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ऑनलाइन सर्वे: 62 फीसदी लोग वोटर कार्ड को चाहते हैं आधार से लिंक करना
Sun, 14 Apr 2019 02:01 AM IST
Avdhesh Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली
Published by: Avdhesh Kumar
Updated Sun, 14 Apr 2019 02:01 AM IST
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आधार कार्ड
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लोकसभा चुनाव के दौरान कराए गए एक सर्वे में 62 फीसदी लोगों ने कहा कि वोटर कार्ड को आधार से लिंक कर देना चाहिए। इससे वोटर कार्ड बनवाने में आसानी होगी। ऑनलाइन सर्वे पोर्टल लोकल सर्कल के सर्वे में 29 हजार लोग शामिल हुए।
सर्वे के दौरान लोगों से चार सवाल पूछे गए थे। जब लोगों से पूछा गया कि वोटर आईडी कार्ड को सरल और सुविधाजनक कैसे बनाया जाए तो ज्यादातर ने इसे आधार से लिंक करने की बात कही। पहले सवाल के सर्वे में 7349 लोग शामिल हुए। 18 फीसदी लोगों ने कहा कि पासपोर्ट सेवा केंद्र की तरह हर जिले में वोटर आईडी सेंटर होना चाहिए।
सर्वे में दूसरा सवाल पूछा गया कि वे कैसे वोट करेंगे। 84 फीसदी लोगों ने माना कि वोटर आईडी या मतदाता पर्ची होने पर ही मतदान करने जाएंगे। जबकि 4 फीसदी ने वोट नहीं करने की बात कही और इतने ही प्रतिशत लोगों ने कहा कि मतदान करने के बारे में कोई निर्णय नहीं लिया है। 10 प्रतिशत लोगों का कहना था कि मताधिकार का प्रयोग करना चाहते हैं, लेकिन उनके पास वोटर कार्ड नहीं है। इस सर्वे में 7333 लोग शामिल हुए। यानी 10 फीसदी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने से वंचित रह सकते हैं।
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सर्वे में जब पूछा गया कि आयोग की साइट पर जो जानकारी आप चाहते हैं वो मिल जाती है। इसके जवाब में 39 फीसदी लोगों ने माना कि चुनाव आयोग की वेबसाइट, ऐप या फोन नंबर से अपेक्षित जानकारी नहीं मिल पाती है। जबकि 35 फीसदी लोग संतुष्ट दिखे। इस सर्वे में 7361 लोग शामिल हुए। वोटर आईडी कार्ड के संबंध में पूछे सवाल में 7360 लोग शामिल हुए। इसमें कुछ लोगों ने कहा कि वोटर कार्ड के लिए आवेदन किया था, लेकिन आवेदन बीएलओ के पास ही रह गया। 67 फीसदी ने ने वोटर कार्ड होने की बात कही।
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सर्वे के दौरान लोगों से चार सवाल पूछे गए थे। जब लोगों से पूछा गया कि वोटर आईडी कार्ड को सरल और सुविधाजनक कैसे बनाया जाए तो ज्यादातर ने इसे आधार से लिंक करने की बात कही। पहले सवाल के सर्वे में 7349 लोग शामिल हुए। 18 फीसदी लोगों ने कहा कि पासपोर्ट सेवा केंद्र की तरह हर जिले में वोटर आईडी सेंटर होना चाहिए।
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सर्वे में दूसरा सवाल पूछा गया कि वे कैसे वोट करेंगे। 84 फीसदी लोगों ने माना कि वोटर आईडी या मतदाता पर्ची होने पर ही मतदान करने जाएंगे। जबकि 4 फीसदी ने वोट नहीं करने की बात कही और इतने ही प्रतिशत लोगों ने कहा कि मतदान करने के बारे में कोई निर्णय नहीं लिया है। 10 प्रतिशत लोगों का कहना था कि मताधिकार का प्रयोग करना चाहते हैं, लेकिन उनके पास वोटर कार्ड नहीं है। इस सर्वे में 7333 लोग शामिल हुए। यानी 10 फीसदी मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करने से वंचित रह सकते हैं।
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सर्वे में जब पूछा गया कि आयोग की साइट पर जो जानकारी आप चाहते हैं वो मिल जाती है। इसके जवाब में 39 फीसदी लोगों ने माना कि चुनाव आयोग की वेबसाइट, ऐप या फोन नंबर से अपेक्षित जानकारी नहीं मिल पाती है। जबकि 35 फीसदी लोग संतुष्ट दिखे। इस सर्वे में 7361 लोग शामिल हुए। वोटर आईडी कार्ड के संबंध में पूछे सवाल में 7360 लोग शामिल हुए। इसमें कुछ लोगों ने कहा कि वोटर कार्ड के लिए आवेदन किया था, लेकिन आवेदन बीएलओ के पास ही रह गया। 67 फीसदी ने ने वोटर कार्ड होने की बात कही।