Uttarakhand Weather: मैदान में देर शाम झमाझम बारिश ने गर्मी से दी राहत, बदरीनाथ-यमुनोत्री में बर्फबारी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजधानी देहरादून समेत आसपास के इलाकों में सोमवार शाम बादलों की गड़गड़ाहट और चमक के साथ शुरू हुई बारिश से लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिली। वहीं, बदरीनाथ, यमुनोत्री घाटी और हेमकुंड साहिब में बर्फबारी से मौसम में ठंडक आ गई।
मौसम केंद्र के अनुसार मंगलवार को भी कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है। सोमवार सुबह दून और आसपास के ज्यादातर इलाकों में मौसम साफ रहा। शाम होते-होते हल्के बादल छाने से अंधेरा छा गया। देर शाम को ज्यादातर क्षेत्रों में बिजली चमकने लगी और गरज व चमक के साथ बारिश शुरू हो गई। काफी देर तक सभी इलाकों में तेज बारिश होती रही। इससे तापमान में कमी आई है। मौसम केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि मंगलवार को भी कुछ क्षेत्रों में हल्के बादल छाए रह सकते हैं। कई इलाकों में बारिश होने का अनुमान भी है।
आंधी और आसमानी बिजली की कड़कड़ाहट से बत्ती गुल
सोमवार को देर शाम से शुरू हुई आंधी-तूफान और आसमानी बिजली कड़कड़ाहट से पूरे सहित ग्रामीण क्षेत्रों की बत्ती गुल हो गई। कई क्षेत्रों में बिजली की तारों पर पेड़ की टहनियां गिरने से लाइन क्षतिग्रस्त हो गई और कई जगह लाइन में फॉल्ट आ गया। जिससे घंटों बिजली गुल रही। ऊर्जा निगम के कर्मचारी फॉल्ट ढूंढकर बिजली आपूर्ति सुचारु करने में जुटे रहे।
सोमवार को शाम को अचानक मौसम ने करवट बदला और तेज आंधी-तूफान के साथ ही आसमानी बिजली कड़कड़ने लगी। आंधी तूफान के कारण राजपुर रोड, सहस्रधारा रोड, शिमलाबाई पास, हरिद्वार रोड सहित कई कई क्षेत्रों में पेड़ की टहनियां टूटकर बिजली के तारों पर गिर गए। जिससे लाइनें क्षतिग्रस्त हो गई और बिजली गुल हो गई। वहीं आसमानी बिजली कड़कने से कई जगह इंस्लुलेटर फटने के कारण लाइनों में फॉल्ट आ गया और शहरी क्षेत्रों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली की बत्ती गुल हो गई। कई क्षेत्रों में ऐहतियातन ऊर्जा निगम ने शटडॉउन कर दिया।
देर रात तक आंधी-तूफान जारी रहने के कारण ऊर्जा निगम कर्मचारियों को फॉल्ट ढूंढने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जिससे कई क्षेत्रों में घंटों लोगों को अंधेरें में गुजारना पड़ा। हालांकि आंधी-तूफान थमने के बाद शहर के कई क्षेत्रों में बिजली की सफ्लाई सुचारु कर दी गई थी।