MBBS: विदेश से एमबीबीएस करके आए छात्रों के लिए सिर्फ 42 सीटें, छात्रों ने कहीं ये बातें
नई दिल्ली। विदेश से एमबीबीएस कर मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया स्क्रीनिंग टेस्ट पास करने वाले छात्रों को 42 सीटें आवंटित की गई हैं।
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नई दिल्ली। विदेश से एमबीबीएस कर मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया स्क्रीनिंग टेस्ट पास करने वाले छात्रों को 42 सीटें आवंटित की गई हैं। हालांकि दिल्ली में ऐसे छात्रों की संख्या करीब दो हजार बताई जा रही है। दिल्ली मेडिकल काउंसिल ने बृहस्पतिवार को इन छात्रों के लिए चार मेडिकल कॉलेज में इंटर्नशिप के लिए 42 सीटें आवंटित की।
इन सीटों में लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज में 18, वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज में 13, हमदर्द इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस में 4 और बाबा साहेब अंबेडकर मेडिकल कॉलेज में 7 सीट शामिल है। जबकि एम्स, मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, डॉ. राम मनोहर लोहिया सहित अन्य मेडिकल कॉलेज में कोई सीट नहीं दी गई है।
छात्रों का आरोप है कि काउंसिल ने जो सीटें दी हैं, उसके बाद छात्र एमबीबीएस की पढ़ाई करने के बाद भी डॉक्टर नहीं बन पाएंगे। डॉक्टर बनने के लिए इंटर्नशिप जरूरी है, लेकिन इसकी सुविधा नहीं मिल रही। ऐसे में हजारों छात्र चार से छह साल की पढ़ाई करने के बाद भी कुछ नहीं कर पाएंगे।
इस संबंध में डॉक्टरों के संगठन फेमा के संस्थापक सदस्य डॉ मनीष जांगड़ा ने बताया कि दिल्ली में सैकड़ों छात्र इंटर्नशिप करना चाहते हैं, लेकिन 42 सीट ही दी गई हैं, ऐसे में सभी को मौका नहीं मिल पाएगा।
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