फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Columns ›   Blog ›   independence day 2024: Indian culture and nation

स्वतंत्रता दिवस विशेष: भारतीय संस्कृति से झांकती जीवंत साहित्य और जीवन दर्शन की परंपरा

Wed, 14 Aug 2024 03:20 PM IST
Maya Kulshreshtha माया कुलश्रेष्ठ
Updated Wed, 14 Aug 2024 03:20 PM IST
सार

भारत दुनिया में दूसरा वह देश है जहां करीब 780 विभिन्न भाषाएं बोली जाती हैं। कला का संवाद इतना मजबूत है की भाषा कोई भी हो सभी राज्यों को जोड़ देता है क्योंकि नवरस के आधार पर मनुष्य समझ ही जाता है, फिर इस बात के साक्षी है हमारी पौराणिक गाथाएं हैं।

विज्ञापन
independence day 2024: Indian culture and nation
भारत दुनिया में दूसरा वह देश है जहां करीब 780 विभिन्न भाषाएं बोली जाती हैं। - फोटो : Istock

विस्तार

संस्कृति शब्द का अर्थ ही सम्यक कृति यह शब्द आभास देता है एकता की भावना की अगर बात भारतीय संस्कृति की हो तो यह विश्व की प्राचीनतम संस्कृतियों में से एक है यह उतनी ही प्राचीन है जितना रोम, मिश्र चीन इत्यादि किसी भी देश के लिए किसी भी व्यक्ति के लिए वह धरोहर है जिसे जानकर उसे आत्मसम्मान और पहचान मिलती है यह एक दिन में बनने वाला शब्द नहीं है यह इतिहास है जो हजारों सालों में बनता है।

विज्ञापन

भारतीय कला एवं इतिहास 

भारतीय कलाओं का इतिहास कहा जाता है कि जब से है सबसे जीवन है तब से नृत्य संगीत चित्रकला इस पृथ्वी पर है ऐसा कहा और सुना ही नहीं जाता इनके साक्ष्य भी हमारे समक्ष है कलाओं के शास्त्र जिसे भरत मुनि द्वारा रचित किया गया जिसे पंचम वेद भी कहा जाता है आज से 2000 साल पहले लिखा गया इसमें कला का इतिहास जग जाहिर है फिर बात हड़प्पा की  खुदाई में पाई जाने वाली नृत्य की मुद्रा में में पाई जाने वाली मूर्ति हो या दक्षिण के मंदिरों में पाई जाने वाली वह मूर्तियां जिनमे नृत्य एवं नृत्य शास्त्र से संबधित नृत्य मुद्रा में पाई जाने वाली मूर्तियां हो,हजारों साल पहले हमें वह साक्ष्य देखने को मिलते हैं इनमें अलंकित है। 

विज्ञापन

भारतीय संस्कृति और राष्ट्रीय एकता 

भारत दुनिया में दूसरा वह देश है जहां करीब 780 विभिन्न भाषाएं बोली जाती हैं। कला का संवाद इतना मजबूत है की भाषा कोई भी हो सभी राज्यों को जोड़ देता है क्योंकि नवरस के आधार पर मनुष्य समझ ही जाता है, फिर इस बात के साक्षी है हमारी पौराणिक गाथाएं हैं वह किसी भी भाषा में कह गए हो किसी भी राज्य से आए हो पर सभी उनसे अवगत है।

विज्ञापन
विज्ञापन

 

भारतीय कलाओं का नवीनीकरण कला में नवीनीकरण अनिवार्य पर यह शर्त है कि  कला की आत्मा पर प्रहार ना हो आजकल आधुनिकता के रंग में लोक एवं शास्त्र दोनों ही स्वरूप बदल चुके हैं सोचने वाली बात यह है क्या उस्ताद जाकिर हुसैन, पंडित बिरजू, महाराज पंडित, राजन साजन, जिन दिग्गज कलाकारों को आज के समय में हम देखते हैं और सुन सकते हैं क्या उन्होंने कला के नवीनीकरण को नहीं गड़ा।


उन्होंने भी किया नवीनीकरण पर वह नवीनीकरण दर्शकों को कला के आनंद को देना था वह नवीनीकरण था भारतीय कला का प्रसार-प्रचार करने का उसके सौंदर्य बोध को निखारने का ना कि उनके अस्तित्व पर प्रहार करने का देखा जाता है की लोकगीत, सूफी एक फ्यूजन बन चुके हैं कथक में कहानी का अस्तित्व द्रुत लय की लयकारी ने ले लिया है।

समझने की बात यह है कि कला का अर्थ सिर्फ दर्शकों की ताली या अब इंटरनेट पर उपलब्ध फॉलोअर्स से नहीं वह हमारी कहानी है हमारी परंपरा है उसका नवीनीकरण उतना ही सहज रखें जिसमें कला की आत्मा समाप्त न हो। 

भारत और भारतीयता का अर्थ सनातन सत्ता हमारी संस्कृति हमारी पहचान है कहा जाता है की संस्कृत हमारी सभी भाषाओं की जननी है पर विलुप्त हो रही है। संस्कृत व भाषा है जिसके बिना भारतीय भाषाओं का इतिहास लिखा ही नहीं जा सकता संस्कृत वैदिक भाषा है इसीलिए इसे देव भाषा भी कहा जाता है परंतु सभी भाषाओं को समृद्धि देते देते यात्रा में संस्कृत का अपना अस्तित्व ही विलुप्त हो गया।

अब हम हिंदी भाषी हैं, पर हिंदी भी कमतर  समझी जाती है भारतीय संस्कृति, भाषा को  सहेजना एक राष्ट्रीय चुनौती है। भारतीय संस्कृति में जीवंत साहित्य है, जीवन दर्शन है, आयुर्वेद है, वीर गाथा है उन्हें इस स्वरूप में समझाना और जानना जीवन के सौंदर्य को बढ़ाना है, यही भारत की गरिमा है।



डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यह लेखक के निजी विचार हैं। आलेख में शामिल सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है। अपने विचार हमें blog@auw.co.in पर भेज सकते हैं। लेख के साथ संक्षिप्त परिचय और फोटो भी संलग्न करें।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed