{"_id":"d183a254-7c58-11e2-9052-d4ae52bc57c2","slug":"india-australia-test-series-starting-today","type":"story","status":"publish","title_hn":"ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ कड़े इम्तिहान का आगाज","category":{"title":"Cricket News","title_hn":"क्रिकेट न्यूज़","slug":"cricket-news"}}
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ कड़े इम्तिहान का आगाज
चेन्नई/ब्यूरो
Updated Fri, 22 Feb 2013 12:29 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मेजबान भारत शुक्रवार से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ यहां चार टेस्ट मैचों की सीरीज का पहला मैच खेलने के लिए उतरेगा। हाल ही में इंग्लैंड के खिलाफ घरेलू सीरीज में शिकस्त खाने वाली भारतीय टीम के लिए यह सीरीज एक कठिन अग्निपरीक्षा के समान है।
विज्ञापन
पिछले साल ऑस्ट्रेलिया ने अपने घर में भारत को 4-0 से करारी शिकस्त दी थी। भारत के पास उस करारी हार का बदला लेने का बढ़िया मौका है। हालांकि इंग्लैंड सीरीज की तरह इस सीरीज को बदले की सीरीज नहीं कहा जा रहा है क्योंकि पिछली घरेलू सीरीज में मिली हार के बाद अब कोई भी टीम इंडिया को जीत का पक्का दावेदार नहीं मान रहा है। दोनों ही टीमें युवा खिलाड़ियों के साथ इस महासंग्राम में उतर रही हैं। ऑस्ट्रेलिया ने अपने अंतिम एकादश की घोषणा पहले ही कर दी है जबकि टीम इंडिया अंतिम एकादश पर अंतिम फैसला आखिरी वक्त में लेगी।
विज्ञापन
कप्तानों की टक्कर
भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की निगाहें पिछले खराब प्रदर्शन को भुलाकर जोरदार वापसी करने पर होंगी। पिछले 17 टेस्ट में उन्हें 10 में हार का मुंह देखना पड़ा है। वहीं, ऑस्ट्रेलियाई कप्तान माइकल क्लार्क के सामने भारत में खुद को साबित करने का मौका होगा। ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज पेसर ग्लेन मैक्ग्रा भी इस सीरीज को धोनी और क्लार्क के लिए बेहद अच्छा मान रहे हैं। लेकिन उनका कहना है कि यह सीरीज सबसे ज्यादा अहम धोनी के लिए है क्योंकि पिछली दो सीरीज में उन्हें करारी शिकस्त मिली है। पिछले साल के रिकॉर्ड को देखें तो ऑस्ट्रेलियाई कप्तान धोनी से कहीं ज्यादा आगे हैं।
विज्ञापन
बदले तेवर में
वीरेंद्र सहवाग इस बार बदले तेवर में दिखेंगे। उन्होंने अपनी फिटनेस के साथ-साथ अपनी तकनीक और रिफलेक्शन पर काम किया है। अपनी नजरों को पैनापन देने के लिए उन्होंने चश्मा लगाकर अभ्यास किया है। गौतम गंभीर की गैरमौजूदगी में अब देखना है कि कप्तान धोनी उनके साथी के रूम में शिखर धवन और मुरली विजय में से किस पर भरोसा जताते हैं।
सचिन पर निगाहें
सचिन ने पिछली 35 पारियों से एक भी शतक नहीं जमाया है लेकिन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वह भारत की ओर से सर्वाधिक रन बनाने बल्लेबाज हैं। साथ ही उन्होंने रणजी मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन के साथ अपने फार्म में लौटने के संकेत भी दे दिए हैं।
पेस बनाम स्पिन
मेहमान टीम ने स्पिनरों से इतर अपने पेसरों पर भरोसा जताया है और तीन तेज गेंदबाजों जबकि एक मीडियम पेसर आलराउंडर को टीम में जगह दी है। ऐसे में भारतीय टीम की रणनीति पीटर सिडल, मिचेल जानसन, जेम्स पैटिनसन, मिचेल स्टार्क और माइसिस हेनरिक्स के पेस को थामने पर होगी। भारतीय टीम अपने तीन विशेषज्ञ स्पिनर हरभजन सिंह, आर अश्विन और प्रज्ञान ओझा के बूते ऑस्ट्रेलियाई आक्रमण पर हमले करने को तैयार है।
वैसे टीम प्रबंधन दो स्पिनर और दो मीडियम पेसर की रणनीति के साथ मैदान में उतरेगा या तीन स्पिनरों के साथ। इसका पता आखिरी वक्त में ही लगेगा। अपना 100वां टेस्ट मैच का इंतजार कर रहे हरभजन सिंह अंतिम एकादश में जगह पाने के लिए बेचैन होंगे। यह देखना दिलचस्प होगा कि उनका यह इंतजार खत्म होता है कि नहीं।
मिलेगी रिवर्स स्विंग
एमए चिदंबरम स्टेडियम की पिच वैसे तो हमेशा से ही धीमी मानी जाती है। लेकिन बाद में तेज गेंदबाज यहां रिवर्स स्विंग की उम्मीद कर सकते हैं।
पिछले साल का प्रदर्शन
एमएस धोनी:
8 टेस्ट, 3 जीते, 4 हारे, 1 ड्रा, 447 रन, 1 सेंचुरी
खासियत : कैप्टन कूल हैं, दबाव में आपा नहीं खोते, बदलाव के पल में युवाओं को भरोसा दिलाते
कमजोरी : खुद का प्रदर्शन चिंताजनक, वन-डे में रणनीति बनाने में माहिर पर टेस्ट में हो जाते फिसड्डी
माइकल क्लार्क:
11 टेस्ट, 8 जीते, 1 हारे, 3 ड्रा, 1595 रन, 5 सेंचुरी
खासियत : आक्रामक कप्तान, खुद पर विश्वास रखते हुए बड़ी पारियों खेलने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ते
कमजोरी : युवा खिलाड़ियों पर ज्यादा भरोसा करना, नतीजतन दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 47 रन पर लुढ़क गई थी टीम
स्पिनरों का दबदबा
- पिछले दो अभ्यास मैचों में ऑस्ट्रेलिया के 23 विकेट गिरे, जिसमें 20 विकेट स्पिनरों ने लपके।
- 2001 से भारतीयों ने ऑस्ट्रेलिया के 398 विकेट झटके, जिसमें से 299 विकेट स्पिनरों के नाम रहे।
‘ऑस्ट्रेलियाई टीम में टीम इंडिया को हराने का माद्दा है। कप्तान धोनी पर ज्यादा दबाव होगा।’
- डेविड वार्नर
‘ऑस्ट्रेलिया को 4-0 से शिकस्त देगा भारत। भारत को भारत में हराना आसान नहीं है।’
- हरभजन सिंह
भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया
कुल मैच: 82 टेस्ट, 20 भारत जीता, 38 ऑस्ट्रेलिया जीता
भारत में: 42 टेस्ट, 15 भारत जीता, 12 ऑस्ट्रेलिया जीता
चेपक में: 30 टेस्ट, 12 भारत जीता, 06 ऑस्ट्रेलिया जीता
सर्वोच्च स्कोर
भारत 705/5
ऑस्ट्रेलिया 674 रन
सर्वाधिक विकेट
111 विकेट: अनिल कुंबले
सर्वाधिक व्यक्तिगत स्कोर
281 रन: वीवीएस लक्ष्मण
329*: माइकल क्लार्क