Duleep Trophy: 4...4...0...आउट! दलीप ट्रॉफी डेब्यू पर वैभव सूर्यवंशी महज छह गेंद ही टिक सके, किसने किया आउट?
महज 15 साल के वैभव सूर्यवंशी का दलीप ट्रॉफी डेब्यू उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा। नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ क्वार्टर फाइनल में ईस्ट जोन के लिए खेलते हुए वैभव ने अपनी पहली पारी में छह गेंदों पर आठ रन बनाए। उन्होंने लगातार दो चौके लगाए, लेकिन अगली गेंदों में संभल नहीं सके और गली में कैच देकर पवेलियन लौट गए।
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नॉर्थ ईस्ट जोन के खिलाफ क्वार्टर फाइनल के पहले दिन वैभव ईस्ट जोन की पारी के दूसरे ओवर में बल्लेबाजी करने आए। बिशवोरजीत कोन्थूजाम के इस ओवर की शुरुआती दो गेंदों पर उन्होंने कोई रन नहीं बनाया। इसके बाद वैभव ने लगातार दो गेंदों पर चौके जड़कर अपने अंदाज की झलक दिखाई। पहले उन्होंने मिडविकेट के ऊपर से शानदार फ्लिक खेला और अगली गेंद पर स्क्वायर ड्राइव लगाकर बाउंड्री हासिल की। पांचवीं गेंद को उन्होंने संभलकर छोड़ दिया, लेकिन छठी गेंद पर वह अपना विकेट गंवा बैठे। वैभव गेंद को गली की दिशा में खेलने की कोशिश में एज दे बैठे और कैच हो गए। इस तरह उनका दलीप ट्रॉफी डेब्यू छह गेंदों में आठ रन पर खत्म हो गया। उन्हें बिशवोरजीत ने जोसेफ लालथनकुमा के हाथों कैच कराया।
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फर्स्ट क्लास क्रिकेट में अब भी संघर्ष
वैभव ने बेहद कम उम्र में फर्स्ट क्लास क्रिकेट में कदम रख दिया था, लेकिन इस प्रारूप में उनका प्रदर्शन अभी तक बहुत प्रभावशाली नहीं रहा है। दलीप ट्रॉफी मुकाबले से पहले वह फर्स्ट क्लास क्रिकेट की 12 पारियों में 17.25 की औसत से रन बना चुके थे और उनके नाम सिर्फ एक अर्धशतक था। उनके दलीप ट्रॉफी में उपकप्तान बनाए जाने पर भी सवाल उठे थे। कुछ लोगों का मानना था कि वैभव को इतनी जल्दी रेड बॉल क्रिकेट के बड़े मंच पर लाया जा रहा है। उनका शुरुआती प्रदर्शन भी बताता है कि इस प्रारूप में उन्हें अभी काफी कुछ सीखना है।
वैभव ने सिर्फ 12 साल की उम्र में रणजी ट्रॉफी डेब्यू किया था। 2024 में मुंबई के खिलाफ अपने पहले रणजी मैच में उन्होंने 19 और 12 रन बनाए थे। इसके बाद आंध्र प्रदेश और छत्तीसगढ़ के खिलाफ अगले दो मैचों में वह कुल 20 रन ही बना सके। हालांकि, नवंबर 2025 में मेघालय के खिलाफ उन्होंने रेड बॉल क्रिकेट में अपना पहला अर्धशतक लगाया था। पहली पारी में उन्होंने महज 67 गेंदों पर 93 रन की तेजतर्रार पारी खेली थी।
यूथ टेस्ट में दिखाया है दम
फर्स्ट क्लास क्रिकेट में संघर्ष के बावजूद वैभव ने यूथ टेस्ट में अपनी प्रतिभा का बेहतर प्रदर्शन किया है। अब तक 10 पारियों में उन्होंने 331 रन 33.10 की औसत से बनाए हैं। उनके नाम दो शतक और एक अर्धशतक भी दर्ज है। दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन की कप्तानी ईशान किशन कर रहे हैं। अगर टीम नॉर्थ ईस्ट जोन को हराकर क्वार्टर फाइनल जीतती है, तो अगले दौर में उसका सामना सेंट्रल जोन से होगा। ऐसे में वैभव के सामने रेड बॉल क्रिकेट में खुद को साबित करने का एक और मुश्किल मौका होगा।