भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच विशाखापट्नम में खेले जा रहे पहले टी-20 मैच में युवा लेग स्पिनर मयंक मार्कंडेय को मौका दिया गया है। इसके साथ ही उनका अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में खेलने का सपना साकार हुआ और वह टीम इंडिया के 79वें टी-20 क्रिकेटर बन गए।
मयंक मार्कंडेय का सपना हुआ साकार, बने टीम इंडिया के 79वें टी-20 क्रिकेटर
हाल ही में पहली बार भारतीय टी-20 अंतरराष्ट्रीय टीम में चयन के बाद पंजाब के लेग स्पिनर मयंक मार्कंडेय ने बताया था कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि उनका चयन भारतीय टीम में इतना जल्दी हो जाएगा।
अपने चयन से कुछ घंटे पहले ही मयंक ने इंग्लैंड लॉयंस के खिलाफ दूसरे अनऑफिशियल टेस्ट में 31 रन देकर 5 विकेट झटकते हुए भारत-ए को पारी और 68 रन से जीत दिलाने में अहम योगदान दिया था। मयंक ने पिछले कुछ महीनों से शानदार प्रदर्शन दिखाया है, अब उन्हें इसका इनाम भारतीय टीम में जगह के तौर पर मिला है।
चयन के बाद मार्कंडेय ने कहा, 'नेशनल टीम में चयन होना किसी खिलाड़ी के करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि है। सच कहूं तो मुझे इसकी उम्मीद नहीं थी। मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं इतना जल्दी नेशनल टीम में शामिल हो पाऊंगा। मैं खुद को वास्तव में भाग्यशाली मानता हूं।' उन्होंने आगे कहा, 'चयनकर्ताओं ने देखा होगा कि रणजी ट्रॉफी के साथ-साथ मेरा प्रदर्शन भारत ए के लिए सार्थक रहा है। मैं वास्तव में खुश हूं कि उन्होंने मुझे खुद को साबित करने का मौका दिया है।'
बता दें कि इस युवा खिलाड़ी ने मयंक ने अब तक 7 प्रथम श्रेणी मैचों में 21.26 के औसत से 34 विकेट लिए हैं, जिनमें तीन बार पारी में पांच विकेट लेना शामिल है। इसके अलावा उन्होंने 22 लिस्ट-ए मैचों में 19.97 की औसत से 45 विकेट झटके हैं।