फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Education ›   Women continuously moving forward as 50% increase seen in CAT registration over compared to 6 years

बेटियों का कमाल : IIM की प्रवेश परीक्षा में 66 फीसदी का इजाफा

Tue, 27 Nov 2018 12:29 PM IST
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला Updated Tue, 27 Nov 2018 12:29 PM IST
विज्ञापन
Women continuously moving forward as 50% increase seen in CAT registration over compared to 6 years

आईआईएम में दाखिला लेने के लिए होने वाली कैट 2018 परीक्षा में आज से 6 साल पहले के मुकाबले 50 प्रतिशत ज्यादा महिलाओं की भागीदारी देखी गयी। वर्ष 2013 में 56409 महिलाओं के मुकाबले इस वर्ष 84350 महिलाओं ने कैट की परीक्षा के लिए पंजीकरण कराया। 

विज्ञापन


बता दें कि 2017 के मुकाबले भी इस वर्ष 50 प्रतिशत महिलाओं ने परीक्षा हेतु पंजीकरण कराया। कुल मिलकर पिछले वर्ष के मुताबिक 2.29 लाख छत्रों ने आवेदन किया था जबकि इस वर्ष कुल 2.41 उम्मीदवारों ने आवेदन किया, जिसमें से 78009 उम्मीदवार महिलाएं थीं।
विज्ञापन


कैट परीक्षा के संयोजक आईआईएम कोलकाता के सुमंता बासु के अनुसार, हम सोच समझ कर महिलाओं को आने के लिए प्रेरित कर रहे हैं ताकि क्लासरूम में परिवर्तन आ सके। साथ ही हमे संस्थान में और महिलाऐं चाहिए। 
विज्ञापन
विज्ञापन


हाल ही आये आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2018 में 85350 , 2017 में 78009 , 2016 में 76704 , 2015 में 69176 , 2014 में 59211 और 2013 में 56409 महिलाओं ने कैट की परीक्षा हेतु आवेदन किया। 

आईआईएम काफी समय से महिलाओं और इंजीनियरों के लिए सीट आरक्षित कर रहा है जिसका बड़ा कारण है क्लास में परिवर्तन लाना। बता दें कि वर्ष 2013 में आईआईएम कोझिकोड़े महिलाओं के लिए सीट आरक्षित करने वाला पहला संस्थान बना। 


रिपोर्ट के मुताबिक, बीते वर्षों में आईआईएम संस्थान ने पात्रता मापदंडों में काफी परिवर्तन किये हैं। कैट परीक्षा में दिए जाने वाला महत्व प्रत्येक आईआईएम संस्थान के लिए अलग है। आईआईएम संस्थान में उम्मीदवारों को चुनने के लिए लिखित परीक्षा, साक्षात्कार और ग्रुप डिस्कशन के मापदंड में कक्षा 10 और 12 वीं के परिणाम भी बहुत मायने रखते हैं। मुंबई की एक कोचिंग के डायरेक्टर के अनुसार, हाल के वर्षों में तयारी हेतु कोचिंग संस्थानों में भी लड़कियों की बढ़त देखी गयी है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें शिक्षा समाचार आदि से संबंधित ब्रेकिंग अपडेट।

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed