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छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव परिणाम 2018: ये हैं रमन सिंह की हार के 5 बड़े कारण
चुनाव डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
Updated Wed, 12 Dec 2018 04:42 AM IST
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Raman Singh
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छत्तीसगढ़ में 15 वर्षों के राजनीतिक वनवास को खत्म कर सत्ता में लौटने की राह देख रही कांग्रेस का सपना पूरा हो गया है। चुनाव मतगणना के रुझानों के मुताबिक कांग्रेस पार्टी राज्य में बहुमत हासिल कर लिया है। इसके साथ ही चौथी बार सत्ता हासिल करने की भाजपा की उम्मीदों पर पानी फिर गया। अपनी जीत को लेकर आश्वस्त भाजपा रमन सिंह के लिए यह नतीजे अप्रत्याशित हैं।
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गौरतलब है कि राज्य में पिछले विधानसभा चुनाव की तरह ही करीब 76 फीसदी मत पड़े हैं। लेकिन, पिछले तीन चुनाव से उलट इस बार कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रह चुके अजीत जोगी की नई पार्टी, बसपा और भाकपा के गठबंधन ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया।
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गठबंधन ने भाजपा को पहुंचाया नुकसान
राज्य में मायावती की बहुजन समाजवादी पार्टी (बसपा और), अजित जोगी की पार्टी जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जकांछ) और भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) के गठबंधन ने चुनावन नतीजों को प्रभावित किया है। इस गठबंधन के चुनावी मैदान में आने के बाद भाजपा के रणनीतिकारों भी कुछ ऐसे ही नतीजों की आस लगाए बैठे थे।
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अनुमान के बावजूद भाजपा नहीं रोक पाई नुकसान
भाजपा के रणनीतिकारों का अनुमान था कि माया, जोगी और सीपीआई के गठबंधन को यदि आठ फीसदी तक वोट मिलते हैं तो भाजपा फिर से सत्ता हासिल कर लेगी। लेकिन इसके उलट उनका यह अनुमान था कि यदि गठबंधन का वोट प्रतिशत 10 फीसदी को पार कर गया तो पार्टी के लिए वापसी की राह भी मुश्किल हो सकती है।
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गौरतलब है कि राज्य में पिछले विधानसभा चुनाव की तरह ही करीब 76 फीसदी मत पड़े हैं। लेकिन, पिछले तीन चुनाव से उलट इस बार कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रह चुके अजीत जोगी की नई पार्टी, बसपा और भाकपा के गठबंधन ने मुकाबले को दिलचस्प बना दिया।