना को हल्के में न लें। यह वायरस किसी का धर्म नहीं देखता है। 

जगन मोहन रेड्डी

आंधप्रदेश में कोरोना के 266 से ज्यादा मामले सामने आए हैं। इनमें जमातियों से जुड़े केस 80 फीसदी हैं। मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी ने इस मामले पर कहा, संकट के दौर में जाति-धर्म को किनारे रखा जाना चाहिए। प्रदेश के कई लोग तब्लीगी जमात के आयोजन में शामिल होकर लौटे हैं।

इनमें से कुछ संक्रमित भी मिले हैं।यह कहना ठीक नहीं है कि यह संक्रमण किसी समुदाय विशेष से फैला है। संक्रमण को जानबूझकर फैलाने और लोगों से भेदभाव की कोई वजह नहीं है। देश में कहीं भी किसी अन्य धार्मिक मण्डली में इस तरह की बैठकों के दौरान ऐसी घटना हो सकती है। मेरी सभी लोगों से अपील है कि जाति और धर्म को किनारे रखकर कोरोना से एकजुट होकर लड़ाई लड़ें।

नीतीश कुमार

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, हमें तब्लीगी जमात के लोगों की सूची मिली है। इसमें से बिहार के अनेक लोगों की पहचान की गई है। इनमें से कई लोग तो बिहार के बाहर ठहरे हुए हैं। हम कोरोना को हराने के लिए पूरा प्रयास कर रहे हैं।

शिवराज सिंह चौहान 

मध्यप्रदेश में कोरोना के 165 से ज्यादा मामले सामने आए हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि कोरोना संकट से निपटने के लिए हमें पाबंदियों पर कड़ाई से अमल करना होगा। बाहर से आए कुछ लोगों की वजह से समस्याएं बढ़ी हैं। हम हर सूरत में भोपाल या किसी दूसरे शहर को हॉटस्पॉट बनने से रोकेंगे। तब्लीगी जमात में शामिल लोगों ने कोरोना की लड़ाई को मुश्किल बना दिया है। व्यापक जनहित में सभी को मिलकर काम करना होगा। थोड़ी-बहुत असुविधाएं भी बर्दाश्त करनी पड़ेंगी।

योगी आदित्यनाथ 

उत्तरप्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा है, अगर तब्लीगी जमात का मामला सामने न आता तो हम यूपी में कोरोनावायरस के संक्रमण को रोकने में सफल हो गए होते। कोरोना के नए संक्रमितों में जमातियों की संख्या अधिक है। तब्लीगी जमात से जुड़े लोगों की पहचान की गई है। इन लोगों ने जहां अव्यवस्था और अराजकता फैलाने का प्रयास किया है, वहां रासुका के तहत भी कार्रवाई हो रही है। जमात के लोगों में 385 से ज्यादा विदेशी भी हैं। प्रदेश में लॉकडाउन को सफल बनाने के लिए हमने सभी कदम उठाए थे, लेकिन बाहर से आए लोगों की वजह से स्थिति संवेदनशील हो गई।

पिनाराई विजयन 

केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने दिल्ली के निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात को लेकर कहा है कि हम एक विशेष समुदाय को अलग-थलग करने और उन पर हमला करने के कदम की निंदा करते हैं। एक वायरस का कोई धर्म नहीं है और यह किसी भी धर्म या समुदाय के आधार पर नहीं फैलता है। कुछ ताकतें स्थिति को सांप्रदायिक बनाने की कोशिश कर रही हैं। केरल जैसे राज्य में इस तरह के प्रयास सफल नहीं होंगे। सीएम ने कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इस तरह की असहिष्णुता की कोई जरूरत नहीं है। तब्लीगी जमात की घटना पर किसी भी तरह की घबराहट की जरूरत नहीं है। जमात से आए लोगों की जांच की जा रही है। सभी जानकारी संबंधित जिलों को भेज दी है। बता दें कि केरल में कोरोना के मरीजों की संख्या 327 से ज्यादा हो गई है।

के चंद्रशेखर राव

तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने कोरोना को लेकर लॉकडाउन की अवधि बढ़ाने की वकालत की है। उन्होंने पीएम मोदी से अनुरोध किया है कि देश में लागू 21 दिन के लॉकडाउन की अवधि को 14 अप्रैल के बाद आगे बढ़ाया जाए। लोगों के जीवन की रक्षा के लिए यह महत्वपूर्ण है। तेलंगाना से निजामुद्दीन मरकज में एक हजार से ज्यादा लोग पहुंचे थे। इनमें से करीब दो सौ कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। प्रदेश में कोरोना के मरीजों का आंकड़ा 321 को पार कर गया है। इनमें 80 फीसद से ज्यादा तब्लीगी जमात के लोग हैं। 

सर्बानंद सोनोवाल

असम के मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल का कहना है, राज्य में कोरोनोवायरस से संक्रमित रोगियों ने पिछले महीने निजामुद्दीन में तब्लीगी जमात के आयोजन में भाग लिया था। इस समूह के कई ऐसे नेता, जो खुद क्वारंटीन में नहीं जा रहे थे, उनके खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई की है। असम बहुत महत्वपूर्ण मोड़ पर पहुंच गया है। संकट की इस घड़ी में हमें जाति, पंथ और धर्म से ऊपर उठकर लॉकडाउन के नियमों का पालन करना होगा। असम में कोरोना के अभी तक 26 केस देखने को मिले हैं।

ममता बनर्जी 

पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दलों के आईटी सेल द्वारा अभी भी अफवाहें फैलाई जा रही हैं। उनका इशारा भाजपा की ओर था। बनर्जी ने आगे कहा, राज्य सरकार के खिलाफ दुष्प्रचार किया जा रहा है। यह राजनीति करने का वक्त नहीं है। पश्चिम बंगाल सरकार ने प्रारंभिक जांच के बाद तमाम लोगों को  घर पर क्वारंटीन के छोड़ दिया है, जो तब्लीगी जमात द्वारा नई दिल्ली में आयोजित धार्मिक मण्डली में शामिल हुए थे। उन्होंने कहा कि अब तक 11 लाख पीपीई ऑर्डर किया गया है। राज्य में कोरोना के 91 से ज्यादा केस आए हैं।

अरविंद केजरीवाल

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पहले ही कह चुके हैं कि मरकज की वजह से दिल्ली में कोरोना के मरीज बढ़ गए हैं। सरकार इस मामले में जरूरी कार्रवाई कर रही है। ज्यादा से ज्यादा लोगों की जांच कर यह पता लगाया जा रहा है कि उन्हें कोरोना का संक्रमण तो नहीं है। दिल्ली में अभी तक 523 से ज्यादा मामले सामने आए हैं।

कैप्टन अमरेंद्र सिंह

पंजाब के सीएम कैप्टन अमरेंद्र सिंह ने इस मामले में ज्यादा कुछ नहीं कहा। उन्होंने केवल इतना कहा कि वे कोरोना को खत्म करने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं। मरकज से जो भी आया है, उनकी पहचान की जा रही है।

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