{"_id":"688b93d16680ad6105041b6b","slug":"former-mla-brother-murdered-by-contract-killing-in-raigarh-2025-07-31","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"Murder In Chhattisgarh: रायगढ़ में पूर्व विधायक के भाई की सुपारी देकर हत्या, तीन आरोपी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Murder In Chhattisgarh: रायगढ़ में पूर्व विधायक के भाई की सुपारी देकर हत्या, तीन आरोपी गिरफ्तार
Thu, 31 Jul 2025 09:51 PM IST
अनुज कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, रायगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, रायगढ़
Published by: अनुज कुमार
Updated Thu, 31 Jul 2025 09:51 PM IST
सार
रायगढ़ में जेल में बंद शिव साहू ने एक लाख रुपये की सुपारी देकर पूर्व विधायक के भाई जयपाल सिदार की हत्या कराई। पुलिस ने शुभम गुप्ता, कमलेश यादव और मदन गोपाल सिदार को गिरफ्तार कर शव बरामद किया और हत्या का मामला दर्ज किया।
विज्ञापन
आरोपी गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में अवैध संबंध के शक में जेल में बंद हत्या के आरोपी ने एक लाख की सुपारी देकर कांगे्रस के पूर्व विधायक के छोटे भाई की हत्या कराने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया है।
विज्ञापन
मिली जानकारी के मुताबिक लैलूंगा विधानसभा क्षेत्र के कांगे्रस के पूर्व विधायक चक्रधर सिदार के छोटे भाई जयपाल सिदार (43 वर्ष) (ग्राम पंचायत पाकरगांव के सचिव) 07 जुलाई को अपनी स्विफ्ट डिजायर कार क्रमांक सीजी 12 बीए 6453 से अपने बच्चों को स्कूल छोड़ने गए थे। इसी बीच रहस्यमय ढंग से वह लापता हो गए थे। परिजनों ने अगले दिन 08 जुलाई को लैलूंगा थाने में गुम इंसान के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शुरूआती खोजबीन में कोई सुराग नही मिलने पर एक टीम गठित करके लापता जयपाल सिदार की पतासाजी की जा रही थी।
विज्ञापन
एक लाख रूपये में दी हत्या की सुपारी
पुलिस ने जयपाल सिदार की मोबाइल लोकेशन, सीसीटीवी फुटेज व अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के विश्लेषण के साथ तफ्तीश तेज की। इस दौरान तीन युवकों शुभम गुप्ता, कमलेश यादव और मदन गोपाल सिदार की गतिविधियाँ संदिग्ध पाई गईं। पूछताछ में आरोपी शुभम गुप्ता ने चैंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया की रायगढ़ के फुटहामुडा निवासी शिव साहू ने, जो कि पहले से हत्या मामले में जेल में बंद है। 6 महीने पहले पेरोल पर आकर जयपाल सिदार से पुरानी रंजिश के चलते उसकी हत्या के लिए 1 लाख रूपये की देने की बात कही थी।
विज्ञापन
सात जुलाई को दिये 10 हजार रुपये
मुख्य आरोपी शुभम जो कि जयपाल सिदार के साथ ही आवास मित्र के रूप में काम करता था उसने जून माह में अपने दो साथियों के साथ हत्या की योजना बनाई और 3 जुलाई को शिव साहू से पुनः पेरोल पर लौटने पर जयपाल की हत्या की बात हुई और शिव से 10 हजार रूपये एडंवास उसी दिन लिया। हत्या की योजना के तहत 7 जुलाई की सुबह जयपाल सिदार को कोतबा जाने के बहाने बुलाया गया।
चलती कार में गमछे से की हत्या
शुभम, कमलेश और मदन गोपाल तीनों आरोपी जयपाल सिदार के ही कार में सवार होकर जशपुर रोड की ओर निकले और रास्ते में गमछा से गला कसकर चलती कार में ही उनकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को कार में छिपाकर आरोपी कई स्थानों पर घूमे और फिर थाना धरमजयगढ़ क्षेत्र के सिसरिंगा घाटी में शव फेंक दिया। मोबाईल को मैनपाट के जंगल में फेंका गया और पकड़े जाने के डर से गाड़ी का नंबर प्लेट हटाकर लाखा के पास सडक किनारे खडी कर आरोपी फरार हो गए। साक्ष्य मिटाने की नीयत से हत्या में प्रयुक्त गमछा को भी जला दिया गया।
पुलिस ने कल घटनास्थल से शव को बरामद कर पोस्टमार्टम कराया और मृतक की शिनाख्त के बाद मामला हत्या में तब्दील कर लिया। धरमजयगढ़ थाना चारो आरोपियों के खिलाफ में भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 238, 61(2), 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है।