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नवाबगंज में जुलूस के दौरान बवाल, 25 घायल
Updated Thu, 13 Oct 2016 01:42 AM IST
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hungama
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मोहर्रम के जुलूस के दौरान जिले में कई जगह बवाल हुआ। सबसे ज्यादा बवाल थाना नवाबगंज के रसूला तालिब हुसैन गांव में हुआ, वहां दो समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए। यहां शुरुआत ताजियों के जुलूस पर एक ईंट फेंके जाने से हुई। पथराव और फायरिंग में दोनों पक्षों के 25 से ज्यादा लोग घायल हो गए। डीएम और एसएसपी के आश्वासन पर चार घंटे बाद ताजिये करबला की ओर रवाना किए जा सके। बहेड़ी के सीकरी गांव में ताजिये निकलवाने को पीपल के पेड़ की डालियां कटवाने की मांग के विपरीत सड़क खुदवाकर विवाद खत्म कराने की प्रशासन की कोशिश से गुस्साए ताजियेदारों ने जाम लगाते हुए वाहनों में तोड़फोड़ की। थाने पर भी पत्थर फेंके। भोजीपुरा में भी ताजियेदारों ने हंगामा किया।
बुधवार को दोपहर करीब तीन बजे रसूला तालिब हुसैन गांव के प्राथमिक स्कूल के पास चौराहे पर ताजिये खड़े थे। एक बड़ा ताजिया आगे था, दो छोटे उसके पीछे थे। जुलूस में अलम भी शामिल थे। जुलूस को यहां से स्कूल के पीछे होकर सेंथल की करबला जाना था। चौराहे से आगे दूसरे समुदाय की बस्ती शुरू हो जाती है। चौराहे के पास ही शोभाराम के मकान में करीब 40-50 लोग जमा होकर ताजियों का जुलूस देख रहे थे। मातम और मर्सियों के बीच जुलूस में शामिल लोग चौराहे से आगे बढ़ गए।
इस बीच किसी ने एक ईंट ताजिये पर फेंकी जो जुलूस में शामिल लोगों को आकर लगी। इसके बाद बवाल शुरू हो गया। दोनों पक्षों के लोगों में जमकर मारपीट, पथराव और फायरिंग होने लगी। छर्रे लगने और पथराव की वजह से एक पक्ष के झम्मनलाल, उनका बेटा रमेश, पत्नी रामबेटी, पुत्रवधू रितु, गेंदनलाल यादव, ओमकार, रामबहादुर यादव और दूसरे पक्ष के अनवार, ताहिर, आमिर, कलीम, रहीसउद्दीन, सगीर अहमद, शमशुद्दीन, अब्दुल मुस्तफा, जान मोहम्मद, ताज मोहम्मद, मुन्ने, मोहम्मद वाहिद, रुमाल शाह समेत 25 लोग जख्मी हो गए। घायलों में पांच को ज्यादा चोट लगी है, उन्हें इलाज के लिए पहले सीएचसी और फिर जिला अस्पताल भेजा गया। अफसरों ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना।
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घटना की सूचना पर आसपास के कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई। एसपी देहात और एडीएम प्रशासन ने पुलिस फोर्स की मदद से घायलों को अस्पताल भिजवा दिया। दूसरे पक्ष पर ताजिया को धक्का देकर गिराने का आरोप लगाते हुए जुलूस में शामिल लोगों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि वह ताजिये करबला नहीं लेकर जाएंगे। देर शाम करीब सात बजे डीएम पंकज यादव और एसएसपी आरके भारद्वाज ने मौके पर पहुंचकर खुराफात करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कराने का आश्वासन देकर ताजिया उठवाकर करबला भिजवा दिया। इस मामले में इफ्तिखार हुसैन की ओर से 15 लोगों को नामजद करते हुए 50-60 अन्य लोगों के खिलाफ तहरीर दी गई है।
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जिन शहरों में घटनाएं होने की सूचना मिली है, उनके अधिकारियों से बातचीत की गई है। सभी को शांति बनाए रखने के लिए पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं। - राहुल भटनागर, मुख्य सचिव।
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बुधवार को दोपहर करीब तीन बजे रसूला तालिब हुसैन गांव के प्राथमिक स्कूल के पास चौराहे पर ताजिये खड़े थे। एक बड़ा ताजिया आगे था, दो छोटे उसके पीछे थे। जुलूस में अलम भी शामिल थे। जुलूस को यहां से स्कूल के पीछे होकर सेंथल की करबला जाना था। चौराहे से आगे दूसरे समुदाय की बस्ती शुरू हो जाती है। चौराहे के पास ही शोभाराम के मकान में करीब 40-50 लोग जमा होकर ताजियों का जुलूस देख रहे थे। मातम और मर्सियों के बीच जुलूस में शामिल लोग चौराहे से आगे बढ़ गए।
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इस बीच किसी ने एक ईंट ताजिये पर फेंकी जो जुलूस में शामिल लोगों को आकर लगी। इसके बाद बवाल शुरू हो गया। दोनों पक्षों के लोगों में जमकर मारपीट, पथराव और फायरिंग होने लगी। छर्रे लगने और पथराव की वजह से एक पक्ष के झम्मनलाल, उनका बेटा रमेश, पत्नी रामबेटी, पुत्रवधू रितु, गेंदनलाल यादव, ओमकार, रामबहादुर यादव और दूसरे पक्ष के अनवार, ताहिर, आमिर, कलीम, रहीसउद्दीन, सगीर अहमद, शमशुद्दीन, अब्दुल मुस्तफा, जान मोहम्मद, ताज मोहम्मद, मुन्ने, मोहम्मद वाहिद, रुमाल शाह समेत 25 लोग जख्मी हो गए। घायलों में पांच को ज्यादा चोट लगी है, उन्हें इलाज के लिए पहले सीएचसी और फिर जिला अस्पताल भेजा गया। अफसरों ने जिला अस्पताल पहुंचकर घायलों का हाल जाना।
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घटना की सूचना पर आसपास के कई थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई। एसपी देहात और एडीएम प्रशासन ने पुलिस फोर्स की मदद से घायलों को अस्पताल भिजवा दिया। दूसरे पक्ष पर ताजिया को धक्का देकर गिराने का आरोप लगाते हुए जुलूस में शामिल लोगों ने हंगामा करना शुरू कर दिया। उनका कहना था कि वह ताजिये करबला नहीं लेकर जाएंगे। देर शाम करीब सात बजे डीएम पंकज यादव और एसएसपी आरके भारद्वाज ने मौके पर पहुंचकर खुराफात करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कराने का आश्वासन देकर ताजिया उठवाकर करबला भिजवा दिया। इस मामले में इफ्तिखार हुसैन की ओर से 15 लोगों को नामजद करते हुए 50-60 अन्य लोगों के खिलाफ तहरीर दी गई है।
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जिन शहरों में घटनाएं होने की सूचना मिली है, उनके अधिकारियों से बातचीत की गई है। सभी को शांति बनाए रखने के लिए पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए गए हैं। - राहुल भटनागर, मुख्य सचिव।