विधानसभा चुनाव: भाजपा को देखकर उत्तराखंड में पत्ते खोलेगी कांग्रेस
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पंजाब के लिए कांग्रेस ने उम्मीदवारों की पहली सूची जारी करने में जितनी जल्दी दिखाई, उत्तराखंड को लेकर एक-एक कदम ठहर करके बढ़ा रही है। पार्टी वहां सत्ता में है लिहाजा अपने उम्मीदवार घोषित करने से पहले सामने वाली टीम यानि भाजपा उम्मीदवारों को भी देख लेना चाहती है।
उत्तराखंड पर फैसले को लेकर 17 जनवरी को केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक बुलाई जा सकती है। कांग्रेस का सीधा सा मकसद उन दस विधानसभा सीटों पर उम्मीदवार उतारने को लेकर हैं जहां से उनके विधायक पार्टी छोड़कर गए हैं।
इसी प्रकार पीडीएफ की चार सीटें भी देरी का कारण हैं। कांग्रेस सहयोगियों की इन सीटों को भी जाने नहीं देना चाहती है।
सभी 70 सीटों पर पैनल तैयार
सहयोगी विधायकों की सीटों पर अगर बात नहीं बनती हैं तो कांग्रेस को दोतरफा भाजपा और सहयोगी के खिलाफ भी लड़ाई लडनी होगी।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष किशोर उपाध्याय का कहना है कि स्क्रीनिंग कमेटी का काम पूरा हो गया है। हमने सभी 70 सीटों पर पैनल तैयार कर लिये हैं।
उनका कहना है कि किसी भी सीट पर पार्टी के पास मजबूत उम्मीदवारों की कमी नहीं है।