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जातिगत जनगणना: हमलावर विपक्ष दलों को भाजपा का जवाब, कहा- हमारा नारा ‘सबका साथ सबका विकास’
Sat, 25 Sep 2021 01:30 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Sat, 25 Sep 2021 01:30 AM IST
सार
भाजपा ने पलटवार करते हुए जातिगत जनगणना की पैरवी कर रहे सभी दलों से उनकी पार्टी में जातिगत प्रतिनिधित्व को लेकर सवाल पूछा। साथ ही यह भी स्पष्ट कर दिया कि राजनीतिक रूप से गंभीर मुद्दों पर उसका रुख गठबंधन में उसके सहयोगी दलों से अलग भी हो सकता है। भाजपा ने दो टूक कहा, हमारा नारा है ‘सबका साथ सबका विकास’।
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भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
जातिगत जनगणना को लेकर सुप्रीम कोर्ट में केंद्र का जवाब आने के एक दिन बाद शुक्रवार को विपक्ष ने सरकार पर हमला बोला। भाजपा ने दो टूक कहा, हमारा नारा है ‘सबका साथ सबका विकास’। हमारी पार्टी लोगों में अंतर नहीं करती और उन्हें उचित भागीदारी देती है। सरकार के हलफनामे पर कांग्रेस, शिवसेना, बसपा, राजद, सपा ने निशाना साधा है। ये सभी पार्टियां जातिगत जनगणना कराना चाहती हैं।
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भाजपा ने पलटवार करते हुए जातिगत जनगणना की पैरवी कर रहे सभी दलों से उनकी पार्टी में जातिगत प्रतिनिधित्व को लेकर सवाल पूछा। साथ ही यह भी स्पष्ट कर दिया कि राजनीतिक रूप से गंभीर मुद्दों पर उसका रुख गठबंधन में उसके सहयोगी दलों से अलग भी हो सकता है। अधिकतर क्षेत्रीय पार्टियां जातिगत जनगणना का समर्थन कर रही हैं और इनमें एनडीए के कुछ घटक दल जैसे जदयू और अपना दल भी शामिल हैं।
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भाजपा का असली चेहरा सामने आया : ममता
सरकार के हलफनामे के बाद बसपा सुप्रीमो मायावती ने शुक्रवार को ट्वीट किया, पिछड़ा वर्ग के जातिगत जनगणना से इनकार ने इस सरकार की पोल खोल दी है। भाजपा ने हमेशा दलितों व पिछड़ों का इस्तेमाल अपने वोटबैंक के लिए किया है। सरकार का जवाब उसके चुनावी स्वार्थ को उजागर करता है। सभी लोग अब इससे सतर्क रहें।
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दलितों की बहन जी ने सिर्फ अपने भाई को बढ़ाया : त्रिवेदी
ममता पर पलटवार करते हुए भाजपा प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, दलित समाज की हितैषी और सबकी बहन जी ने सत्ता में आने के बाद सिर्फ अपने ही भाई को आगे बढ़ाया। ये जातिगत विकास की बात करती हैं, जबकि इन्होंने सिर्फ अपने खास लोगों की ही सुध ली।
पक्षी, पेड़, जानवर गिन सकते, इंसानों की गिनती में कष्ट : लालू
लालू प्रसाद यादव ने भी इस मामले पर भाजपा और संघ पर हमला बोलते हुए ट्वीट किया, पक्षी, पेड़, जानवर गिने जा सकते हैं लेकिन यह सरकार पिछड़ी जातियों के इंसानों की गिनती कराने को तैयार नहीं है। आखिर पिछड़ा वर्ग के लिए भाजपा व संघ में इतनी नफरत क्यों है।
'लालू का पूरा परिवार भ्रष्ट वह हमें न सिखाएं'
लालू प्रसाद यादव की पार्टी को भ्रष्टाचार का अड्डा बताते हुए सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, इनका पूरा परिवार भ्रष्ट है। इन्होंने सिर्फ और सिर्फ अपने परिवार को आगे बढ़ाया। खुद जेल गए तो पत्नी को सीएम बनाया। बेटों के बीच कुर्सी को लेकर हुई कलह में परिवार टूटा। ये लोग हमें जातिवाद न सिखाएं।
ओबीसी आरक्षण के लिए फिर महाराष्ट्र सरकार पर तोहमत क्यों लगाई : शिवसेना
शिवसेना ने भी केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, सरकार अब सबका साथ की बात कर रही है तो अब तक ओबीसी आरक्षण को लेकर महाविकास आघाड़ी सरकार पर तोहमत क्यों लगा रही थी। सामना में छपे एक संपादकीय में सरकार के जवाब की निंदा की गई।
धरती पुत्र मुलायम का पूरा कुनबा सत्ता के शीर्ष पदों पर
सपा पर निशाना साधते हुए सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, धरती पुत्र मुलायम सिंह ने सिर्फ अपने परिवार की सुध ली। समाजवाद की राजनीति की दुहाई देने वाले इस परिवार के अधिकतर लोग सत्ता के शीर्ष पदों पर रहे। बेटा मुख्यमंत्री, बहू, भतीजे, भाई सब सांसद रहे। ये पिछड़ों के हितैषी बन रहे हैं जबकि इसमें भी इनका चुनावी फायदा है।
मोदी सरकार तकनीकी पहलुओं को ध्यान में लेती है फैसले
सरकार के हलफनामे को सही ठहराते हुए सुधांशु त्रिवेदी ने कहा, मोदी सरकार सभी तकनीकी पहलुओं को ध्यान में रखकर फैसले लेती है। लोगों का हित उसके लिए सर्वोपरि है। सबका साथ सबका विकास उसकी मूल नीति है। जातिगत जनगणना में कई अड़चनें हैं, यह प्रशासनिक तौर पर मुश्किल और बोझिल करने वाला काम है। पिछली बार इसमें ढेरों गलतियां हो चुकी हैं। सरकार इसी लिए इसके पक्ष में नहीं है।