UP Board Result 2020 Date: यूपी बोर्ड 12वीं के बाद विदेशी भाषा में हैं करियर के कई अवसर
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Uttar Pradesh Madhyamik Shiksha Parishad (UP Board) 10th/12th Result 2020 Date: वैश्वीकरण के इस दौर में जहां विभिन्न देशों के बीच की दूरियां और सीमाएं सिमटकर रह गई हैं, वहीं विदेशी भाषाओं की जानकारी रोजगार के बेहतरीन अवसर मुहैया करा रही है। यही वजह है कि आज छात्रों को परंपरागत विषयों से हटकर विदेशी भाषा का अध्ययन ज्यादा लुभा रहा है। आजकल जापान और इजरायल सहित अनेक देशों के साथ भारत अपने व्यापार संबंधों का बहुत तेजी से विस्तार कर रहा है। ऐसे में इन देशों की भाषाओं का ज्ञान रखने वाले लोगों की बड़ी संख्या में आवश्यकता महसूस की जा रही है।
बढ़ती लोकप्रियता:
- फ्रेंच भाषा मौजूदा समय में अंग्रेजी के बाद विश्व की सर्वाधिक लोकप्रिय भाषा बन गई है। इस भाषा को अंग्रेजी के जानकार बेहद सरलता से सीख सकते हैं क्योंकि यह भाषा अंग्रेजी से काफी कुछ मिलती-जुलती है। फ्रेंच भाषा के बाद जर्मन भाषा का क्रम आता है। जर्मन भाषा, जर्मनी, ऑस्ट्रेलिया, स्विटजरलैंड आदि देशों में लगभग करोड़ाेें लोगों द्वारा बोली व समझी जाती है। यही वजह है कि जर्मन भाषा सीखने वालों में भारतीयों की संख्या भी तेजी से बढ़ी है। इसके अलावा जापानी, चीनी और रूसी भाषा जानने वालों के लिए भी अवसर बढ़े हैं।
पाठ्यक्रम:
विदेशी भाषा से संबंधित पाठ्यक्रम मुख्यतः तीन प्रकार के होते हैं-
- प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम,
- डिप्लोमा पाठ्यक्रम
- डिग्री पाठ्यक्रम
प्रमाणपत्र और डिग्री पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 10+2 परीक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य है, लेकिन ज्यादातर स्थानों पर डिप्लोमा पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए पात्रता मापदंड संबद्ध भाषा में प्रमाणपत्र पाठ्यक्रम है। छात्रों को किसी भी विदेशी भाषा कोर्स में एडमिशन लेने से पूर्व सभी भाषाओं के विषय में अच्छी तरह से जानकारी प्राप्त कर लेनी चाहिए और जो भाषाएं वैश्वीकरण के दौर की महत्वपूर्ण भाषाएं हैं और जो रोजगारोन्मुखी हैं उनकी ओर विद्यार्थियों को कदम बढ़ाने चाहिए।
अवसर भी है भरपूर:
- विदेशी भाषा में रोजगार की बात करें तो विदेशी भाषा सीखकर आप अनुवादक या दुभाषिया बन सकते हैं। इस कार्य में लिखित अनुवाद करना शामिल होता है। दूसरी ओर दुभाषिए का काम थोड़ा कठिन होता है। उसे तत्काल एक भाषा का दूसरी भाषा में सही-सही अनुवाद करना पड़ता है। इसके लिए स्रोत भाषा की अधिक गहन जानकारी आवश्यक होती है तथा संबंधित विदेशी भाषा का उच्चारण भी सही-सही आना आवश्यक है। विदेशी भाषा की पढ़ाई करने के बाद छात्र दुभाषिया तथा अनुवादक के अतिरिक्त टूरिस्ट गाइड, अध्यापन, विभिन्न एयरलाइंस में भी बेहतरीन करियर बना सकते हैं। इसके अलावा आप स्वतंत्र लेखन, अनुवाद संस्थाओं, शोध संस्थाओं, अंतरराष्ट्रीय संस्थानों, रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया, विदेशी कंपनियों व पुस्तक प्रकाशन में पर्याप्त रोजगार प्राप्त कर सकते हैं। इस क्षेत्र में रोजगार के ढेरों अवसर विद्यमान हैं।
महत्वपूर्ण संस्थान:
- पूणे विश्वविद्यालय
- जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय
- राजस्थान विश्विद्यालय
- मुंबई विश्वविद्यालय

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