फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Entertainment ›   Bollywood ›   Raggiri event held in delhi to tribute Ustad Ashiq ali khan 

सुर, ताल, नृत्य से सजी सांझ

Mon, 11 Apr 2016 03:42 PM IST
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली
टीम डिजिटल/अमर उजाला, दिल्ली Updated Mon, 11 Apr 2016 03:42 PM IST
विज्ञापन
Raggiri event held in delhi to tribute Ustad Ashiq ali khan 
दिल्ली के कमानी ऑडिटोरियम में शनिवार की शाम सुर, ताल और नृत्य के नाम रही। जाने माने सारंगी वादक उस्ताद आशिक अली की याद में एक सुरीली सांस्कृतिक संध्या का आयोजन हुआ।
विज्ञापन


कार्यक्रम की शुरुआत हुई किराना घराने के युवा शास्त्रीय गायक गिरिजेश कुमार के गायन से। गिरिजेश ने राग पूरिया धनाश्री में विलंबित रचना पेश की। एकताल में निबद्ध इस बंदिश के बोल थे- अब तो रुत मा ना आए. द्रुत रचना- पायलिया झनकार मोरी तीन ताल में निबद्ध थी।
विज्ञापन




हारमोनियम पर संगत दी उस्ताद आरिफ अली खान ने और तबले पर रहे पंडित आनंद भट्ट। इसके बाद जाने माने तबला वादक उस्ताद राशिद मुस्तफा थिरकवा ने अपने सुपुत्र शारिक मुस्तफा के साथ तबला डुएट पेश किया।
विज्ञापन
विज्ञापन


दोनों की दमदार तिहाइयों पर बार-बार तालियां बजीं। तीसरी और अंतिम प्रस्तुति थी पद्मश्री से सम्मानित नृत्यांगना शोभना नारायण का कथक नृत्य। शोभना नारायण ने अपनी भावपूर्ण प्रस्तुति से दर्शकों का मन मोह लिया। दर्शकों की फरमाइश पर उन्होंने एक ग़ज़ल पर भी नृत्य पेश किया।



इस मौके पर संगीत जगत की कई जानी मानी हस्तियों को सम्मानित किया गया जिनमें शामिल थे पंडित केशव तालेगांवकर, पंडित बलराम सिंह, पंडित गोविंदा चक्रवर्ती, विदुशी सुमित्रा गुहा, उस्ताद मंजू खान और गुलाम मोहम्मद खान।




कार्यक्रम का संचालन किया श्रीमती मंजरी जोशी ने। कार्यक्रम के दौरान शास्त्रीय संगीत का प्रचार प्रसार करने वाली संस्थान रागगीरी ने संगीत से जुड़े अपने कुछ खास प्रोडक्ट भी शोकेस किए।
 
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें मनोरंजन समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। मनोरंजन जगत की अन्य खबरें जैसे बॉलीवुड न्यूज़, लाइव टीवी न्यूज़, लेटेस्ट हॉलीवुड न्यूज़ और मूवी रिव्यु आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed