Corona Alert: तीसरी लहर में संक्रमण से मरने वालों में दिल्ली-बंगाल से सबसे ज्यादा, देश में 70 फीसदी आबादी लगवा चुकी है दोनों डोज
देश में कोरोना के मामलों में मामूली गिरावट दर्ज की गई है। देश में बीते 24 घंटे के दौरान कोरोना के 2,58,089 मामले सामने आए हैं। दैनिक मामलों में रविवार के मुकाबले में चार फीसदी की कमी दर्ज की गई है। देश में रविवार को कोरोना के 2,71,202 मामले सामने आए थे। साथ ही देश में पिछले 24 घंटे में ओमिक्रॉन के कुल मामलों की संख्या बढ़कर के 8,209 हो गई है...
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कोरोना वायरस का नया वैरिएंट ओमिक्रॉन तेजी से देश के राज्यों में फैल रहा है। लेकिन अच्छी बात यह है कि वायरस का स्वरूप अभी अधिक घातक नहीं दिख रहा है। संक्रमण की वजह से मरने वालों की संख्या अकसर बाद में जारी की जाती है, लेकिन महामारी की पिछली लहर से तुलना करने पर पता चलता है कि संक्रमण के मामले भले ही काफी तेजी से बढ़े हों, लेकिन मरने वालों की तादाद नहीं बढ़ी है। देश में कोविड मरीजों के मरने की दर करीब 1.3 फीसदी है। 30 दिसंबर 2021 और 16 जनवरी 2022 तक देश में संक्रमण के कुल मामले में लगभग सात फीसदी की बढ़ोतरी हुई है, जबकि मरने वालों की तादाद में महज 0.5 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। मौजूदा तीसरी लहर में जिन राज्यों में संक्रमण की वजह से सबसे ज्यादा मौत हुई, उनमें दिल्ली और पश्चिम बंगाल शामिल है।
देश में वर्ष 2020 में कोविड महामारी की शुरुआत के बाद से ही कोविड की वजह से 486,000 से अधिक लोग मरे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना की तीसरी मौजूदा लहर में मरने वालों की संख्या फिल्हाल कम नजर आ रही है। साथ ही अस्पताल में भर्ती होने की दर में भी कमी आई है। इसकी वजह केवल ओमिक्रॉन वायरस के घातक न होने वाली प्रवृत्तिभर नहीं है बल्कि बड़ी तादाद देशभर में हुए टीकाकरण ने भी इसमें मदद की है। लोगों में संक्रमण से बचाव के प्रति भी स्वाभाविक प्रतिरोधक क्षमता देखी जा रही है। देश में 16 जनवरी को टीकाकरण की शुरुआत को एक साल पूरा हो चुका है और करीब 92 फीसदी आबादी को टीके की एक खुराक और करीब 70 फीसदी आबादी को टीके की दो खुराक लग चुकी है।
राज्यों में रोजाना मौत की हिस्सेदारी
पहली लहर दूसरी लहर तीसरी लहर
महाराष्ट्र 39.9 महाराष्ट्र 28.5 पश्चिम बंगाल 17.3
उत्तरप्रदेश 8.8 कर्नाटक 11.6 दिल्ली 13.3
कर्नाटक 7.5 तमिलनाडु 8.0 महाराष्ट्र 10.2
पंजाब 7.0 दिल्ली 5.9 पंजाब 10.2
आंध्र प्रदेश 5.3 उत्तर प्रदेश 5.6 केरल 7.6
(पहली लहर का डाटा 16 सितंबर 2020 और दूसरी लहर का डाटा 21 मई 2021 के अनुरूप है।)
केरल में डेल्टा का कहर अभी जारी है
तीसरी लहर में संक्रमण की वजह से सबसे ज्यादा मौतें दिल्ली और पश्चिम बंगाल में हुई हैं। दिल्ली सरकार के विश्लेषण के मुताबिक ज्यादातर मौत उन लोगों की हुई है, जिन्होंने टीके की दोनों खुराक नहीं लीं या जो अन्य बीमारियों से ग्रस्त थे। इस लहर में कोलकाता में 60 फीसदी से अधिक संक्रमण दर देखी जा रही है। महामारी की पिछली दो लहर के दौरान महाराष्ट्र में संक्रमण की वजह से ज्यादा मौतें हुईं और कोविड से होने वाली कुल मौतों के लिहाज से राज्य तीसरे स्थान पर रहा। ज्यादातर राज्यों में दूसरी लहर की तेजी खत्म हो रही है, लेकिन केरल में डेल्टा लहर का कहर अब भी बरकरार है और यहां संक्रमण के सबसे ज्यादा मामलों के साथ-साथ पिछले कुछ महीने में अधिक मौतें भी देखी गई हैं। तीसरी लहर में मरने वालों की कुल तादाद में केरल की हिस्सेदारी 7.6 फीसदी तक है।
नए मामलों में चार फीसदी की कमी, 24 घंटे में 2.58 लाख नए केस
देश में कोरोना के मामलों में मामूली गिरावट दर्ज की गई है। देश में बीते 24 घंटे के दौरान कोरोना के 2,58,089 मामले सामने आए हैं। दैनिक मामलों में रविवार के मुकाबले में चार फीसदी की कमी दर्ज की गई है। देश में रविवार को कोरोना के 2,71,202 मामले सामने आए थे। साथ ही देश में पिछले 24 घंटे में ओमिक्रॉन के कुल मामलों की संख्या बढ़कर के 8,209 हो गई है। रविवार के मुकाबले ओमिक्रॉन के मामलों में 6.02 फीसद की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। साथ ही ओमिक्रॉन से संक्रमित 3,109 मरीज ठीक भी हुए हैं। साथ ही कोरोना के चलते बीते 24 घंटे में 385 मौतें भी दर्ज की गई हैं।