अस्पताल की लापरवाही से नवजात की मौत पर परिजनों ने किया हंगामा
शहर की उत्तम कालोनी निवासी मोहित बुधवार सुबह अपनी गर्भवती पत्नी लवली को चेकअप के लिए दिल्ली हास्पिटल लाया था।
रात 9 बजे के बाद कड़ी जद्दोजहद के बाद लवली से पैदा हुए नवजात की मौत हो गई। अपने बच्चे की मौत की जानकारी मिलते ही मोहित व उसके परिजनों में रोष फैल गया। कुछ ही मिनट में पीड़ित पक्ष के दर्जनों लोग अस्पताल में इकट्ठे हो गए। नवजात के पीड़ित पिता व दादी को रोते देख लोगों में गुस्सा भर गया और अस्पताल में खूब हंगामा किया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि बच्चा पैदा होने के काफी देर पहले से ही अस्पताल में कोई वरिष्ठ डाक्टर नहीं था।
शुरुआत से ही लवली का इलाज कर रही गायनी की विशेषज्ञ डा. राज रानी भी जरूरत के वक्त नहीं आईं और अस्पताल की लापरवाही से बच्चे की मौत हो गई।
सूचना मिलने पर शहर थाना पुलिस भी अस्पताल पहुंची। एसआई अतर सिंह समेत कई पुलिस कर्मी मौके पर पहुंचे। नाराज पीड़ित परिजनों को समझाने में पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।
मोहित ने पुलिस को दो पृष्ठ का अपने हाथ से लिखा शिकाययत पत्र देकर अस्पताल के खिलाफ कार्रवाई करने और न्याय दिलाने की मांग की। मोहित ने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि अस्पताल में उसकी पत्नी के इलाज और डिलीवरी के कार्य में घोर लापरवाही की गई। सबकुछ नर्सों के भरोसे छोड़ दिया गया।
हंगामे के मौके पर भी अस्पताल का कोई डाक्टर मौके पर नहीं था। परिजन चिल्ला चिल्लाकर डा. श्रवण बंसल या दूसरे जिम्मेदार डाक्टर को सामने लाने की मांग कर रहे थे, लेकिन कोई डाक्टर सामने नहीं आया। इस मौके पर मौजूद अस्पताल के प्रशासक मिस्टर सिंह ने कहा कि डाक्टर अस्पताल के अंदर ही हैं, लेकिन हंगामे की वजह से बाहर नहीं आ रहे। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच करके उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।