Teachers Recruitment Scam: कर्नाटक भर्ती घोटाले में सीआईडी ने 51 जगहों पर छापेमारी, 38 शिक्षक गिरफ्तार
Teachers Recruitment Scam: सीआईडी शिक्षकों की नियुक्ति में हुई अनियमितता की जांच कर रही है। इस दौरान चार जिलों में 51 जगहों पर एक साथ छापेमारी की गई। जहां से 38 शिक्षकों को गिरफ्तार किया गया है।
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Teachers Recruitment Scam, Karnataka : कर्नाटक के कथित शिक्षक भर्ती घोटाले में सीआईडी की टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। शिक्षकों की नियुक्ति में हुई अनियमितता की जांच कर रही सीआईडी ने चार जिलों में 51 जगहों पर एक साथ छापे मारी की। जहां से 38 शिक्षकों को गिरफ्तार किया गया है। जिन्हें कथित तौर पर भर्ती घोटाले में अवैध रूप से नियुक्त किया गया था। दो महीने पहले विधान सौधा थाने में 2012-13 और 2014-15 में शिक्षकों की नियुक्ति में अनियमितता की शिकायत दर्ज कराई गई थी। जिसके बाद सीआईडी ने छापेमारी की कार्रवाई की।
30 से अधिक टीमों ने की छापेमारी
शिकायत के बाद सीआईडी ने बुधवार को 38 शिक्षकों को गिरफ्तार कर छापेमारी की। सीआईडी ने कहा कि 24 शिक्षकों को कोलार से, पांच को बेंगलुरु दक्षिण से, तीन को चिक्कबल्लापुरा से और पांच को चित्रदुर्ग से गिरफ्तार किया गया है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि अन्य का पता लगाने का प्रयास जारी है और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस पूरे ऑपरेशन के दौरान 30 से अधिक टीमों ने एक साथ कार्रवाई की।
शिक्षा विभाग ने सीआईडी को दी रिपोर्ट
छापेमारी को 18 उपाधीक्षकों और 14 निरीक्षकों ने अन्य कर्मियों के साथ मिलकर अंजाम दिया। शिक्षा विभाग ने आंतरिक जांच के बाद हाल ही में सीआईडी को एक रिपोर्ट सौंपी थी, जिसमें भ्रष्टाचार के जरिए नियुक्त किए गए शिक्षकों का विवरण दिया गया था। रिपोर्ट के आधार पर सीआईडी ने विशेष टीमों का गठन कर छापेमारी की।
दो थानों में दर्ज हुआ था मामला
अगस्त और सितंबर में विधान सौधा पुलिस थाने और हलासुरु गेट पुलिस थाने में शिकायत दर्ज होने के बाद यह घोटाला सामने आया। इसकी गंभीरता को देखते हुए सरकार ने विस्तृत जांच के लिए मामले को सीआईडी को सौंप दिया।
पहले भी हो चुकी हैं बड़ी गिरफ्तारियां
इससे पहले सीआईडी अधिकारियों ने शिक्षा विभाग के निदेशकों और पूर्व संयुक्त निदेशकों सहित 22 लोगों को गिरफ्तार किया था। साथ ही 12 शिक्षकों को भी गिरफ्तार किया था, जिन्होंने अवैध रूप से नौकरी हासिल की थी और कई वर्षों से सेवा कर रहे थे।
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