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आरएसएस के दीक्षांत समारोह में प्रणब आज करेंगे 'दिल की बात', ये है कार्यक्रम का पूरा ब्यौरा

Thu, 07 Jun 2018 12:34 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नागपुर Updated Thu, 07 Jun 2018 12:34 PM IST
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All eyes on Pranab Mukherjee speech at convocation of RSS, full program of RSS Nagpur event
प्रणब मुखर्जी - फोटो : PTI
सभी निगाहें पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के उस भाषण पर है जो वह आज राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के एक कार्यक्रम में देंगे। प्रणब इस कार्यक्रम में शिरकत करने बुधवार की शाम नागपुर पहुंच गए। कांग्रेस के नेता रहते हुए प्रणब ने हमेशा संघ की आलोचना की है। इस लिहाज से लोगों की उत्सुकता बढ़ गई है कि आज शाम होने वाले समारोह में वह संघ के कार्यकर्ताओं को क्या संदेश देंगे। प्रणब मुखर्जी संघ शिक्षा वर्ग के तृतीय वर्ष के प्रशिक्षण कोर्स के समापन समारोह में भाषण देंगे। 
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ये है प्रणब मुखर्जी के कार्यक्रम का पूरा ब्यौरा

तय कार्यक्रम के मुताबिक प्रणब मुखर्जी शाम 5:30 बजे से रात 9:30 बजे तक संघ मुख्यालय में मौजूद रहेंगे। संघ के इस दीक्षांत समारोह में प्रणब मुखर्जी समेत 4 लोग मंच पर होंगे। इनमें मोहन भागवत और आरएसएस के दो अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल होंगे। प्रणब मुखर्जी करीब आधे की घंटे का भाषण देंगे। 
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  • 5:30 बजे- प्रणब मुखर्जी नागपुर के रेशमिबाग संघ मुख्यालय में पहुंचेंगे। 
  • मोहन भागवत प्रणब मुखर्जी का स्वागत करेंगे। जिसके बाद मोहन भागवत के साथ चाय पर चर्चा करेंगे।
  • संघ के वरिष्ठ पदों पर आसीन अधिकारियों से प्रणब मुखर्जी का परिचय कराया जाएगा। 
  • संघ के संस्थापक केशव बलिराम हेडगेवार के स्मृति स्थल पर फूल चढ़ाए जाएंगे। 
  • 6:15 बजे- प्रणब मुखर्जी समारोह स्थल पर पहुंचेंगे। महानगर संघ चालक का प्रस्तावित भाषण होगा। 
  • 6:35 बजे- प्रणब मुखर्जी का भाषण 
  • इसके बाद संघ प्रमुख मोहन भागवत का भाषण होगा।
  • 8 बजे- संघ के सूत्रों के मुताबिक, रात में आठ बजे समारोह खत्म होने के बाद उनसे रात्रि भोजन की गुजारिश की गई है। 

प्रणब के नागपुर पहुंचते ही बड़ी संख्या में संघ कार्यकर्ताओं ने अपने मुख्य अतिथि का फूलों के गुलदस्तों से स्वागत किया। नागपुर एयरपोर्ट पर संघ के सर कार्यवाह वी. भोगैय्या और नागपुर शहर इकाई के अध्यक्ष राजेश लोया ने उनकी अगवानी की। 
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संघ का न्योता स्वीकार करने के बाद से ही प्रणब विवादों में घिर गए हैं। पूर्व राष्ट्रपति के इस कदम के कई राजनीतिक निहितार्थ निकाले जा रहे हैं। 

प्रणब की बेटी शर्मिष्ठा पिता के फैसले से नाराज

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प्रणब मुखर्जी और शर्मिष्ठा मुखर्जी
पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी के संबोधन से एक दिन पहले उनकी बेटी और कांग्रेस नेता शर्मिष्ठा मुखर्जी ने पिता के कार्यक्रम में शामिल होने के फैसले को अनुचित ठहराया। शर्मिष्ठा ने कहा कि संघ मुख्यालय में उनका संबोधन भुला दिया जाएगा लेकिन इससे जुड़ीं तस्वीरें बनी रहेंगी। उन्होंने कहा कि संघ का न्योता स्वीकार कर पूर्व राष्ट्रपति ने भाजपा और संघ को झूठी कहानियां गढ़ने का मौका दे दिया है। 

कांग्रेस हाईकमान भी नाखुश

कांग्रेस पार्टी की वरिष्ठ नेता सोनिया गांधी के खास और उनके भरोसेमंद माने जानेवाले अहमद पटेल ने भी ऐसे संकेत दिए हैं कि पार्टी हाईकमान पूर्व राष्ट्रपति और कांग्रेस नेता प्रणब मुखर्जी के आरएसएस के समारोह में शिरकत करने से नाखुश है।

पटेल ने प्रणब की बेटी शर्मिष्ठा के ट्वीट को रि-ट्वीट करते हुए लिखा, "मुझे प्रणब दा से ये उम्मीद नहीं थी!" 
 


कांग्रेस और वामदलों के कुछ नेताओं ने संघ की बैठक में प्रणब के शामिल होने पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी लेकिन कांग्रेस संगठन के अंदर की बेचैनी से साफ जाहिर हो रहा है कि पार्टी पूर्व राष्ट्रपति के इस फैसले से असहज है। कांग्रेस के कुछ नेताओं ने उनसे कार्यक्रम में शामिल होने के फैसले पर पुनर्विचार करने की भी गुजारिश की थी। शायद इसी कारण कांग्रेस का कोई नेता नागपुर में उनकी अगवानी करने भी नहीं आया। 

प्रणब दा के भाषण पर देश की नजर 

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उनके नागपुर पहुंचने के बाद अब पूरे देश की निगाहें इस पर टिकी हैं कि प्रणब दा अपने भाषण में क्या कहेंगे। राष्ट्रपति पद से हटने के बाद उनकी संघ प्रमुख मोहन भागवत से कई बार मुलाकात हो चुकी है। जानकारों का कहना है कि हाल के दिनों में मुखर्जी और भागवत की मुलाकातें सामान्य घटना नहीं है।

इन मुलाकातों के राजनीतिक मायने भी हैं। हालांकि विवादों से बेपरवाह मुखर्जी ने कहा कि वह अपने भाषण के जरिये सभी अटकलों और आशंकाओं को दूर कर देंगे। 
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