फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   India China Border Today Latest News: XI Jinping is annoyed after Indian Army strategic move in Pangong Tso

भारतीय सेना की एक रणनीतिक चाल से भौचक्का है चीन, अपने कमांडरों के फैसले से शी जिनपिंग भी नाराज

Tue, 08 Sep 2020 07:32 PM IST
Harendra Chaudhary शशिधर पाठक, अमर उजाला, नई दिल्ली
शशिधर पाठक, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Harendra Chaudhary Updated Tue, 08 Sep 2020 07:32 PM IST
सार

  • पैंगोंग त्सो में निकालना चाह रहा है अपनी भड़ास
  • चीन के राष्ट्रपति शी भी अपने सैन्य कमांडरों के निर्णय से तिलमिलाए
  • चीनी सेना बार-बार कर रही है बढ़त बनाने की कोशिश

विज्ञापन
India China Border Today Latest News: XI Jinping is annoyed after Indian Army strategic move in Pangong Tso
भारत चीन सीमा: Indian Army Vehicle moving towards Ladakh - फोटो : PTI

विस्तार

भारतीय सेना की स्पांगुर लेक, स्पांगुर गैप में बढ़त के बाद चीन भौचक्का सा रह गया है। सैन्य मुख्यालय के सूत्र बताते हैं कि चीन को भारतीय सेना की पैंगोंग के किनारे की यह रणनीतिक बढ़त हजम नहीं हो रही है। बताते हैं भारतीय सेना इस एक आक्रामक, दुरुह सैन्य ऑपरेशन ने चीन के हुक्मरानों के माथे पर बल ला दिया है। कहा तो यहां तक जा रहा है कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग भी इसे लेकर अपने सैन्य कमांडरों से नाराज चल रहे हैं। इससे संतुलित करने के लिए ही चीन की सेना बार-बार क्षेत्र में अपना दबदबा बनाने का प्रयास कर रही है।

विज्ञापन

 

सैन्य सूत्र बताते हैं कि सात सितंबर को भी चीनी सेना ने इसी तरह की कोशिश की थी। वह दूसरी पहाड़ी चोटियों की तरफ बढ़ना चाह रहे थे, लेकिन भारतीय सेना के सतर्कता के बाद चीन की फौज को पीछे हटना पड़ा। बताते हैं कि 29-30 अगस्त की रात से लेकर चीन की सेना कई बार भारतीय क्षेत्र में नई घुसपैठ की कोशिशें कर चुकी है। हालांकि उसकी किसी भी कोशिश को सफलता नहीं मिल पाई। इसका एक बड़ा कारण हाई एल्टीट्यूड वॉर फेयर स्कूल यानी HAWS से ट्रेनिंग लेकर निकले भारतीय जाबांजों की बहादुरी और शौर्य है।

विज्ञापन

चीन की बैचैनी

चीन सरकार के अखबार ग्लोबल टाइम्स में प्रकाशित समाचार में भी पड़ोसी देश की बेचैनी साफ दिखाई दे रही है। मास्को में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के साथ चीन के रक्षा मंत्री वेई फेंग की बातचीत में भी पड़ोसी देश के रक्षा मंत्री की चिंता साफ दिखाई दे रही थी। उनकी आपत्तियां भी भारतीय सेना के स्पांगुर क्षेत्र में मूव को लेकर थी। बताते हैं पांच मई से लेकर 28 अगस्त तक लद्दाख के भारतीय क्षेत्र में चीनी सेना ने घुसपैठ करके मजबूत पकड़ बना ली थी, लेकिन स्पांगुर क्षेत्र में बढ़त के बाद पैंगोंग से लेकर चुशुल तक भारतीय सेना का सामरिक पोस्ट के लिहाज से दबदबा कायम हो गया है। यही वजह है कि चीनी सेना बार-बार इसका जवाब देने के लिए दूसरे क्षेत्रों पर कब्जा करने की कोशिश में लगी है। चीन की सेना को जवाब देने के लिए भारतीय सेना क्षेत्र में उच्चस्तर की सतर्कता बरत रही है।

क्यों पीछे हटे चीन के सैन्य कमांडर

चीन के लिए लद्दाख क्षेत्र नाक का सवाल बनता जा रहा है। दरअसल चीन को भारतीय सेना के इस तरह से आक्रामक रूख की उम्मीद नहीं थी। अभी तक भारतीय सेना राजनीतिक नेतृत्व से मिले निर्देश के अनुरूप रक्षात्मक रुख लेकर चल रही थी। लेकिन 29-30 को चीन की सेना के रुख को देखकर भारतीय सेना ने अक्रामक रवैय्या अख्तियार कर लिया। अचानक लिए गए सैन्य स्तर के निर्णय के कारण चीन के सैन्य कमांडरों को युद्ध जैसे हालात से बचने के लिए अपने सैनिकों को पीछे लौटने का आदेश देना पड़ा।

इसकी एक बड़ी वजह भारतीय सेना की जांबाज टीम की बहादुरी रही। इस टीम ने हेलमेट टॉप और काला टॉप की चोटियों पर तिरंगा झंडा फहरा कर चीन की सेना को पीछे लौटने पर मजबूर कर दिया। सैन्य सूत्रों का मानना है कि इससे चीन की सैन्य शक्ति की दुनिया में बनी धौंस पर असर पड़ा है। इसलिए चीन नाक सवाल मानकर प्रतिष्ठा बचाने में लगा है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed