{"_id":"5acbb1294f1c1be26b8b4aae","slug":"dalit-youth-beaten-to-death-in-land-dispute","type":"story","status":"publish","title_hn":"जमीन के विवाद में दलित युवक की पीट कर हत्या","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
जमीन के विवाद में दलित युवक की पीट कर हत्या
कन्नौज, उत्तर प्रदेश
Updated Tue, 10 Apr 2018 12:00 AM IST
विज्ञापन
परिजनों से पूछताछ करते एसपी किरीट राठौड व थाना पुलिस।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जमीन पर कब्जे के विवाद में पड़ोसी दबंगों ने दलित युवक की लाठी-डंडों से पीटकर हत्या कर दी। हमलावरों ने उसकी पत्नी और बेटी को भी पीटा। वारदात को अंजाम देकर आरोपी भाग निकले। पूरे मामले में गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस की लापरवाही भी सामने आई है। जांच के दौरान एसपी ने मौके पर गुरसहायगंज कोतवाली प्रभारी को फटकार भी लगाई। मृतक के भाई ने दंपति समेत तीन के खिलाफ हत्या की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव झूंसीनागर निवासी रामनिवास दोहरे (38) के छोटे भाई रवि कुमार दोहरे ने पड़ोस में रहने वाली किरन भदौरिया पत्नी नरवेश भदौरिया को पांच साल पहले पांच बीघा जमीन बेची थी। मामले में रामनिवास ने नरवेश पर फर्जीवाड़ा का आरोप लगाकर मुकदमा दायर किया था। कोर्ट ने स्टे दे दिया था। तब से दोनों पक्षों में विवाद चल रहा है। बताते हैं कि शनिवार को भी दोनों पक्षों में विवाद हुआ। आरोपियों ने राम निवास के साथ मारपीट कर दी।
आरोपियों पर कार्रवाई के लिए रामनिवास कोतवाली और चौकी के चक्कर लगा रहा था। इसी रंजिश में नरवेश ने गांव के ही साथी अभिषेक व पत्नी किरन के साथ सोमवार सुबह रामनिवास पर हमला कर दिया। घर के बाहर बचाने पहुंची पत्नी कुसमा देवी व बेटी सोनम को भी पीटा। गांव के लोग मौके पर जुटे भी लेकिन किसी ने भी नरवेश की दबंगई का विरोध तक नहीं किया। यूपी 100 के सिपाही अशोक कुमार और नित्य प्रकाश मौके पर पहुंचे।
विज्ञापन
राम निवास को गुरसहायगंज के एक नर्सिंगहोम ले गए। यहां उसने दम तोड़ दिया। वारदात के बाद आरोपी भाग निकले। सूचना पर एसपी किरीट कुमार राठौड़, सीओ सिटी लक्ष्मीकांत गौतम और कोतवाल राजबहादुर सिंह पहुंचे और मामले की जांच पड़ताल शुरू की। मामले में लापरवाही पर एसपी ने कोतवाल को जमकर फटकार लगाई। गुरसहायगंज कोतवाली में मृतक के भाई राजीव कुमार की तहरीर पर किरन भदौरिया, नरवेश भदौरिया और साथी अभिषेक के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अधीक्षक किरीट कुमार राठौड़ ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
पुलिस गंभीर होती, तो न होती वारदात
मलिकपुर/गुरसहायगंज। युवक की हत्या में गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस यदि पहले चेत जाती तो घटना न होती। शनिवार को भी आरोपियों ने मृतक को बेरहमी से पीटा था। पीड़ित परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ तहरीर भी दी थी, लेकिन पुलिस ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई। यही कारण रहा कि आरोपी बेखौफ हो गए और सोमवार सुबह पूरे परिवार हमला कर दिया और पीट पीट कर राम निवासी की हत्या कर दी। इससे पीड़ित परिवार के लोगों में पुलिस की कार्यशैली के प्रति आक्रोश है।
चार भाइयों में सबसे बड़ा था राम निवास
मलिकपुर। मृतक राम निवास चार भाईयों में सबसे बड़ा था। पिता वंशीलाल की मौत के बाद परिवार की जिम्मेदारी थी उस पर। छोटे भाई राजीव, रवि, राम सेवक की शादी नही हुई है। तीन भाईयों के अलावा दो बेटियों और दो बेटो के पालन-पोषण की भी जिम्मेदारी राम निवास पर थी। उसकी मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट आ गया है। राम निवास के शव से लिपट-लिपट कर पूरा परिवार रो रहा था।
तनावपूर्ण स्थिति में एसएसपी ने संभाली कमान
