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परिषदीय स्कूल के बच्चों की मार्किंग बढ़ाएगी गुरुजी का कद
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- मॉडल शिक्षक के रूप में पहचाने जाएंगे अच्छा काम करने वाले शिक्षक शिक्षिकाएं
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राहुल सक्सेना
गाजियाबाद। परिषदीय स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने के लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने
नई पहल की है। इस पहल के माध्यम से बच्चों की मार्किंग से शिक्षकों का कद बढ़ेगा। कौन
शिक्षक कैसा पढ़ाता है और कितना पढ़ाता है, बच्चे किस की पढ़ाई को पसंद करते हैं। उसके
आधार पर शिक्षकों को नंबर दिए जाएंगे। अच्छा काम करने वाले शिक्षकों को विभाग द्वारा
सम्मानित किया जाएगा, जिससे अन्य शिक्षक भी बच्चों की पढ़ाई पर ध्यान दे सकें।
बेसिक शिक्षा विभाग के 455 प्राथमिक, उच्च प्राथमिक एवं कंपोजिट विद्यालयों में करीब
ढाई हजार शिक्षक शिक्षिकाएं तैनात हैं। अधिकतर शिक्षक ऐसे हैं, जो बच्चों को पढ़ाते ही
नहीं है। जबकि कुछ शिक्षक बच्चों की पढ़ाई पर काफी ध्यान देते हैं। अच्छा काम करने वाले एवं
काम न करने वाले शिक्षकों की मार्किंग विभाग के अधिकारी स्कूलों में पढ़ने वाले
छात्र-छात्राओं से कराएंगे, जिससे शिक्षकों की सही स्थिति के बारे में पता चल सकेगा। खंड
शिक्षा अधिकारी, एसआरपी एवं एसआरजी स्कूलों में जाएंगे और कुछ बच्चों का चयन करेंगे। इन
बच्चों से प्रत्येक सप्ताह एवं महीने में शिक्षकों के बारे में पूछा जाएगा। उनकी रिपोर्ट ली
जाएगी कि किस शिक्षक ने क्या पढ़ाया। कितने बजे स्कूल आए और कितने बजे स्कूल से गए। बच्चों
का कोर्स पूरा हुआ या नहीं हुआ। कोर्स महीने के हिसाब से कितना पिछड़ा हुआ है। इस सब पर
नजर रहेगी। इससे ऐसे शिक्षक पढ़ाना शुरू कर देंगे, जो छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर ध्यान
नहीं देते हैं। स्कूलों के अंदर आने के बाद मोबाइल पर लग जाते हैं। बच्चों को स्वयं किताब पढ़ने
के लिए बोल देते हैं। अब शिक्षकों को ऐसा करना भारी पड़ जाएगा। बेसिक शिक्षा अधिकारी
ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं। स्कूल खुलते ही यह
प्रक्रिया लागू हो जाएगी। बच्चों की रिपोर्ट ही शिक्षकों का कद तय करेगी।
- ये करेंगे मानिटरिंग
प्रत्येक परिषदीय स्कूल में हर कक्षा से एक या दो बच्चे लिए जाएंगे। जो बच्चे समझदार और
पढ़ाई में अच्छे होंगे। ऐसे बच्चों पर शिक्षक दबाव भी नहीं बना पाएंगे। यदि शिक्षक ने दबाव
बनाया और छात्र ने उनकी शिकायत अधिकारी से कर दी तो संबंधित शिक्षक के खिलाफ
कार्रवाई की जाएगी। एसआरजी, एसआरपी और खंड शिक्षा अधिकारी विशेष रूप से इसकी
मानिटरिंग करेंगे।
- शिक्षकों को किया जाएगा पुरस्कृत
जो शिक्षक-शिक्षिकाएं विद्यालय में अच्छा शिक्षण कार्य कराएंगे, उनकी रिपोर्ट तैयार करने
के बाद एक सम्मान समारोह आयोजित किया जाएगा। उस समारोह में सभी अच्छा कार्य करने
वाले शिक्षकों को सम्मानित किया जाएगा, जिससे अन्य शिक्षक भी प्रोत्साहित होकर बच्चों
को सही तरीके से पढ़ाना शुरू कर दें।
वर्जन...
इस पहल से सभी शिक्षक अच्छे से कार्य करेंगे। बच्चों से शिक्षकों के बारे में पूछा जाएगा, जिन
शिक्षकों की पढ़ाने की स्थिति खराब होगी। उन पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी। शैक्षिक
गुणवत्ता बढ़ाने के लिए यह पहल की जा रही है। इस व्यवस्था से स्कूलों में पढ़ाई पर जरूर असर
पड़ेगा।
ब्रजभूषण चौधरी, बीएसए