विराट कोहली का दावा- एक-डेढ़ साल में साबित हो जाएगा क्या है टीम इंडिया
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टीम इंडिया बुधवार को मुंबई से दक्षिण अफ्रीका के कड़े दौरे के लिए रवाना हो गई है। विराट कोहली के नेतृत्व वाली टीम को तीन टेस्ट, 6 वन-डे और तीन टी20 इंटरनेशनल मैचों की सीरीज खेलना है।
टीम इंडिया के कप्तान विराट कोहली और रवि शास्त्री ने रवाना होने से पहले मीडिया के बातचीत की, जिसमें उन्होंने विदेश में खेलने की चुनौती, दक्षिण अफ्रीका की परिस्थिति और टीम की मानसिक स्थिति व अन्य मुद्दों पर बातचीत की।
विराट कोहली ने अपनी टीम के गेंदबाजी आक्रमण के बारे में कहा, 'गेंदबाजी काफी आगे आ चुकी है। बल्लेबाजी आगे आ चुकी है। हम पिछली बार से भी बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश करेंगे। हमारे पास इतिहास रचने का शानदार मौका है।
विदेशी दौरे के बारे में कोहली ने कहा, 'जब आप दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड या ऑस्ट्रेलिया जैसी जगहों का दौरा करते हैं तो चुनौती लेने की जरुरत होती है। आप ऐसी जगहों पर एक बार जाते हैं, फिर लंबे समय तक नहीं जा पाते। इसलिए दक्षिण अफ्रीका दौरा हमारे लिए बड़ा मौका है।
एक से डेढ़ साल इस भारतीय टीम को परिभाषित करेगा
दक्षिण अफ्रीका की परिस्थितियों के बारे में टीम इंडिया के कप्तान ने कहा, 'परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण होगी, लेकिन ये एक से डेढ़ साल इस भारतीय टीम को परिभाषित करेगा और पूरी टीम इससे अवगत है। यह सब बल्लेबाज की मानसिकता पर निर्भर है। अगर आप अच्छी सोच में नहीं है तो कोई भी परिस्थिति मुश्किल है। इसलिए यह जरूरी है कि आप चुनौतियां ले और फिर सभी परिस्थितियां घरेलू स्थितियों जैसी लगती हैं।'
हमारे लिए देश का प्रतिनिधित्व करना सबसे प्रतिष्ठित बात है। हम जानते हैं कि एक टीम के रूप में क्या चाहिए। जब आप परिस्थितियों को जानते हैं कि ज्यादा चुनौतीपूर्ण हैं तो आपको ज्यादा संतुष्टि मिलती है। मगर जीत से आपको ज्यादा संतुष्टि मिलती है, फिर यह मायने नहीं रखता कि आप कहां खेल रहेहो। हम अपने आप को साबित करने के लिए खुद पर दबाव बना लेते हैं।'
टीम इंडिया के खिलाड़ियों की फिटनेस से बेहद खुश हैं कोहली
अंडर-19 वर्ल्ड कप टीम के बारे में कोहली ने कहा, 'हमने कुछ समय से पृथ्वी शॉ का नाम सुना है। रवि शास्त्री ने मुझे उनके खेल के बारे में बताया कि कैसे उन्होंने फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में बेहतरीन पारियां खेली। उन्होंने अपने से अनुभवी खिलाड़ियों के सामने भी कप्तानी की जिम्मेदारी सौंपी गई। इससे उनकी क्षमता का पता चलता है। जिस तरह आपको मौके मिले, जैसे मीडिया कवरेज, लाइव टेलीकास्ट, उन्हें इसकी रिस्पेक्ट करते हुए अपने खेल का स्तर बढ़ाना चाहिए। उन्हें इसका दबाव नहीं लेना चाहिए, जिससे उनके प्रदर्शन पर बुरा असर पड़े। उन्हें अपने खेल का आनंद लेना चाहिए।'
अश्विन के प्रयोग के बारे में बात करते हुए कोहली ने कहा, 'अश्विन अनुभवी गेंदबाज हैं और वो प्रयोग करना पसंद करते हैं। वो अपनी गेंदबाजी में एक और मिश्रण जोड़ना चाहते हैं।'
टीम की फिटनेस और वर्क एथिक्स के बारे में कप्तान ने कहा, 'क्रिकेटर का करियर 10-15 साल का होता है। फिटनेस में बदलाव से नतीजों पर असर पड़ा है। मुझे खुशी है कि हमारी टीम के खिलाड़ी बिना किसी आपाधापी के आगे बढ़ रहे हैं। मुझे अपनी टीम की क्षमता पर कोई संदेह नहीं है। हम सही दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।'