फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Columns ›   Literature ›   Biography of Alice Munro- Canadian short story writer who won the Nobel Prize in Literature

'घृणा की एक भी बूंद आपकी छवि बदरंग कर देगी'

Fri, 06 Apr 2018 04:12 AM IST
एलिस मुनरो
एलिस मुनरो Updated Fri, 06 Apr 2018 04:12 AM IST
विज्ञापन
Biography of Alice Munro- Canadian short story writer who won the Nobel Prize in Literature
Alice Munro

यह बिल्कुल सच है कि जब मैं छोटी थी, तो लेखन मुझे इतना महत्वपूर्ण लग रहा था कि मैं इसके लिए कुछ भी बलिदान करने को तैयार थी। क्योंकि मैं अपने सृजन की दुनिया के बारे में सोचती थी कि वह हमारी इस वास्तविक दुनिया की तुलना में कहीं ज्यादा जीवंत है। लेखन का कार्य बेहद कठिन होता है, लेकिन जितना ज्यादा आप लिखते हैं और उसमें जितना ज्यादा आनंद लेते हैं, वह उतना ही बेहतर होता है।

विज्ञापन


आम तौर पर कहानी लिखने से पहले मुझे कहानी की पूरी जानकारी होती है। जब मैं नियमित रूप से लिखती हूं, तो कहानियां मेरे जेहन में कौंधती रहती हैं। मैं चाहती हूं कि मेरी कहानियां लोगों को आनंद के उच्च स्तर पर ले जाए। मैं चाहती हूं कि मेरी कहानियां जीवन के बारे में बताएं। यह जरूरी नहीं कि कहानियों का अंत सुखद ही हो, लेकिन अगर पाठक कहानी खत्म करे, तो वह स्वयं को कुछ अलग महसूस करे।
विज्ञापन


मैं स्वयं कहानी को हमेशा शुरू से अंत तक नहीं पढ़ती हूं। मैं कहीं से भी पढ़ना शुरू कर देती हूं। कहानी सड़क की तरह नहीं होती, बल्कि घर की तरह होती है, जिसके भीतर आप जाते हैं और थोड़ी देर के लिए वहां ठहरते हैं। अपने घर में भी मैं अक्सर छिपने की जगह ढूंढती हूं, कभी-कभी बच्चों से, तो अक्सर बाकी कामों से।
विज्ञापन
विज्ञापन


मैं इसलिए छिपना चाहती हूं, ताकि अपना असली काम (लेखन) कर सकूं, जो अपने आंतरिक हिस्से को खुश करना है। मेरी मां अक्सर कहती थी, नफरत हमेशा पाप होती है। आपकी आत्मा में घृणा का एक भी बूंद होगी, तो वह आपकी छवि बदरंग कर देगी, जैसे काली स्याही दूध को कर देती है।
-नोबेलजयी कनाडाई लेखिका

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed