Lok Sabha Elections: दिल्ली के संवेदनशील इलाकों में सुरक्षाबलों की 10 कंपनी तैनात, अर्द्धसैनिक बलों की और मांग
दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा बलों की 10 कंपनियां शनिवार को उन संवेदनशील क्षेत्रों में उतार दीं, जहां चुनावों के दौरान गड़बड़ी होने की आशंका है।
विस्तार
राष्ट्रीय राजधानी में मतदान भले ही 25 मई को होना है, मगर दिल्ली पुलिस ने यहां पर सुरक्षा को पूरी तरह से चौकचौबंद करना अभी से शुरू कर दिया है। दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा बलों की 10 कंपनियां शनिवार को उन संवेदनशील क्षेत्रों में उतार दीं, जहां चुनावों के दौरान गड़बड़ी होने की आशंका है। निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और बिना किसी गड़बड़ी के चुनाव कराने के लिए 40 हजार पुलिस अधिकारियों व जवानों को ट्रेनिंग दी गई है।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस में इलेक्शन सेल बनाई गई है। पुलिस उपायुक्त संजय सहरावत को इसका प्रभारी बन गया है। दिल्ली पुलिस के 15 जिले हैं। हर जिले में एक-एक इलेक्शन सेल बनाई गई है। अधिकारी ने बताया कि दिल्ली पुलिस ने चुनावों के लिए गृहमंत्रालय से अर्द्धसैनिक बलों की काफी कंपनियां मांगी हैं। 10 कंपनियां मिल गई हैं। इन कंपनियों को चुनावों के लिए एरिया डोमिनेशन के लिए विभिन्न क्षेत्रों में उतार दिया गया है।
एक अन्य पुलिस अधिकारी ने बताया कि चुनाव आयोग की विभिन्न टीमों में तैनात होने के लिए दिल्ली पुलिस ने अपने स्टाफ को रविवार को भेज दिया है। हर पुलिस स्टेशन से चार-चार, पांच-पांच कर्मी चुनाव आयोग भेजे जा रहे हैं। दिल्ली पुलिस के ये कर्मी स्टेट सर्विलांस टीम (एसएसटी) टीम व फ्लाइंग टीम में तैनात किए जाएंगे। ये टीमें चुनावों को लेकर दबिश देती हैं।
स्टेट सर्विलांस टीम
यह टीम इलाके में नाको आदि एक जगह पर खड़ी या तैनात रहती है। ये पैसे और शराब आदि की धरपकड़ का काम करती है। इनमें आयकर विभाग व दिल्ली पुलिस समेत सभी विभागों के अधिकारी होते हैं।
फ्लाइंग टीम
ये टीम इलाकों में गश्त करती है। ये पैसे व शराब आदि का लालच देकर मतदान को प्रभावित करने वाले लोगों को पकड़ती है। टीम पैसे व शराब आदि को भी जब्त करती है।
दिल्ली पुलिस ने लोकसभा चुनावों को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण व बिना किसी पक्षपात से कराने के लिए तैयारियां पहले से ही शुरू कर दी हैं। इसके लिए दिल्ली पुलिस के 40 हजार से ज्यादा जवानों को ट्रेनिंग दी गई है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भी निगरानी के लिए इलाकों में उतारा जाएगा। चुनाव आयोग के सभी दिशा निर्देशों को पालन किया जाएगा।
-संजय सेहरावत, प्रभारी, इलेक्शन सेल, दिल्ली पुलिस
बदमाशों को किया जा रहा पाबंद
इलेक्शन सेल के प्रभारी पुलिस उपायुक्त संजय सहरावत ने बताया कि पिछले पांच वर्ष के आपराधिक प्रवृति के लोगों का डाटा तैयार करने और उन्हें पकड़कर बाउन-डाउन (पाबंद करना) किया जा रहा है। आपराधिक प्रवृति के लोग चुनावों में किसी तरह की गडग़ड़ी न करें, इस कारण ये कदम उठाए जा रहे हैं।
आचार संहिता लागू होते ही पोस्टर, बैनर हटाने की प्रक्रिया शुरू
लोकसभा चुनाव के लिए आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद शनिवार शाम से ही दिल्ली नगर निगम ने शहर में दीवारों पर लगे पोस्टर, बैनर और दीवारों पर बनाई गईं पेंटिंग्स को हटाने के लिए अभियान शुरू किया है। इसी तरह से नई दिल्ली क्षेत्र में एनडीएमसी और दिल्ली छावनी क्षेत्र में भी छावनी परिषद की ओर से राजनीतिक प्रचार सामग्री हटाई जा रही है।
सरकारी कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर मुख्यमंत्री और अन्य निर्वाचित नेताओं की तस्वीरें हटाई जा रही हैं। एमसीडी अधिकारियों के मुताबिक, राजनीतिक पार्टियों की ओर से लगाए गए सारे बैनर पोस्टर जल्द ही हटा दिए जाएंगे। सभी 12 जोन में इसके लिए स्पेशल टास्क फोर्स बनाकर तैनात की गई है। ये कर्मचारियों के साथ मिलकर नियमित रूप से राजनीतिक रूप से लगाए गए बैनर, पोस्टर व अन्य प्रचार सामग्री को हटाने का काम कर रही है।
रविवार को कड़कड़ी मोड़ से लेकर विकास मार्ग पर, कड़कड़डूमा से लक्ष्मी नगर तक मेट्रो पिलर और सड़क के आसपास की दीवारों पर लगे बैनर पोस्टर हटाए गए। इसी प्रकार से दिल्ली के दूसरे इलाकों में निगम की टीम ने कार्रवाई की है।