मलिकपुर। सरेआम गांव में हुई हत्या के बाद पुलिस सजगता बरत रही है। मामले में पुलिस की लापरवाही को लेकर परिजनों और ग्रामीणों में कोतवाली पुलिस के खिलाफ हत्या के बाद आक्रोश था। यही कारण था कि पुलिस घटनास्थल पर पहुंचने को लेकर डरी हुई थी। साहस जुटाकर मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस को देखकर लोगों में आक्रोश था। इसी बीच पुलिस अधीक्षक किरीट कुमार राठौड़ पहुंच गए। उन्होंने परिजनों से पूछताछ कर कोतवाल को जमकर फटकार लगाते हुए सीओ सदर को मामले की जांच कर कार्रवाई की बात कही।
विज्ञापन
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के गांव झूंसीनागर निवासी रामनिवास दोहरे (38) के छोटे भाई रवि कुमार दोहरे ने पड़ोस में रहने वाली किरन भदौरिया पत्नी नरवेश भदौरिया को पांच साल पहले पांच बीघा जमीन बेची थी। मामले में रामनिवास ने नरवेश पर फर्जीवाड़ा का आरोप लगाकर मुकदमा दायर किया था। कोर्ट ने स्टे दे दिया था। तब से दोनों पक्षों में विवाद चल रहा है। बताते हैं कि शनिवार को भी दोनों पक्षों में विवाद हुआ। आरोपियों ने राम निवास के साथ मारपीट कर दी।
विज्ञापन
आरोपियों पर कार्रवाई के लिए रामनिवास कोतवाली और चौकी के चक्कर लगा रहा था। इसी रंजिश में नरवेश ने गांव के ही साथी अभिषेक व पत्नी किरन के साथ सोमवार सुबह रामनिवास पर हमला कर दिया। घर के बाहर बचाने पहुंची पत्नी कुसमा देवी व बेटी सोनम को भी पीटा। गांव के लोग मौके पर जुटे भी लेकिन किसी ने भी नरवेश की दबंगई का विरोध तक नहीं किया। यूपी 100 के सिपाही अशोक कुमार और नित्य प्रकाश मौके पर पहुंचे।
विज्ञापन
राम निवास को गुरसहायगंज के एक नर्सिंगहोम ले गए। यहां उसने दम तोड़ दिया। वारदात के बाद आरोपी भाग निकले। सूचना पर एसपी किरीट कुमार राठौड़, सीओ सिटी लक्ष्मीकांत गौतम और कोतवाल राजबहादुर सिंह पहुंचे और मामले की जांच पड़ताल शुरू की। मामले में लापरवाही पर एसपी ने कोतवाल को जमकर फटकार लगाई। गुरसहायगंज कोतवाली में मृतक के भाई राजीव कुमार की तहरीर पर किरन भदौरिया, नरवेश भदौरिया और साथी अभिषेक के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस अधीक्षक किरीट कुमार राठौड़ ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
पुलिस गंभीर होती, तो न होती वारदात
मलिकपुर/गुरसहायगंज। युवक की हत्या में गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस यदि पहले चेत जाती तो घटना न होती। शनिवार को भी आरोपियों ने मृतक को बेरहमी से पीटा था। पीड़ित परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ तहरीर भी दी थी, लेकिन पुलिस ने कोई गंभीरता नहीं दिखाई। यही कारण रहा कि आरोपी बेखौफ हो गए और सोमवार सुबह पूरे परिवार हमला कर दिया और पीट पीट कर राम निवासी की हत्या कर दी। इससे पीड़ित परिवार के लोगों में पुलिस की कार्यशैली के प्रति आक्रोश है।
चार भाइयों में सबसे बड़ा था राम निवास
मलिकपुर। मृतक राम निवास चार भाईयों में सबसे बड़ा था। पिता वंशीलाल की मौत के बाद परिवार की जिम्मेदारी थी उस पर। छोटे भाई राजीव, रवि, राम सेवक की शादी नही हुई है। तीन भाईयों के अलावा दो बेटियों और दो बेटो के पालन-पोषण की भी जिम्मेदारी राम निवास पर थी। उसकी मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट आ गया है। राम निवास के शव से लिपट-लिपट कर पूरा परिवार रो रहा था।
तनावपूर्ण स्थिति में एसएसपी ने संभाली कमान
मलिकपुर। सरेआम गांव में हुई हत्या के बाद पुलिस सजगता बरत रही है। मामले में पुलिस की लापरवाही को लेकर परिजनों और ग्रामीणों में कोतवाली पुलिस के खिलाफ हत्या के बाद आक्रोश था। यही कारण था कि पुलिस घटनास्थल पर पहुंचने को लेकर डरी हुई थी। साहस जुटाकर मौके पर पहुंची कोतवाली पुलिस को देखकर लोगों में आक्रोश था। इसी बीच पुलिस अधीक्षक किरीट कुमार राठौड़ पहुंच गए। उन्होंने परिजनों से पूछताछ कर कोतवाल को जमकर फटकार लगाते हुए सीओ सदर को मामले की जांच कर कार्रवाई की बात कही।