{"_id":"66210a07d0d4113d720b22ae","slug":"2600-trips-will-be-made-through-185-special-trains-in-next-one-and-a-half-month-2024-04-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"Indian Railway: चुनाव में 185 ट्रेनों से 50 लाख लोग पहुंचेंगे घर, यूपी-बिहार के यात्रियों के लिए ये है तैयारी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Indian Railway: चुनाव में 185 ट्रेनों से 50 लाख लोग पहुंचेंगे घर, यूपी-बिहार के यात्रियों के लिए ये है तैयारी
Thu, 18 Apr 2024 05:24 PM IST
शिव शरण शुक्ला
डिजिटल ब्यूरो,नई दिल्ली
डिजिटल ब्यूरो,नई दिल्ली
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Thu, 18 Apr 2024 05:24 PM IST
सार
अगले डेढ़ माह में लगभग 185 विशेष ट्रेनों के माध्यम से 2600 फेरे लगाए जाएंगे। चुनावी राज्यों में मतदान की तारीखों को ध्यान में रखते हुए विशेष ट्रेनें भी शुरू की जाएगी। रेलवे को उम्मीद है कि इन ट्रेनों में 50 लाख यात्री सफर कर सकेंगे। इसमें सबसे खास बात यह है कि उत्तर प्रदेश, बिहार के लिए रेलवे स्पेशल ट्रेन चलाएगा।
विज्ञापन
रेलवे की तैयारी।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
देश में लोकसभा चुनाव 2024 के मतदान की शुरुआत कल से होने जा रही है। पहले चरण का मतदान कल यानी 19 अप्रैल को होगा। जबकि जबकि सातवें और आखिरी चरण का मतदान 01 जून को होगा। डेढ़ माह तक देश में चुनाव के साथ ही गर्मियों की छुट्टियां भी पड़ने वाली है। ऐसे में भारतीय रेलवे ने लाखों लोगों को उनके गंतव्य स्थल तक पहुंचाने के लिए योजना तैयार की है।
रेलवे से मिली जानकारी के अनुसार, अगले डेढ़ माह में लगभग 185 विशेष ट्रेनों के माध्यम से 2600 फेरे लगाए जाएंगे। चुनावी राज्यों में मतदान की तारीखों को ध्यान में रखते हुए विशेष ट्रेनें भी शुरू की जाएगी। रेलवे को उम्मीद है कि इन ट्रेनों में 50 लाख यात्री सफर कर सकेंगे। इसमें सबसे खास बात यह है कि उत्तर प्रदेश, बिहार के लिए रेलवे स्पेशल ट्रेन चलाएगा।
दरअसल, हर साल गर्मियों में ट्रेनों में यात्रियों का सीट मिलने से दिक्कत आती है। खासतौर पर बिहार, यूपी, महाराष्ट्र और झारखंड जाने वाले यात्रियों को बहुत परेशानी झेलनी पड़ती है। इस बार गर्मी की छुट्टियों के साथ ही देश में लोकसभा चुनाव हो रहे हैं। ऐसे में वोटिंग के लिए घर जाने वाले यात्रियों की संख्या भी लाखों में रहने का अनुमान है। इसे ध्यान में रखते हुए इस बार स्पेशल ट्रेनों के फेरे बीते वर्ष की तुलना में ज्यादा रखने की तैयारी रेलवे कर रहा है। पिछले साल रेलवे की समर स्पेशल ट्रेनों ने छह हजार से अधिक फेरे लगाए थे। जबकि वर्ष 2022 में स्पेशल ट्रेनों ने 4600 फेरे लगाए थे। इस वर्ष अभी तक 185 रेलगाड़ियों के माध्यम से लगभग 2600 फेरों की घोषणा हो चुकी है। बीते वर्ष बिहार के लिए सबसे ज्यादा ट्रेनों की मांग थी। अभी तक बिहार के लिए दो दर्जन ट्रेनों की घोषणा हो चुकी है।
विज्ञापन
रेलवे के अधिकारियों का कहना है कि,इस बार रेलवे गर्मियों की छुट्टी और मतदान की तारीखों को ध्यान में रखते हुए उन प्रदेशों की तरफ स्पेशल ट्रेनें चलाएगा जहां चुनाव होंगे। इसके लिए सभी रेलवे जोन से ट्रेनों की डिमांड मांगी गई है। रेलवे इनका विश्लेषण करने के बाद ही स्पेशल ट्रेनों की घोषणा करेगा।
विज्ञापन
रेलवे से मिली जानकारी के अनुसार, अगले डेढ़ माह में लगभग 185 विशेष ट्रेनों के माध्यम से 2600 फेरे लगाए जाएंगे। चुनावी राज्यों में मतदान की तारीखों को ध्यान में रखते हुए विशेष ट्रेनें भी शुरू की जाएगी। रेलवे को उम्मीद है कि इन ट्रेनों में 50 लाख यात्री सफर कर सकेंगे। इसमें सबसे खास बात यह है कि उत्तर प्रदेश, बिहार के लिए रेलवे स्पेशल ट्रेन चलाएगा।
विज्ञापन
दरअसल, हर साल गर्मियों में ट्रेनों में यात्रियों का सीट मिलने से दिक्कत आती है। खासतौर पर बिहार, यूपी, महाराष्ट्र और झारखंड जाने वाले यात्रियों को बहुत परेशानी झेलनी पड़ती है। इस बार गर्मी की छुट्टियों के साथ ही देश में लोकसभा चुनाव हो रहे हैं। ऐसे में वोटिंग के लिए घर जाने वाले यात्रियों की संख्या भी लाखों में रहने का अनुमान है। इसे ध्यान में रखते हुए इस बार स्पेशल ट्रेनों के फेरे बीते वर्ष की तुलना में ज्यादा रखने की तैयारी रेलवे कर रहा है। पिछले साल रेलवे की समर स्पेशल ट्रेनों ने छह हजार से अधिक फेरे लगाए थे। जबकि वर्ष 2022 में स्पेशल ट्रेनों ने 4600 फेरे लगाए थे। इस वर्ष अभी तक 185 रेलगाड़ियों के माध्यम से लगभग 2600 फेरों की घोषणा हो चुकी है। बीते वर्ष बिहार के लिए सबसे ज्यादा ट्रेनों की मांग थी। अभी तक बिहार के लिए दो दर्जन ट्रेनों की घोषणा हो चुकी है।
विज्ञापन
रेलवे के अधिकारियों का कहना है कि,इस बार रेलवे गर्मियों की छुट्टी और मतदान की तारीखों को ध्यान में रखते हुए उन प्रदेशों की तरफ स्पेशल ट्रेनें चलाएगा जहां चुनाव होंगे। इसके लिए सभी रेलवे जोन से ट्रेनों की डिमांड मांगी गई है। रेलवे इनका विश्लेषण करने के बाद ही स्पेशल ट्रेनों की घोषणा करेगा।