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Andhra Pradesh: 'टीडीपी और जनसेना के घोषणापत्र से पीएम मोदी की तस्वीर हटाई गई', सीएम के दावे से हुआ विवाद
Wed, 01 May 2024 07:57 AM IST
नितिन गौतम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हैदराबाद
Published by: नितिन गौतम
Updated Wed, 01 May 2024 07:57 AM IST
सार
मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी ने दावा किया कि घोषणापत्र में पूर्व में चंद्रबाबू नायडू की तस्वीर प्रमुखता से छपी थी और साथ में पीएम मोदी की भी तस्वीर थी, लेकिन घोषणापत्र जारी होने से पहले दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय से एक कॉल आई, जिसमें कथित तौर पर कहा गया कि पीएम मोदी की तस्वीर इस घोषणापत्र पर स्वीकार्य नहीं है।
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घोषणापत्र जारी करते चंद्रबाबू नायडू और पवन कल्याण
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी की एक ताजा टिप्पणी से राज्य की राजनीति गरमा गई है। दरअसल सीएम जगन रेड्डी ने दावा किया कि चंद्रबाबू नायडू की तेदेपा और पवन कल्याण की पार्टी जन सेना पार्टी के संयुक्त घोषणापत्र से पीएम मोदी की तस्वीर हटाई गई। सीएम ने दावा किया कि दिल्ली से एक कॉल आई, जिसके बाद पीएम मोदी की तस्वीर को दोनों पार्टियों के संयुक्त घोषणापत्र से हटा दिया गया। हालांकि एनडीए नेताओं ने सीएम जगन रेड्डी के दावे को खारिज कर दिया और कहा कि सीएम ऐसे बयानों से गठबंधन में दरार पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।
सीएम ने घोषणापत्र पर उठाए सवाल
मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी ने दावा किया कि 'घोषणापत्र में पूर्व में चंद्रबाबू नायडू की तस्वीर प्रमुखता से छपी थी और साथ में पीएम मोदी की भी तस्वीर थी, लेकिन घोषणापत्र जारी होने से पहले दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय से एक कॉल आई, जिसमें कथित तौर पर कहा गया कि पीएम मोदी की तस्वीर इस घोषणापत्र पर स्वीकार्य नहीं है।' सीएम रेड्डी ने कहा कि 'इससे साफ पता चलता है कि उनके द्वारा किए गए वादे हकीकत से दूर हैं और उन्हें पूरा नहीं किया जा सकता।'
आंध्र प्रदेश में टीडीपी, जनसेना पार्टी, भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन का हिस्सा हैं। टीडीपी और जनसेना पार्टी के संयुक्त घोषणापत्र के अनावरण के दौरान भाजपा नेता सिद्धार्थ नाथ सिंह मौजूद रहे, लेकिन इसे लेकर भी सवाल उठ रहे हैं कि सिद्धार्थनाथ सिंह ने घोषणापत्र हाथ में नहीं लिया। टीडीपी और जनसेना पार्टी का घोषणापत्र मंगलवार को जारी किया गया, जिसमें सभी महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा, दीपम योजना के तहत तीन सिलेंडर मुफ्त देने, 18 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये की आर्थिक मदद देने, बेरोजगार युवाओं को हर महीने तीन हजार रुपये का भत्ता देने, हर घर में पानी का कनेक्शन देने, बच्चों की पढ़ाई के लिए हर परिवार को सालाना 15000 रुपये की आर्थिक मदद देने जैसे वादे शामिल हैं। साथ ही इस घोषणापत्र में मुस्लिमों को हज यात्रा के लिए एक लाख रुपये देने और ईसाइयों को यरूशलम यात्रा कराने जैसे वादे भी शामिल हैं।
