फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Fact Check ›   Rahul Gandhi met Zakir Naik in Malaysia AI photo viral

Fact Check: राहुल गांधी की मलयेशिया में जाकिर नाइक से मुलाकात? जानें वायरल तस्वीर का सच

Tue, 16 Sep 2025 09:50 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Tue, 16 Sep 2025 09:50 PM IST
सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक तस्वीर शेयर की जा रही है। तस्वीर में राहुल गांधी और जाकिर नाइक साथ नजर आ रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि मलेशिया में राहुल गांधी ने जाकिर नाइक से मुलाकात की है। 
 

विज्ञापन
Rahul Gandhi met Zakir Naik in Malaysia AI photo viral
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सोशल मीडिया पर एक तस्वीर वायरल हो रही है, जिसमें राहुल गांधी इस्लामिक प्रचारक और इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन के संस्थापक जाकिर नाइक से मिलते हुए नजर आ रहे हैं। दावा किया जा रहा है कि यह असली तस्वीर है, जिसमें राहुल गांधी मलयेशिया में जाकिर नाइक से मिलते हुए नजर आ रहे हैं। 

विज्ञापन

अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में इस तस्वीर में कोई सच्चाई नहीं पाई गई है। जांच में सामने आया कि तस्वीर एआई के माध्यम से बनाई गई है। AI-डिटेक्शन टूल ने भी पुष्टि की है कि इसमें मौजूद दृश्य AI द्वारा बनाए गए थे। असली तस्वीर जाकिर नाइक और उनके बेटे फारिक की थी। 

विज्ञापन

क्या है दावा 

इस पोस्ट को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि राहुल गांधी ने मलयेशिया में  इस्लामिक प्रचारक जाकिर नाइक से मुलाकात की है। 

सनातनी हिंदुइज्म नाम के एक इंस्टाग्राम अकाउंट ने इस तस्वीर को पोस्ट करके लिखा, “पंजाब का हाल देखने के लिए पप्पू पंजाब नहीं गया मगर एक एड्स मरीज को देखने के लिए मलयेशिया चला गया..!!” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन

इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

पड़ताल 
इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने सबसे पहले फोटो के ध्यान से देखा तो पाया फोटो के नीचे दाएं कोने में ‘CHATGPT’ का वॉटरमार्क लगा हुआ था। यहां से हमें पता लगा कि शायद यह तस्वीर एआई के माध्यम से बनी हो सकती है।



हमने हाइव AI  डिटेक्शन टूल्स का इस्तेमाल तस्वीर का सच्चाई जानने के लिए किया, और हाइव से पता चला कि यह तस्वीर 74.9% AI-जनरेटेड है। आगे हमने एक और एआई टूल से जांच की, तो पता चला कि तस्वीर एआई के माध्यम से बनी है।





आगे तस्वीर को रिवर्स इमेज पर सर्च करने पर हमें उम्मीद नाम की एक वेबसाइट मिली। इस वेबसाइट पर पर वायरल हो रही तस्वीर जैसी ही एक तस्वीर मौजूद थी। तस्वीर में जाकिर और उनके बगल में बैठा व्यक्ति तो नजर आ रहा है, लेकिन राहुल गांधी नजर नहीं आ रहे हैं। तस्वीर को 2023 में प्रकाशित किया गया था। राहुल गांधी का जगह कोई बुजुर्ग व्यक्ति नजर आ रहा है। शेयर की गई तस्वीर के साथ लिखा था “जाकिर नाइक, उनके बेटे फारिक, ओमान सल्तनत के ग्रैंड मुफ्ती, शेख अहमद बिन हमद अल खलीली के साथ एक बैठक के दौरान।” 



आप असली तस्वीर और वायरल तस्वीर के बीच में यहां अंतर देख सकते हैं। इसमें साफ नजर आ रहा है कि जाकिर नाइक और उनके बेटे के हाव भाव और बैठने का तरीका दोनों तस्वीर में एक जैसा है, लेकिन काले रंग के घेरे में हमने आपको जो व्यक्ति दिखाया है उसे एडिट करके राहुल गांधी की तस्वीर को लगाया गया है। 



पड़ताल का नतीजा 

हमारी पड़ताल में यह साफ है कि तस्वीर को एआई के माध्यम से एडिट करके झूठा दावा किया जा रहा है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed