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ED: पूर्व CM हुड्डा के प्रधान सचिव रहे तायल की 14 करोड़ रुपये की संपत्ति कुर्क, आय से अधिक संपत्ति का मामला
Mon, 07 Jul 2025 07:21 PM IST
अभिषेक दीक्षित
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अभिषेक दीक्षित
Updated Mon, 07 Jul 2025 07:21 PM IST
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प्रवर्तन निदेशालाय
- फोटो : ANI
प्रवर्तन निदेशालय, (ईडी), चंडीगढ़ जोनल कार्यालय ने हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के प्रधान सचिव रहे एमएल तायल की 14 करोड़ रुपये की संपत्तियां कुर्क की गई हैं। सेवानिवृत्त आईएएस और भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग 'सीसीआई' के सदस्य रह चुके तायल के खिलाफ धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत यह कार्रवाई की गई है। 14.06 करोड़ रुपये (लगभग) के बैंक बैलेंस सहित चंडीगढ़, नई दिल्ली और गुड़गांव में स्थित दो घरों और सात अपार्टमेंट सहित नौ अचल संपत्तियों के रूप में संपत्तियों को अनंतिम रूप से कुर्क किया गया है। एमएल तायल और अन्य के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति के मामले में ईडी की जांच चल रही है।
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ईडी ने सीबीआई, एसीबी, चंडीगढ़ द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर उक्त मामले की जांच शुरू की थी। एफआईआर में आरोप लगाया गया है कि एमएल तायल (सेवानिवृत्त आईएएस), 6 मार्च 2005 से 31 अक्तूबर 2009 तक हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री भूपेंद्र हुड्डा के प्रधान सचिव रहे थे। इसके बाद वे 30 नवंबर 2009 से लेकर 31 दिसंबर 2014 तक भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग 'सीसीआई' के सदस्य भी रह चुके हैं। इस केस में जांच की अवधि एक जनवरी 2006 से 31 दिसंबर 2014 तक रही है। आरोप है कि तायल ने अपने पदों पर कार्य करते हुए और उनके परिवार के सदस्यों ने आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक संपत्ति अर्जित की थी।
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प्रवर्तन निदेशालय ने एमएल तायल, सविता तायल और कार्तिक तायल के वित्तीय मामलों, आयकर रिकॉर्ड और शेयर बाजार के लेन-देन की जांच की। ईडी की जांच से पता चला कि जांच अवधि 01.01.2006 से 31.12.2014 के दौरान आरोपियों ने अवैध रिश्वत के माध्यम से उत्पन्न पीओसी का उपयोग करके 14.06 करोड़ रुपये (लगभग) की अनुपातहीन संपत्ति अर्जित की थी।
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