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चंद्रबाबू नायडू ने बताई वजह
वहीं चंद्रबाबू नायडू ने सीएम जगन मोहन रेड्डी के दावों पर सफाई देते हुए बताया कि एनडीए ने राष्ट्रीय स्तर पर अपना घोषणा पत्र जारी किया है और अब भाजपा के साथ विचार विमर्श के बाद टीडीपी और जन सेना पार्टी ने अपना संयुक्त घोषणापत्र जारी किया है। इस घोषणापत्र में सभी पार्टियों के विचार शामिल हैं। गौरतलब है कि चंद्रबाबू नायडू बीते दिनों ही एनडीए में शामिल हुए। इससे पहले 2014 का लोकसभा चुनाव भी टीडीपी ने भाजपा के साथ लड़ा था, लेकिन 2019 के आम चुनाव में चंद्रबाबू नायडू ने एनडीए से नाता तोड़ लिया था। अब छह साल बाद फिर से चंद्रबाबू नायडू की एनडीए में वापसी हुई है।
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सीएम ने घोषणापत्र पर उठाए सवाल
मुख्यमंत्री जगन मोहन रेड्डी ने दावा किया कि 'घोषणापत्र में पूर्व में चंद्रबाबू नायडू की तस्वीर प्रमुखता से छपी थी और साथ में पीएम मोदी की भी तस्वीर थी, लेकिन घोषणापत्र जारी होने से पहले दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय से एक कॉल आई, जिसमें कथित तौर पर कहा गया कि पीएम मोदी की तस्वीर इस घोषणापत्र पर स्वीकार्य नहीं है।' सीएम रेड्डी ने कहा कि 'इससे साफ पता चलता है कि उनके द्वारा किए गए वादे हकीकत से दूर हैं और उन्हें पूरा नहीं किया जा सकता।'
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आंध्र प्रदेश में टीडीपी, जनसेना पार्टी, भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन का हिस्सा हैं। टीडीपी और जनसेना पार्टी के संयुक्त घोषणापत्र के अनावरण के दौरान भाजपा नेता सिद्धार्थ नाथ सिंह मौजूद रहे, लेकिन इसे लेकर भी सवाल उठ रहे हैं कि सिद्धार्थनाथ सिंह ने घोषणापत्र हाथ में नहीं लिया। टीडीपी और जनसेना पार्टी का घोषणापत्र मंगलवार को जारी किया गया, जिसमें सभी महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा, दीपम योजना के तहत तीन सिलेंडर मुफ्त देने, 18 साल से अधिक उम्र की महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये की आर्थिक मदद देने, बेरोजगार युवाओं को हर महीने तीन हजार रुपये का भत्ता देने, हर घर में पानी का कनेक्शन देने, बच्चों की पढ़ाई के लिए हर परिवार को सालाना 15000 रुपये की आर्थिक मदद देने जैसे वादे शामिल हैं। साथ ही इस घोषणापत्र में मुस्लिमों को हज यात्रा के लिए एक लाख रुपये देने और ईसाइयों को यरूशलम यात्रा कराने जैसे वादे भी शामिल हैं।
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चंद्रबाबू नायडू ने बताई वजह
वहीं चंद्रबाबू नायडू ने सीएम जगन मोहन रेड्डी के दावों पर सफाई देते हुए बताया कि एनडीए ने राष्ट्रीय स्तर पर अपना घोषणा पत्र जारी किया है और अब भाजपा के साथ विचार विमर्श के बाद टीडीपी और जन सेना पार्टी ने अपना संयुक्त घोषणापत्र जारी किया है। इस घोषणापत्र में सभी पार्टियों के विचार शामिल हैं। गौरतलब है कि चंद्रबाबू नायडू बीते दिनों ही एनडीए में शामिल हुए। इससे पहले 2014 का लोकसभा चुनाव भी टीडीपी ने भाजपा के साथ लड़ा था, लेकिन 2019 के आम चुनाव में चंद्रबाबू नायडू ने एनडीए से नाता तोड़ लिया था। अब छह साल बाद फिर से चंद्रबाबू नायडू की एनडीए में वापसी हुई है।