{"_id":"8d6a29146c379630108e772f87f56022","slug":"teachers-rally-cencelled-chief-minister-hope-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मुख्यमंत्री के आश्वासन पर अध्यापकों की रैली रद्द","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मुख्यमंत्री के आश्वासन पर अध्यापकों की रैली रद्द
लुधियाना/ब्यराे/अमर उजाला
Updated Sun, 23 Nov 2014 10:21 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे अध्यापकों ने मुख्यमंत्री से मिले आश्वासन के बाद रविवार की रैली रद्द कर दी। सीएम से मुलाकात के दौरान उन्होंने जिला प्रशासन को चंडीगढ़ दफ्तर के साथ तालमेल कर 30 नवंबर को अध्यापकों की मीटिंग बुलाई है।
अध्यापक यूनियन के सदस्यों ने कहा कि अगर तीस नवंबर तक प्रशासन ने उनकी मीटिंग मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल से न कराई तो दोबारा राज्यस्तरीय रैली का आयोजन किया जाएगा।
एसएसए रमसा यूनियन के जिला प्रधान अमन दीप सिंह ददाहुर ने कहा कि राज्य में लगभग 14 हजार अध्यापक बीते छह साल से अलग-अलग स्कूलों में काम कर रहे हैं। तीन साल के बाद रेगुलर करने की नीति के बावजूद पंजाब सरकार ने इन अध्यापकों को रेगुलर करने संबंधी कोई मीटिंग नहीं बुलाई गई।
विज्ञापन
इसके विरोध में यूनियन ने 23 नवंबर को राज्यस्तरीय रैली करने का निर्णय लिया था। प्रशासन की ओर से 22 नवंबर को पीएयू में कमेटी के कुछ सदस्यों की मुख्यमंत्री बादल के साथ मुलाकात कराई गई। सदस्यों ने सीएम के सामने अपनी मांगों को रखा।
उन्होंने डिप्टी कमिश्नर को यूनियन के नेताओं और चंडीगढ़ दफ्तर के साथ संपर्क कर मुख्यमंत्री के साथ पैनल समेत मीटिंग कराने के निर्देश दिए। इसके बाद मुख्यमंत्री के आश्वासन पर टीचर यूनियन के सदस्यों ने रैली रद्द कर दी। इस दौरान अंकुश शर्मा, अमन शर्मा, जगजीत सिंह, जगमोहन सिंह, मनराज सिंह, अमरिंदर सिंह, मुकेश कुमार, नवनीत कौर और गुरप्रीत कौर मौजूद थे।
विज्ञापन
अध्यापक यूनियन के सदस्यों ने कहा कि अगर तीस नवंबर तक प्रशासन ने उनकी मीटिंग मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल से न कराई तो दोबारा राज्यस्तरीय रैली का आयोजन किया जाएगा।
विज्ञापन
एसएसए रमसा यूनियन के जिला प्रधान अमन दीप सिंह ददाहुर ने कहा कि राज्य में लगभग 14 हजार अध्यापक बीते छह साल से अलग-अलग स्कूलों में काम कर रहे हैं। तीन साल के बाद रेगुलर करने की नीति के बावजूद पंजाब सरकार ने इन अध्यापकों को रेगुलर करने संबंधी कोई मीटिंग नहीं बुलाई गई।
विज्ञापन
इसके विरोध में यूनियन ने 23 नवंबर को राज्यस्तरीय रैली करने का निर्णय लिया था। प्रशासन की ओर से 22 नवंबर को पीएयू में कमेटी के कुछ सदस्यों की मुख्यमंत्री बादल के साथ मुलाकात कराई गई। सदस्यों ने सीएम के सामने अपनी मांगों को रखा।
उन्होंने डिप्टी कमिश्नर को यूनियन के नेताओं और चंडीगढ़ दफ्तर के साथ संपर्क कर मुख्यमंत्री के साथ पैनल समेत मीटिंग कराने के निर्देश दिए। इसके बाद मुख्यमंत्री के आश्वासन पर टीचर यूनियन के सदस्यों ने रैली रद्द कर दी। इस दौरान अंकुश शर्मा, अमन शर्मा, जगजीत सिंह, जगमोहन सिंह, मनराज सिंह, अमरिंदर सिंह, मुकेश कुमार, नवनीत कौर और गुरप्रीत कौर मौजूद थे।