विमान हादसा: क्रू मेंबर के परिजन बोले- उसका मोबाइल कई बार बजा, लेकिन किसी ने फोन नहीं उठाया
एयरलाइन कंपनी एयर इंडिया का बोइंग 787-8 विमान अहमदाबाद से ब्रिटेन के गैटविक (लंदन) जा रहा था और स्थानीय समय अनुसार दोपहर 1.38 बजे हवाई अड्डे से उड़ान भरने के तुरंत बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में 250 से अधिक लोगों की मौत की खबर है।
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पूर्वोत्तर राज्य मणिपुर की रहने वाली 20 साल की कोंगब्राइलाटपम नगंतोई शर्मा लंदन जाने वाले उस विमान के क्रू मेंबर में शामिल थीं, जो गुरुवार को हादसे का शिकार हो गया। घटना की सूचना मिलने के बाद नगंतोई के घरवालों ने उसके मोबाइल फोन पर कई बार कॉल किया। हर बार फोन की रिंग बजी, लेकिन किसी ने फोन पिक नहीं किया। परिवार को उम्मीद है कि नगंतोई सुरक्षित होगी, क्योंकि उसका फोन अब भी ऑन है।
मणिपुर के थोबुल जिले की रहने वाली नगंतोई बतौर केबिन क्रू तीन पहले एअर इंडिया में शामिल हुई थी। नगंतोई के रिश्तेदार के. खेंजिता ने बताया कि खबर मिलने के बाद हमने उसे कई बार फोन किया, लेकिन किसी ने फोन पिक नहीं किया। उसके फोन पर इंटरनेट अब भी चालू है। हालांकि, हमने शाम 6 बजे के आसपास उसे फोन करना बंद कर दिया, क्योंकि हमें डर था कि इससे बैटरी खत्म हो जाएगी।
चचेरे भाई ने बताया कि उड़ान से कुछ देर पहले नगंतोई ने आखिरी मैसेज किया था, जिसमें उसने लिखा था कि मैं लंदन जा रही हूं। उसने बताया कि वह अपनी बहन नगंतोई का बेहद करीबी था। मैं उसकी मदद नहीं कर सकता है, लेकिन उसकी बातें मुझे याद हैं, जो उसने कुछ दिन पहले कही थी। उसने कहा था कि उसके प्लेन क्रैश से डर लगता है, पता नहीं ऐसी स्थिति उसने क्या किया होगा?
पिता बोले, सुबह 9 बजे बेटी से की बात, अब नहीं मिल रही कोई खबर
नागपुर के रहने वाले मनीष कामदार ने बताया कि उसकी बेटी याशा, डेढ़ साल का उसका बेटा और उसकी सास लंदन जाने वाले विमान सवार थे। विमान हादसे के बाद से तीनों का कुछ भी पता नहीं चल सका है। मेरा दामाद अहमदबाद में उस अस्पताल के बाहर है, जहां हादसे के बाद लोग लाए गए हैं।
विमान हादसे के बाद से परेशान मनीष कामदार ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह 9 बजे ही मैंने अपनी बेटी से फोन पर बात की थी। लेकिन अब मुझे और मेरे परिवार को उसकी कोई जानकारी नहीं। अब तक एअर इंडिया और न ही सरकार की ओर से मेरे परिवार से संपर्क किया गया। मैं सड़क के रास्ते अहमदाबाद जा रहा हूं। मेरा दामाद अहमदाबाद के सिविल अस्पताल के बाहर इंतजार कर रहा है, लेकिन अब तक कोई जानकारी नहीं मिल सकी है। किसी को अस्पताल के अंदर जाने की इजाजत नहीं है। मेरी बेटी के ससुर ब्रिटेन में रहते थे और एक महीने पहले ही उनका निधन हो गया था। ससुर की प्रार्थना सभा में शामिल होने के लिए मेरी बेटी अपनी सास और डेढ़ साल के बेटे के साथ लंदन जा रही थी।
अहमदाबाद से लंदन के लिए उड़ान भरने से पहले क्रू मेंबर दीपक पाठक ने अपनी मां से बात की थी। दीपक की बड़ी बहन ने बताया कि उसने मां से बात की और कहा कि वह लंदन के लिए उड़ान भरने वाला है। दीपक करीब 11 वर्षों से एअर इंडिया का कर्मचारी था। दीपक की बहन ने बताया कि विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद हमने फोन लगाया लेकिन नहीं लगा। कुछ देर के बाद दीपक के मोबाइल फोन की घंटी बजी लेकिन कोई जवाब नहीं आया। विमान दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद आस पड़ोस के लोग दीपक के घर इकट्ठा हो गए और परिवार को सांत्वना दी। दीपक के दोस्त आदित्य ने कहा दीपक बहुत ही मिलनसार और अच्छे स्वभाव के थे।
महाराष्ट्र के सोलापुर जिले के एक बुजुर्ग दंपती लंदन में अपने बेटे से मिलने जा रहे थे। गुरुवार को अहमदाबाद में टेकऑफ के तुरंत बाद दुर्घटनाग्रस्त हुए एयर इंडिया विमान में सवार थे। महादेव पवार (68) और उनकी पत्नी आशा पवार (60) सोलापुर जिले की सांगोला तहसील के हटीड गांव के रहने वाले थे। सोलापुर जिला प्रशासन के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, पवार दंपती पिछले कुछ समय से अहमदाबाद में रह रहे थे। महादेव पवार गुजरात के नडियाद में एक कपड़ा मिल में काम करते थे। उनके दो बेटे हैं — एक अहमदाबाद में रहता है और दूसरा लंदन में।