फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Columns ›   Literature ›   thought of Famous American science-fiction writer Ray Bradbury

'जो काम मुख्यधारा का लेखन नहीं करता, वह साइंस फिक्शन करती है'

Tue, 05 Dec 2017 03:16 PM IST
रे ब्रैडबेरी, अमेरिकी विज्ञान-कथा लेखक
रे ब्रैडबेरी, अमेरिकी विज्ञान-कथा लेखक Updated Tue, 05 Dec 2017 03:16 PM IST
विज्ञापन
thought of Famous American science-fiction writer Ray Bradbury
Ray Bradbury - फोटो : Reuters
मैं विज्ञान-कथा (साइंस फिक्शन) लिखता हूं, जो विचारों का गल्प है। विचार मुझे उत्तेजित करते हैं और जैसे ही मैं उत्तेजित होता हूं, मैं उन विचारों से ही ऊर्जा प्राप्त करता हूं। किसी भी विचार को लेकर जब साइंस फिक्शन मस्तिष्क में पैदा होती है, जिसका अब तक कोई अस्तित्व नहीं था, तो जल्दी ही वह हर किसी के लिए सब कुछ बदल देती है। कुछ भी पहले की तरह नहीं रहता।
विज्ञापन


जैसे ही आपके मन में ऐसा कोई विचार आए, जो दुनिया के कुछ हिस्से को बदलने की क्षमता रखता है, तो समझ लीजिए कि आप साइंस फिक्शन लिख रहे हैं। यह हमेशा संभावनाओं की कला है, असंभावनाओं की नहीं। कल्पना कीजिए कि अगर अपने लेखन की शुरुआत में मेरे मन में एक ऐसी स्त्री की कहानी लिखने का विचार आता, जिसने एक गोली निगल कर कैथोलिक चर्च को नष्ट कर दिया, जिससे महिलाओं की मुक्ति का मार्ग प्रशस्त हुआ, तो लोग उस कहानी पर हंसते, लेकिन वह कहानी संभावनाओं के दायरे में होती और संभवतः महान साइंस फिक्शन होती।
विज्ञापन


जो काम मुख्यधारा का लेखन नहीं करता, वह साइंस फिक्शन करती है, क्योंकि मुख्यधारा के लेखक हमारी संस्कृति में पिछले पचास वर्षों के दौरान आए बदलावों पर ध्यान नहीं देते। हमारे समय के महत्वपूर्ण विचारों-चिकित्सा में विकास, हमारी प्रजाति के उन्नयन के लिए अंतरिक्ष खोज के महत्व- की मुख्यधारा के लेखन में उपेक्षा की गई। आलोचक अक्सर गलत होते हैं या समय से बीस साल पीछे होते हैं। विचारों के गल्प की उपेक्षा क्यों होनी चाहिए?
विज्ञापन
विज्ञापन


-मशहूर अमेरिकी विज्ञान-कथा लेखक
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed