Bengal Polls: TMC के बागी- कबीर ने पूर्व पुलिसकर्मी अबुल हसन को बनाया उम्मीदवार, JUP ने क्यों बदला प्रत्याशी?
बंगाल में 2026 में चुनाव होने है। इसे लेकर चुनावी बिगुल बज चुका है। इसी बीच टीएमसी से बाहर होने के बाद हुमायूं कबीर ने अपनी पार्टी बनाई है। इसी के साथ बालीगंज से रिटायर्ड पुलिस अधिकारी अबू हसन को उम्मीदवार बनाया है।
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2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों के लिए जनता उन्नयन पार्टी ने बालीगंज से रिटायर्ड पुलिस अधिकारी अबू हसन को उम्मीदवार बनाया है। पहले यहां से निशा चटर्जी को उम्मीदवार बनाया गया था। लेकिन उन्हें 24 घंटे पहले सोशल मीडिया पर पार्टी के हिसाब से उनकी मौजूदगी न होने के कारण हटा दिया गया। उनकी जगह पार्टी के संस्थापक हुमायूं कबीर ने अबू हसन को उम्मीदवार बनाया है।
कबीर के अनुसार, चटर्जी को इसलिए हटाया गया क्योंकि उनकी सोशल मीडिया मौजूदगी उनकी पार्टी की इमेज से मेल नहीं खाती थी। कबीर ने उनका नाम घोषित करने के बाद कहा, "हसन मेरे मामा नहीं हैं, बल्कि मेरी मां के पहले चचेरे भाई हैं। उनके बच्चों को कुछ चिंताएं थीं, जिन्हें मैं दूर करूंगा। उनकी जीत सुनिश्चित करना मेरी जिम्मेदारी है।"
रिपोर्टर्स से बात करते हुए हसन ने कहा, "मैं राजनीति में रहने वाला व्यक्ति नहीं हूं। मैं पूरी जिदगी पुलिसवाला रहा हूं। हुमायूं ने जोर दिया कि मुझे चुनाव लड़ना ही चाहिए।"
मूल रूप से राजनगर के रहने वाले हसन वर्षों से शहर के बेकबागन में रह रहे हैं। 4 दिसंबर को तृणमूल कांग्रेस से सस्पेंड होने के बाद, कबीर ने कहा था कि वह अपनी खुद की पार्टी बनाएंगे और विधानसभा चुनावों के लिए 100 से ज़्यादा सीटों पर उम्मीदवार उतारेंगे।
सोमवार को, कबीर ने आधिकारिक तौर पर अपनी पार्टी बनाई और 10 सीटों के लिए उम्मीदवारों के नामों की घोषणा की, जिसमें दो सीटें ऐसी थीं जिनमें उन्होंने अपना नाम भी शामिल किया।