भले ही बांग्लादेशी क्रिकेट टीम हड़ताल खत्म करके भारत दौरे के लिए अभ्यास में जुट गई हो, लेकिन अनुभवी खिलाड़ी शकिब-अल-हसन बड़ी परेशानी में फंस गए हैं। यहां तक कि बोर्ड उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी करने की तैयारी कर रहा है। बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड ने टेस्ट और टी-20 कप्तान शकिब को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है।
2 of 5
बांग्लादेशी खिलाड़ियों की हड़ताल
- फोटो : ट्विटर
दरअसल शकिब ने ग्रामीणफोन टेलीकॉम कंपनी के साथ डील करके बोर्ड के नियम और शर्त का उल्लघंन किया था, जिसके बाद बोर्ड को ऐसा कदम उठाना पड़ा। बोर्ड के अध्यक्ष नजमुल हसन ने कहा कि अगर शकिब ने संतोषजनक जवाब नहीं दिया तो उनके खिलाफ कड़ा कदम उठाया जाएगा।
3 of 5
Shakib Al Hasan
- फोटो : social Media
स्थानीय टेलीकॉम कंपनी ने 22 अक्टूबर को घोषणा की थी कि देश के नंबर एक ऑलराउंडर शकिब अल हसन बतौर ब्रांड एंम्बेसडर उनसे जुड़ रहे हैं, इसके बाद क्रिकेटर्स के हड़ताल पर जाने के एक दिन बाद दोनों के बीच इस समझौते पर मुहर लग गई। अनुबंध के मुताबिक खिलाड़ी किसी टेलीकॉम इंडस्ट्री से करार नहीं कर सकते क्योंकि रॉबी टेलीकॉम बांग्लादेश क्रिकेट टीम का टाइटल स्पॉन्सर है।
यहां तक कि मंत्रालय ने भी कहा था बिना उनकी जानकारी के टेलीकॉम कंपनी से किसी तरह का समझौता न किया जाए, हालांकि यह सब कागजातों पर हैं तो कैसे शकिब ने बिना हमें जानकारी दिए एंग्रीमेंट किया, उन्होंने समय पर भी सवाल उठाए. उन्होंने सबका ध्यान खींचते हुए कहा कि इनका साहस देखिए, ये ऐसे समय पर किया गया, जब हड़ताल के कारण क्रिकेट नहीं खेला जा रहा है।
बोर्ड अध्यक्ष ने कहा कि जैसे ही 23 अक्टूबर को उन्होंने यह खबर सुनी, उन्होंने कंपनी को मुआवजे के लिए नोटिस भेजा, साथ ही शकिब को भी कारण बताओं नोटिस भेजा गया। अगले महीने बांग्लादेशी टीम को भारत का दौरा करना है, लेकिन उससे पहले बांग्लादेश खिलाड़ी और बोर्ड का इस तरह अपनी ही परेशानियों में व्यस्त रहना कई सवाल भी खड़े करता है।