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उत्तराखंड बजट सत्र 2021: ‘मार्च बुखार’ से इस बार भी जूझेगी सरकार, कैग रिपोर्ट से हुआ खुलासा

Wed, 03 Mar 2021 12:18 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal सुधाकर भट्ट, अमर उजाला, देहरादून
सुधाकर भट्ट, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Wed, 03 Mar 2021 12:18 PM IST
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Uttarakhand Budget Session 2021: cag reporter says this time state government also fight for balance budget
मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत - फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो

ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण-गैरसैंण में नया बजट पेश करने की तैयारी कर रही सरकार के सामने चुनौती लगातार बढ़ रही है। कैग की ओर से जारी किया गया जनवरी 2021 तक का लेखा जोखा बता रहा है कि एक माह में सरकार के सामने करीब 40 प्रतिशत बजट खर्च करने का दबाव है। 31 मार्च तक सरकार को करीब 27 प्रतिशत की कमाई अभी करनी है। 

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कोरोना के कारण हुए लॉकडाउन की वजह से सबसे अधिक फर्क सरकार की विकास योजनाओं पर हो रहे खर्च पर पड़ा है। सरकार ने विकास योजनाओं के लिए जितने खर्च का अनुमान लगाया था, 31 जनवरी तक उसका करीब एक तिहाई ही खर्च कर पाई। 
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राहत की बात यह रही कि सरकार को केंद्रीय अनुदान का अधिकतर पैसा मिल गया। ऐसे में आय कम होते हुए भी सरकार को बाजार उधारी की तरफ नहीं जाना पड़ा। कैग रिपोर्ट से इसकी पुष्टि भी हो रही है। इससे सरकार को कर्मचारियों के वेतन, पेंशन और अन्य मदों में खर्च के लिए पैसे की कमी के दबाव का भी सामना नहीं करना पड़ा। 

इससे यह भी साबित हो रहा है कि वित्त विभाग को इस बार ‘मार्च बुखार’ का सामना भी करना पड़ सकता है। इसका मतलब यह हुआ कि मार्च माह में विभाग अधिक से अधिक खर्च करने के दबाव में रहेंगे। इस पर कैग पहले भी सवाल उठाता रहा है। यह भी देखने में आया है कि विभाग पैसा खर्च न होने के कारण बजट को समर्पित करने के लिए भी मजबूर हुए हैं। इस बार भी यह संभावना बन रही है। 

वर्ष 2020-21 का बजट

आय का अनुमान लगाया था सरकार ने  - जनवरी तक मिला  -   प्रतिशत 
राजस्व- 42439.33            -           27010.96       -   63.65
केंद्रीय अनुदान- 16481.81    -         2157.88       -     70.92
कुल आय-  54087.45          -        29168.84      -    53.93

बजट में खर्च का अनुमान      -            जनवरी तक का खर्च -  प्रतिशत
कुल खर्च-53835.92             -         29149.71     -        54.15
राजस्व खर्च-44461.09        -           26023.68       -     58.53
विकास कार्य -9374.83        -             3126.03      -      33.34

पूंजीगत परिव्यय बढ़ाया, खर्च करने की चुनौती अब बरकरार

ग्रीष्मकालीन राजधानी भराड़ीसैंण में सरकार इस बार तीन मार्च को करीब 59 हजार करोड़ रुपये का बजट पेश करने की तैयारी कर रही है। इसमें विकास योजनाओं के लिए करीब 13 हजार करोड़ रुपये का बजट रखा जा रहा है।

कैग रिपोर्ट से सामने आए आंकड़ों को देखे तो चुनावी वर्ष में सरकार को इस पूंजीगत परिव्यय के अधिकतम खर्च के दबाव का सामना करना होगा। कोरोना के कारण वित्तीय वर्ष 2020-21 में सरकार ने जितना सोचा था जनवरी माह तक उसका एक तिहाई ही खर्च कर पाई।

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