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रोगियों को जिला मुख्यालय में मिलेंगी अत्याधुनिक सुविधाएं
मंडी।
Updated Sat, 12 Mar 2016 06:07 PM IST
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स्वास्थ्य
- फोटो : अमर उजाला
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स्वास्थ्य, राजस्व एवं विधि मंत्री कौल सिंह ठाकुर ने शनिवार को क्षेत्रीय अस्पताल मंडी में डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से निर्मित पीसीआर लैब, अस्पताल परिसर में खाद्य सुरक्षा एवं दवा नियंत्रक के कार्यालय, लगभग 68 लाख की लागत से स्थापित जीन एक्सपर्ट मशीन, लगभग 22 लाख 12 हजार की लागत से हार्मोन ऐसऐ मशीन तथा 38 लाख की लागत से स्थापित फेको मशीन का शुभारंभ किया। पीसीआर लैब व अन्य मशीनें स्थापित होने से मरीजों को सुविधा मिलेगी।
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स्वास्थ्य मंत्री कौल सिंह ने दो बच्चियों को रोटा वायरस वैक्सीन की दवा पिलाकर मंडी जिला में इस कार्यक्रम की शुरुआत की। उन्होंने कायाकल्प कार्यक्रम के तहत क्षेत्रीय अस्पताल मंडी को प्रदेश में दूसरा स्थान प्राप्त करने पर 20 लाख का चेक भी प्रदान किया। क्षेत्रीय अस्पताल मंडी में पीसीआर लैब के खुल जाने से स्वाइन फलू की जांच की सुविधा उपलब्ध होगी तथा आने वाले समय में यहां एचआईवी, स्क्रब टायफस और सभी माइक्रो ओर्गेज्म की जांच भी की जाएगी। जीन एक्सपर्ट मशीन के स्थापित हो जाने से टीवी के कीटाणु के साथ रेफेम्पिसिन प्रतिरोधक के बारे में दो घंटे में पता चल जाएगा।
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जीन एक्सपर्ट मशीन की सुविधा प्रदेश के चार जिलों चंबा, कांगड़ा, मंडी और सोलन में लोगों के लिए शुरू की गई है। इस मशीन से रोगियों में शुरुआती दौर में ही जांच हो जाएगी और उन्हें लंबी अवधि के उपचार किए जाने से पहले ही बहुउद्देशीय दवाई प्रतिरोधक टीबी की बीमारी का भी पता चल जाएगा। क्षेत्रीय अस्पताल में हार्मोन ऐसऐ मशीन स्थापित हो जाने से थायरायड फंक्शन टेस्ट, एफएसएच, एलएच, प्रोलाक्टिन, एनीमिया प्रोफाइल के बारे में जांच हो सकेगी।
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रोटा वायरस वैक्सीन की शुरुआत शनिवार से मंडी जिला में आरंभ की गई है। यह वैक्सीन राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल की गई है तथा इसकी पांच बूंदे, छह, दस और 14 सप्ताह के अंदर शिशु को दी जाएंगी। इसका मुख्य उद्देश्य 0-5 वर्ष के बच्चों में दस्त से होने वाली बीमारी को दूर करना है। फेको मशीन से बिना चीर-फाड़ के मोतियाबिंद के ऑपरेशन किए जाएंगे। इस अवसर पर जिला परिषद की अध्यक्षा चंपा ठाकुर, जिला कांग्रेस के महासचिव चंद्रशेखर ठाकुर तथा पवन ठाकुर, द्रंग कांग्रेस के अध्यक्ष जोगिंद्र सिंह गुलेरिया, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा डीआर शर्मा, लोक निर्माण विभाग के अधिशाषी अभियंता डीसी यादव व अन्य मौजूद थे।