{"_id":"5a3b456d4f1c1b6a118b9381","slug":"sachin-tendulkar-speech-on-right-to-play-in-rajyasabha","type":"story","status":"publish","title_hn":"'राइट टू प्ले' पर पहली बार आज राज्यसभा में बोलेंगे सांसद सचिन तेंदुलकर","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
'राइट टू प्ले' पर पहली बार आज राज्यसभा में बोलेंगे सांसद सचिन तेंदुलकर
डिजिटल स्पोर्ट्स टीम- अमर उजाला
Updated Thu, 21 Dec 2017 11:10 AM IST
विज्ञापन
sachin tendulkar
- फोटो : File
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
टीम इंडिया के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी भारत रत्न सचिन तेंदुलकर आज संसद भवन में भाषण देते नजर आएंगे। गौरतलब है कि 2012 में सांसद मनोनीत होने के बाद सचिन की राज्यसभा में ये पहला भाषण होगा। राज्यसभा में सचिन 'राइट टू प्ले' के मुद्दे पर चर्चा करेंगे। इसके लिए उन्हें दोपहर 2 बजे का समय मिला है।
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि अपने भाषण के दौरान देश में खेल और खिलाड़ियों को लेकर व्यवस्था, ओलंपिक की तैयारियों और किस तरह भारतीय खिलाड़ी दुनियाभर में अच्छा प्रदर्शन कर सकते है इस पर अपने विचार रखेंगे। इसके अलावा सचिन इस पर भी बात कर सकते हैं कि जो खिलाड़ी देश के लिए मेडल जीतते हैं, उन्हें रिटायरमेंट के बाद काफी कम पैसा मिलता है। इस दौरान सचिन स्कूली शिक्षा में खेल को एक सिलेबस के तौर पर पेश किए जाने को लेकर भी चर्चा करेंगे।
विज्ञापन
पढ़ें-- सचिन के 'घर' में मिली थीं ऐसी चीजें, जिसे देखने के बाद मच गया था हड़कंप
विज्ञापन
बता दें कि हाल में सचिन ने राज्यसभा सांसद के तौर पर महाराष्ट्र के एक गांव दोंजा को गोद लिया है। वो अभी हाल ही में वो गांव में पहुंचे भी थे। इस दौरान सचिन ने घोषणा कि की वो अपने सांसद निधि कोष से इस गांव के लिए 4 करोड़ रुपये देंगे। मालूम हो कि आदर्श सांसद ग्राम योजना के तहत ये सचिन का दूसरा गांव था।
बता दें कि पिछले कुछ सत्रों में सचिन और अभिनेत्री रेखा के संसद भवन में अनुपस्थिति को लेकर का सवाल उठता रहा है। पिछले सत्र में नरेश अग्रवाल ने कहा था कि जब सचिन और रेखा सदन में आते ही नहीं हैं, तो क्यों नहीं उनकी सदस्यता रद्द कर उन्हें सदन से निकाल दिया जाए।
इस दौरान उन्होंने ये भी कहा था कि यदि हम विजय माल्या को सदन से निकाल सकते हैं तो इन्हें क्यों नहीं। मालूम हो कि सचिन तेंदुलकर और रेखा दोनों ही 2012 में सदन में मनोनीत हुए थे। जिसके बाद से अभी तक करीब 348 दिनों में सचिन ने सिर्फ 23 दिन और रेखा ने मात्र 18 दिन ही सदन में रहें।